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80 करोड़ रुपये का लेनदेन प्रभावित
ब्यूरो/अमर उजाला, बागपत-बड़ौत-खेकड़ा
Updated Wed, 23 Aug 2017 01:25 AM IST
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बड़ौत में ओबीसी की शाखा पर प्रदर्शन करते बैंककर्मी।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन के आह्वान पर मंगलवार को राष्ट्रीयकृत बैंकों में हड़ताल रही। इससे करीब 80 करोड़ रुपये का लेन-देन प्रभावित हुआ। उपभोक्ताओं को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। कहीं, एटीएम सहारा बना तो कहीं ताले लटके रहे।
मंगलवार को बैंकों पर ताले लटके रहे। उपभोक्ता लेन-देन के लिए भटकते नजर आए। कई बैंकों के एटीएम पर भी ताले लटके मिले। बैंक कर्मचारी विनीत, सौरभ, प्रदीप, ओमपाल, शिवकुमार, अनिल, जितेंद्र ने बताया कि नोटबंदी के दौरान उन्होंने जो अतिरिक्त कार्य किया था उसका भुगतान अभी तक नहीं हुआ है।
बैंकों में दूसरे राज्यों से कर्मचारी बुलाकर उन्हें तैनात करने की तैयारी चल रही है, जिसका विरोध किया जा रहा है। लोन लेकर जमा न करने वाले डिफाल्टरों के लिए विशेष कार्य योजना तैयार की जाए, जैसी मांगों को लेकर हड़ताल पर है। कर्मचारियों ने बताया कि उनकी मांगों को दरकिनार किया जा रहा है। बैंक कर्मचारियों की हड़ताल से बैंकों का करीब 80 करोड़रुपये का लेनदेन प्रभावित रहा।
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बैंकों में किसी भी तरह का कामकाज नहीं हुआ है। एलडीएम राजू पीवी ने बताया कि हड़ताल से लगभग 80 करोड़ रुपये का लेनदेन प्रभावित हुआ है। बुधवार से सभी बैंक समय पर खुलेंगे।
बड़ौत। यूनाइटिड फोरम ऑफ बैंक यूनियन्स के आह्वान पर सरकार की निजीकरण एवं बैंकों के विलय करने की जन विरोधी नीतियों के खिलाफ बड़ौत तहसील के सभी बैंकों में हड़ताल रही। इस दौरान मंगलवार को समस्त बैंकों में ताले लटके रहे।
तहसील क्षेत्र के समस्त बैंकों के कर्मचारी एवं अधिकारी बड़ौत में सिंडिकेट बैंक मुख्य शाखा के सामने एकत्रित हुए तथा सरकार की जन विरोधी एवं श्रमिक विरोधी नीति के विरोध में प्रदर्शन किया। इस अवसर पर यूएफबीयू के संयोजक विक्रम सिंह आर्य ने बताया सरकार बैंकों का निजीकरण कर रही है और रोजगार छीन रही है।
बैंकों में पहले से ही तीन लाख कर्मचारियों की कमी है। बैंकों में पिछले पांच सालों में 35 गुना वर्क लोड बढ़ा है। फिर भी सरकार बैंकों में भर्तियां नहीं कर रही है। बड़े उद्योगपतियों के लोन माफ किए जा रहे हैं।
बैंक कर्मचारियों के संगठन सरकार की इन जन विरोधी नीतियों का विरोध करते रहेंगें। इसमें देवेंद्र कुमार, मोनू कुमार, प्रमोद, सनोज तोमर, सुधीर शर्मा, आनंद सोनी, दीपक कुमार, हेमंत कुमार, मदन कुमार, अजीत कुमार, अभिषेक, राजेश झा, मोहम्मद नवाज, अशोक कुमार, प्रकाश चंद, सचिन कुमार आदि रहे।
खेकड़ा। मंगलवार को नगर क्षेत्र की सभी बैंक शाखाओं में वेतन विसंगतियों को दूर करने समेत विभिन्न मांगों को लेकर बैंक कर्मी हड़ताल पर रहे। इस कारण बैंक शाखाओं में दिन भर ताले लटके रहे। हड़ताल का पता न होने के कारण अनेक खाता धारक लेन देन करने के लिए बैंक पहुंचे, लेकिन ताला लगा देख कर लौट गए।
बैंक कर्मियों की हड़ताल के कारण खाता धारकों को परेशानी सामना करना पड़ा। नगर की ओरियंटल बैंक शाखा, बैंक ऑफ इंडिया, पंजाब नेशनल बैैक, सिंडिकेट बैंक आदि शाखाएं दिन भर बंद रही।
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मंगलवार को बैंकों पर ताले लटके रहे। उपभोक्ता लेन-देन के लिए भटकते नजर आए। कई बैंकों के एटीएम पर भी ताले लटके मिले। बैंक कर्मचारी विनीत, सौरभ, प्रदीप, ओमपाल, शिवकुमार, अनिल, जितेंद्र ने बताया कि नोटबंदी के दौरान उन्होंने जो अतिरिक्त कार्य किया था उसका भुगतान अभी तक नहीं हुआ है।
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बैंकों में दूसरे राज्यों से कर्मचारी बुलाकर उन्हें तैनात करने की तैयारी चल रही है, जिसका विरोध किया जा रहा है। लोन लेकर जमा न करने वाले डिफाल्टरों के लिए विशेष कार्य योजना तैयार की जाए, जैसी मांगों को लेकर हड़ताल पर है। कर्मचारियों ने बताया कि उनकी मांगों को दरकिनार किया जा रहा है। बैंक कर्मचारियों की हड़ताल से बैंकों का करीब 80 करोड़रुपये का लेनदेन प्रभावित रहा।
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बैंकों में किसी भी तरह का कामकाज नहीं हुआ है। एलडीएम राजू पीवी ने बताया कि हड़ताल से लगभग 80 करोड़ रुपये का लेनदेन प्रभावित हुआ है। बुधवार से सभी बैंक समय पर खुलेंगे।
बड़ौत। यूनाइटिड फोरम ऑफ बैंक यूनियन्स के आह्वान पर सरकार की निजीकरण एवं बैंकों के विलय करने की जन विरोधी नीतियों के खिलाफ बड़ौत तहसील के सभी बैंकों में हड़ताल रही। इस दौरान मंगलवार को समस्त बैंकों में ताले लटके रहे।
तहसील क्षेत्र के समस्त बैंकों के कर्मचारी एवं अधिकारी बड़ौत में सिंडिकेट बैंक मुख्य शाखा के सामने एकत्रित हुए तथा सरकार की जन विरोधी एवं श्रमिक विरोधी नीति के विरोध में प्रदर्शन किया। इस अवसर पर यूएफबीयू के संयोजक विक्रम सिंह आर्य ने बताया सरकार बैंकों का निजीकरण कर रही है और रोजगार छीन रही है।
बैंकों में पहले से ही तीन लाख कर्मचारियों की कमी है। बैंकों में पिछले पांच सालों में 35 गुना वर्क लोड बढ़ा है। फिर भी सरकार बैंकों में भर्तियां नहीं कर रही है। बड़े उद्योगपतियों के लोन माफ किए जा रहे हैं।
बैंक कर्मचारियों के संगठन सरकार की इन जन विरोधी नीतियों का विरोध करते रहेंगें। इसमें देवेंद्र कुमार, मोनू कुमार, प्रमोद, सनोज तोमर, सुधीर शर्मा, आनंद सोनी, दीपक कुमार, हेमंत कुमार, मदन कुमार, अजीत कुमार, अभिषेक, राजेश झा, मोहम्मद नवाज, अशोक कुमार, प्रकाश चंद, सचिन कुमार आदि रहे।
खेकड़ा। मंगलवार को नगर क्षेत्र की सभी बैंक शाखाओं में वेतन विसंगतियों को दूर करने समेत विभिन्न मांगों को लेकर बैंक कर्मी हड़ताल पर रहे। इस कारण बैंक शाखाओं में दिन भर ताले लटके रहे। हड़ताल का पता न होने के कारण अनेक खाता धारक लेन देन करने के लिए बैंक पहुंचे, लेकिन ताला लगा देख कर लौट गए।
बैंक कर्मियों की हड़ताल के कारण खाता धारकों को परेशानी सामना करना पड़ा। नगर की ओरियंटल बैंक शाखा, बैंक ऑफ इंडिया, पंजाब नेशनल बैैक, सिंडिकेट बैंक आदि शाखाएं दिन भर बंद रही।