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डकैती में 10 साल की कैद
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 20 Sep 2016 10:27 PM IST
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शहर में 2004 में हुई डकैती के मामले में सुनवाई करते हुए अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने आरोपी को 10 साल के सश्रम कारावास और 10 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड अदा न करने पर उसे चार माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
कोतवाली देहात के मोहल्ला नईबस्ती नाजिरपुरा निवासी अनवार अहमद खां के घर 16 अक्तूबर 2004 की रात बदमाशों ने धावा बोलकर लूटपाट की थी। विरोध करने पर अनवार अहमद और उनकी पत्नी को लोहे की राड, कट्टा से मारापीटा था। चीख पुकार पर पहुंचे मोहल्ले के लोगों ने कुछ बदमाशों की पहचान की थी।
उसी के आधार पर 17 अक्तूबर को कोतवाली देहात में तहरीर दी गई। तहरीर में अनवार अहमद ने नेबुआरी गांव निवासी राजू पुत्र महादेव लोध समेत 8-10 बदमाशों के खिलाफ केस दर्ज कराया था। रामगांव पुलिस ने आरोपी राजू को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
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इसी मामले में मंगलवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश नरेंद्र कुमार ने सुनवाई की। बहस सुनने के बाद अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने राजू को 10 साल के सश्रम कारावास और 10 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई।
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कोतवाली देहात के मोहल्ला नईबस्ती नाजिरपुरा निवासी अनवार अहमद खां के घर 16 अक्तूबर 2004 की रात बदमाशों ने धावा बोलकर लूटपाट की थी। विरोध करने पर अनवार अहमद और उनकी पत्नी को लोहे की राड, कट्टा से मारापीटा था। चीख पुकार पर पहुंचे मोहल्ले के लोगों ने कुछ बदमाशों की पहचान की थी।
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उसी के आधार पर 17 अक्तूबर को कोतवाली देहात में तहरीर दी गई। तहरीर में अनवार अहमद ने नेबुआरी गांव निवासी राजू पुत्र महादेव लोध समेत 8-10 बदमाशों के खिलाफ केस दर्ज कराया था। रामगांव पुलिस ने आरोपी राजू को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
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इसी मामले में मंगलवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश नरेंद्र कुमार ने सुनवाई की। बहस सुनने के बाद अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने राजू को 10 साल के सश्रम कारावास और 10 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई।