{"_id":"131-84603","slug":"Bahraich-84603-131","type":"story","status":"publish","title_hn":"बैंक प्रबंधक ने छीन लिए 8 हजार रुपये ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बैंक प्रबंधक ने छीन लिए 8 हजार रुपये
Bahraich
Updated Sat, 30 Aug 2014 05:30 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मटेराचौराहा (बहराइच)। क्षेत्र की इलाहाबाद बैंक शाखा से एक किसान ने शुक्रवार दोपहर अपने खाते से नकदी निकाली और तभी बैंक प्रबंधक ने उससे आठ हजार रुपये छीन लिए। ग्रामीण के परिवारीजन और गांव के लोगों ने बैंक के सामने नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। इसके बाद बैंक के उच्चाधिकारियों को पत्र भेज शिकायत की है।
कोतवाली नानपारा क्षेत्र अंतर्गत ग्राम लालपुर सरैंया गांव निवासी परमेश्वर पुत्र ज्वाला प्रसाद ने बताया कि उसने हाल ही में किसान क्रेडिट कार्ड बनवाया है। शुक्रवार को पहली बार वह क्रेडिट कार्ड के खाते से नकदी निकालने बैंक गया था। परमेश्वर ने बताया, 30 हजार निकालने के बाद वह कैश काउंटर से हटकर नकदी गिन रहा था तभी बैंक प्रबंधक प्रमोद कुमार मौके पर पहुंच गए और आठ हजार रुपये छीन लिए। परमेश्वर ने विरोध किया तो उसे भला बुरा कहा। परमेश्वर ने परिवार के लोगों को जानकारी दी। इस पर परिवारीजन व गांव के कुछ समर्थक बैंक पहुंच कर नारेबाजी व प्रदर्शन किया। परमेश्वर का कहना है कि खाता खुलने के बाद से ही बैंक प्रबंधक उससे कमीशन मांग रहे थे। नहीं देने पर रुपये छीन लिए।
विज्ञापन
कोतवाली नानपारा क्षेत्र अंतर्गत ग्राम लालपुर सरैंया गांव निवासी परमेश्वर पुत्र ज्वाला प्रसाद ने बताया कि उसने हाल ही में किसान क्रेडिट कार्ड बनवाया है। शुक्रवार को पहली बार वह क्रेडिट कार्ड के खाते से नकदी निकालने बैंक गया था। परमेश्वर ने बताया, 30 हजार निकालने के बाद वह कैश काउंटर से हटकर नकदी गिन रहा था तभी बैंक प्रबंधक प्रमोद कुमार मौके पर पहुंच गए और आठ हजार रुपये छीन लिए। परमेश्वर ने विरोध किया तो उसे भला बुरा कहा। परमेश्वर ने परिवार के लोगों को जानकारी दी। इस पर परिवारीजन व गांव के कुछ समर्थक बैंक पहुंच कर नारेबाजी व प्रदर्शन किया। परमेश्वर का कहना है कि खाता खुलने के बाद से ही बैंक प्रबंधक उससे कमीशन मांग रहे थे। नहीं देने पर रुपये छीन लिए।
विज्ञापन