{"_id":"62e17de55f54367f7b1703e5","slug":"woman-dies-after-delivery-uproar-of-family-baghpat-news-mrt598732545","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रसव के बाद महिला की मौत, परिजनों का हंगामा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रसव के बाद महिला की मौत, परिजनों का हंगामा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बागपत/खेकड़ा। जिला अस्पताल में प्रसव के बाद भर्ती एक महिला की हालत बिगड़ गई और उसकी मौत हो गई। परिजनों ने उपचार में लापरवाही और ऑपरेशन के लिए रुपये भी लेने का आरोप लगाते हुए हंगामा कर दिया। सीएमएस ने उनको मामले की जांच का आश्वासन देकर शांत कराया।
खेकड़ा की नई बस्ती की रहने वाली रानी पत्नी नाजिम को प्रसव पीड़ा होने पर परिजन मंगलवार शाम को जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। चिकित्सक ने उसका ऑपरेशन किया। रीना ने बच्चे को जन्म दिया। इसके बाद उसे अस्पताल के सामान्य वार्ड में भर्ती कर दिया गया। जहां कुछ घंटे बाद उसकी हालत बिगड़ गई। परिजन स्टाफ को तलाश करने लगे।
काफी देर बाद स्टाफ पहुंचा और महिला का ब्लड प्रेशर बढ़ा देखकर उपचार शुरू किया गया। इसके बाद भी महिला की मौत हो गई। नाजिम ने आरोप लगाया कि अस्पताल में ऑपरेशन से पहले एक कर्मी ने डॉक्टर के नाम पर दस हजार रुपये मांगे। उसके बाद ही ऑपरेशन होने की बात कही तो उसको दस हजार रुपये दिए। इसके बाद भी उपचार में लापरवाही बरती गई और उसकी पत्नी की मौत हो गई।
विज्ञापन
सीएमएस डॉ. एसके चौधरी ने मामले में जांच कराने की बात कही है कि आखिर वहां किसने रुपये लिए है। इसके अलावा उपचार में लापरवाही को लेकर उन्होंने कहा कि वह खुद भी वहां पहुंच गए थे और उपचार में लापरवाही नहीं बरती गई है।
विज्ञापन
खेकड़ा की नई बस्ती की रहने वाली रानी पत्नी नाजिम को प्रसव पीड़ा होने पर परिजन मंगलवार शाम को जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। चिकित्सक ने उसका ऑपरेशन किया। रीना ने बच्चे को जन्म दिया। इसके बाद उसे अस्पताल के सामान्य वार्ड में भर्ती कर दिया गया। जहां कुछ घंटे बाद उसकी हालत बिगड़ गई। परिजन स्टाफ को तलाश करने लगे।
विज्ञापन
काफी देर बाद स्टाफ पहुंचा और महिला का ब्लड प्रेशर बढ़ा देखकर उपचार शुरू किया गया। इसके बाद भी महिला की मौत हो गई। नाजिम ने आरोप लगाया कि अस्पताल में ऑपरेशन से पहले एक कर्मी ने डॉक्टर के नाम पर दस हजार रुपये मांगे। उसके बाद ही ऑपरेशन होने की बात कही तो उसको दस हजार रुपये दिए। इसके बाद भी उपचार में लापरवाही बरती गई और उसकी पत्नी की मौत हो गई।
विज्ञापन
सीएमएस डॉ. एसके चौधरी ने मामले में जांच कराने की बात कही है कि आखिर वहां किसने रुपये लिए है। इसके अलावा उपचार में लापरवाही को लेकर उन्होंने कहा कि वह खुद भी वहां पहुंच गए थे और उपचार में लापरवाही नहीं बरती गई है।