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चाचा-भतीजे की सरयू में डूबकर मौत
अमर उजाला ब्यूरो/बहराइच
Updated Sat, 16 Apr 2016 10:56 PM IST
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सरयू किनारे लगी भीड़
- फोटो : अमर उजाला
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खेत की मड़ाई करते समय शनिवार दोपहर में गर्मी लगने पर सरयू नदी के बगहा घाट पर स्नान करते समय चाचा-भतीजे की डूबकर मौत हो गई। मौके पर पहुंचे एसएसबी के जवान व स्थानीय गोताखोरों ने कड़ी मशक्कत के बाद नदी से दोनों के शवों को बाहर निकाला। सूचना मिलने पर परिवारीजन बिलखते हुए मौके पर पहुंचे। इसके बाद प्रशासनिक व पुलिस के अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए। लाशाें को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
कोतवाली नानपारा अंतर्गत परसोहना गांव निवासी कुलदीप की ननिहाल मोतीपुर थाना अंतर्गत बगहा गांव में है। ननिहाल में खेत व अन्य संपत्तियां मिली हुई हैं। जिसमें कुलदीप व परिवार के अन्य सदस्य खेतीबाड़ी करते थे। खेत में लगे गेहूं की फसल दो दिन पूर्व काटी गई थी।
उसकी मड़ाई करने के लिए कुलदीप (18) पुत्र कल्लू पाल ने अपने भतीजे गुड्डू उर्फ संजय (18) पुत्र रामादल पाल को ट्रैक्टर थ्रेसर के साथ बुलाया था। शनिवार सुबह गुड्डू ट्रैक्टर थ्रेसर लेकर सरयू तट के निकट स्थित खेत में पहुंचा। मड़ाई का कार्य शुरू हुआ। दोपहर में चिलचिलाती धूप में गर्मी लगने पर सभी ने मड़ाई का कार्य रोक दिया। मजदूर पेड़ की छांव में सुस्ताने लगे।
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तभी चाचा-भतीजे गर्मी अधिक होने की बात कहकर स्नान करने के लिए सरयू नदी की ओर चल पड़े। दोनों साथ ही स्नान करने लगे। इसी दौरान पैर फिसलने से कुलदीप नदी के कुंड में डूबने लगा। गुड्डू ने बचाने की कोशिश की तो वह भी गहरे पानी में चला गया। चीख पुकार सुनकर मजदूर व खेतों में काम कर रहे लोग दौड़े। लेकिन तब तक दोनों डूब चुके थे। सूचना पाकर ग्राम प्रधान रामसरन व गांव के लोग मौके पर पहुंचे।
प्रधान ने तत्काल तहसील और मोतीपुर थाने को सूचना दी। थानाध्यक्ष डीपी कुशवाहा जालिमनगर चौकी इंचार्ज शशिभूषण, एसडीएम अमिताभ यादव, तहसीलदार जसीम अहमद, लेखपाल शिवकुमार भी आननफानन मौके पर आ गए। जालिमनगर से स्थानीय गोताखोरों को बुलाया गया। एसएसबी के गोताखोर भी खोजबीन में लगाए गए।
शाम चार बजे के आसपास चाचा-भतीजे के शव नदी के कुंड से गोताखोरों ने निकाला। शव निकलते ही परिवारीजन बिलख उठे। लाशों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। एसडीएम ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। उधर नदी में डूबे लोगों की तलाश करने वाले गोताखोरों को प्रधान रामसरन ने 500 रुपये का पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया।
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कोतवाली नानपारा अंतर्गत परसोहना गांव निवासी कुलदीप की ननिहाल मोतीपुर थाना अंतर्गत बगहा गांव में है। ननिहाल में खेत व अन्य संपत्तियां मिली हुई हैं। जिसमें कुलदीप व परिवार के अन्य सदस्य खेतीबाड़ी करते थे। खेत में लगे गेहूं की फसल दो दिन पूर्व काटी गई थी।
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उसकी मड़ाई करने के लिए कुलदीप (18) पुत्र कल्लू पाल ने अपने भतीजे गुड्डू उर्फ संजय (18) पुत्र रामादल पाल को ट्रैक्टर थ्रेसर के साथ बुलाया था। शनिवार सुबह गुड्डू ट्रैक्टर थ्रेसर लेकर सरयू तट के निकट स्थित खेत में पहुंचा। मड़ाई का कार्य शुरू हुआ। दोपहर में चिलचिलाती धूप में गर्मी लगने पर सभी ने मड़ाई का कार्य रोक दिया। मजदूर पेड़ की छांव में सुस्ताने लगे।
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तभी चाचा-भतीजे गर्मी अधिक होने की बात कहकर स्नान करने के लिए सरयू नदी की ओर चल पड़े। दोनों साथ ही स्नान करने लगे। इसी दौरान पैर फिसलने से कुलदीप नदी के कुंड में डूबने लगा। गुड्डू ने बचाने की कोशिश की तो वह भी गहरे पानी में चला गया। चीख पुकार सुनकर मजदूर व खेतों में काम कर रहे लोग दौड़े। लेकिन तब तक दोनों डूब चुके थे। सूचना पाकर ग्राम प्रधान रामसरन व गांव के लोग मौके पर पहुंचे।
प्रधान ने तत्काल तहसील और मोतीपुर थाने को सूचना दी। थानाध्यक्ष डीपी कुशवाहा जालिमनगर चौकी इंचार्ज शशिभूषण, एसडीएम अमिताभ यादव, तहसीलदार जसीम अहमद, लेखपाल शिवकुमार भी आननफानन मौके पर आ गए। जालिमनगर से स्थानीय गोताखोरों को बुलाया गया। एसएसबी के गोताखोर भी खोजबीन में लगाए गए।
शाम चार बजे के आसपास चाचा-भतीजे के शव नदी के कुंड से गोताखोरों ने निकाला। शव निकलते ही परिवारीजन बिलख उठे। लाशों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। एसडीएम ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। उधर नदी में डूबे लोगों की तलाश करने वाले गोताखोरों को प्रधान रामसरन ने 500 रुपये का पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया।