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सेनानी की पेंशन में धोखाधड़ी

Mon, 01 Oct 2018 11:17 PM IST
Updated Mon, 01 Oct 2018 11:17 PM IST
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सेनानी की पेंशन में धोखाधड़ी
गिलौला (बहराइच)। कमोलिया गांव निवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी राम औतार की 1985 में मौत हो गई थी। राम औतार की साली ने जालसाजी कर दस्तावेजों में अपने को स्वतंत्रता संग्राम सेनानी की पत्नी के रूप में दर्ज करवा दिया।
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32 साल से वह पेंशन ले रही है। अब तक करोड़ों का वारा-न्यारा हो चुका है। इस मामले में सेनानी के पुत्रों के प्रार्थनापत्र पर न्यायालय ने कार्रवाई के आदेश दिए हैं।
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इस पर पयागपुर पुलिस ने सेनानी की साली और साजिश रचने वाले उसके दो पुत्रों के खिलाफ धोखाधड़ी की धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

कोतवाली देहात के कमोलिया गांव निवासी रामऔतार ने आजादी की लड़ाई में बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया था। राम औतार की पत्नी संपता उर्फ नईका की 1975 में मौत हो गई थी।
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राम औतार ने अकेले अपने पुत्रों परमेश्वर, रामेश्वरे और सोहनालाल का पालन पोषण किया। 1985 में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी राम औतार ने भी अंतिम सांस ली। उनके तीनों पुत्र घर गृहस्थी संभालने में व्यस्त हो गए।

इसी दौरान राम औतार की सगी साली पयागपुर के सेवढ़ा गांव निवासी नईका उर्फ बेचना पत्नी भरोसे ने अपने पुत्रों साधूराम और हरिद्वार के सहयोग से राजस्व अभिलेखों में अपने को जीजा रामऔतार की पत्नी के रूप में दर्ज करवा लिया।

इसके बाद वह सेनानी आश्रित की पेंशन पाने लगी। अरसा बाद जब इसकी भनक राम औतार के पुत्रों को हुई तो सभी सकते में आ गए। पुत्रों ने जिले के अधिकारियों के यहां प्रार्थना पत्र दिया, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। मामला बीतता रहा।

32 साल गुजर गए। परेशान पुत्रों ने इस मामले में न्यायालय की शरण ली। एसीजेएम के न्यायालय पर तीनों पुत्रों ने सामूहिक रूप से प्रार्थना पत्र दिया।

न्यायालय ने जब मामले को देखा तो थाने से रिपोर्ट तलब की। मामला फर्जी देख न्यायालय ने पयागपुर थाने में केस दर्ज कर विवेचना करने के निर्देश दिए।

न्यायालय के आदेश पर पयागपुर पुलिस ने मृतक सेनानी की साली नईका उर्फ बेचना व उनके पुत्र साधूराम व हरिद्वार के खिलाफ धारा 419, 420, 467, 468 व 471 के तहत केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू की है।

थानाध्यक्ष पयागपुर बृजेश कुमार पांडेय ने बताया कि मामला काफी गंभीर है। विवेचना खुटेहना चौकी इंचार्ज जितेंद्र राय को सौंपी गई है। न्यायालय को भी मामले से अवगत करा दिया गया है। केस दर्ज होने के बाद से आरोपी फरार हैं। उनकी तलाश में दबिश दी जा रही है।


उपनाम का फायदा उठाकर हासिल की पेंशन
कमोलिया ग्राम पंचायत के परिवार रजिस्टर नकल में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी राम औतार की पत्नी का नाम संपता उर्फ नईका के रूप में दर्ज है।

जबकि पयागपुर के सेवढ़ा शविदहा निवासी भरोसे की पत्नी के रूप में भी संपता की सगी बहन नईका का नाम अंकित है। इसी का फायदा उठाकर सेनानी की साली ने जीजा की पत्नी बनकर अब तक सेनानी आश्रित की पेंशन हासिल की।

अब तक विवेचना में फर्जीवाड़े का पूरी तरीके से लगभग खुलासा हो चुका है। इस मामले में सेनानी कार्यालय को भी पत्र भेजा गया है।
-बृजेश कुमार पांडेय, थानाध्यक्ष
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