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Baghpat News: 68 मिमी बारिश से सड़कें, शहर से गांव तक बत्ती गुल रही
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-जिले में शनिवार रात को शुरू हुई बारिश के साथ ही गुल हो गई थी बत्ती -खेकड़ा, टीकरी समेत अन्य जगहों पर भी जलभराव से बढ़ी परेशानी, बारिश से दावों की पोल खुली
फोटो एक की सीरिज
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत/बड़ौत/खेकड़ा/दोघट/रटौल/बिनौली। यहां शनिवार रात से शुरू हुई बारिश रविवार दोपहर तक जारी रही। वहीं बारिश के चलते शहर से लेकर गांवों तक बत्ती गुल हो गई। रविवार दोपहर बिजली आपूर्ति शुरू हुई। उधर, बारिश से प्रशासन की जल निकासी की पोल खुल गई। बड़ौत, खेकड़ा, टीकरी समेत अन्य जगह सड़कों पर पानी जमा हो गया। बारिश से सब्जी की फसलों को नुकसान हुआ तो अन्य को फायदा भी हुआ।
शनिवार रात करीब 12 बजे तेज बारिश शुरू हुई, जो रविवार दोपहर तक होती रही। यहां 68 मिमी बारिश हुई, जिससे मौसम में ठंडक हो गई। इसके अलावा बारिश से नेशनल हाईवे पर सिसाना गांव मेंं जलभराव होने से वाहन चालकों को परेशानी उठानी पड़ी। मौसम वैज्ञानिक डा. अंकिता नेगी के अनुसार बारिश अभी ओर हो सकती है।
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पहली बारिश में खुली पोल, बड़ौत में हालात खराब
बारिश से पहले नालों की सफाई कराकर जलभराव की समस्या से निजात दिलाने के प्रशासन व नगर निकाय अधिकारियों के दावे हवाई साबित हो गए। बड़ौत में नालों की सफाई के लिए सबसे ज्यादा 76 लाख रुपये का बजट मंजूर किया गया था और वहां सबसे ज्यादा हालात खराब दिखाई दिए। बरसात से बिनौली रोड, अग्रसेन मूर्ति, खत्री गढ़ी चौराहा, संजय मूर्ति, नेहरू मूर्ति, फूंसवाली मस्जिद, कोताना रोड, गांधी रोड, नेहरू रोड, किताबों वाली गली, बावली रोड, पट्टी मेहर, पट्टी चौधरान, तहसील सहित अन्य मुख्य मार्गों पर जल भराव रहा। लोग यहां पर जल भराव में अपने वाहन खींचते नजर आए। लोगों ने नगर में हुए जलभराव की वीडियो और फोटो भी सोशल मीडिया पर खूब वायरल की। टीकरी, खेकड़ा आदि गांवों में जलभराव हो गया।
-शहरों के साथ ही 200 से ज्यादा गांवों में गुल रही बत्ती
बारिश शुरू होते ही बागपत, बड़ौत, खेकड़ा समेत 200 से ज्यादा गांवों में बत्ती गुल हो गई थी। बागपत में दोपहर करीब 12 बजे बिजली आपूर्ति शुरू हो सकी। बड़ौत में कुछ जगह रविवार सुबह आपूर्ति शुरू हुई, लेकिन आजाद नगर, चौधरी चरण सिंह बिहार, मोहननगर, सूर्य नगर, साकेत, न्यू राम नगर कालोनी, बिनौली रोड, पटेल नगर, पठानकोठ, बावली चुंगी, छपरौली चुंगी, कोताना रोड, बड़का रोड पर आपूर्ति दोपहर में शुरू हो सकी। इनके अलावा बावली, मलकपुर, कोताना, किरठल, छपरौली, बिजरौल, गुराना, वाजिदपुर, लोहड्डा, हिलवाड़ी, बड़ौली, लुहारी, खामपुर अन्य गांवों में बत्ती गुल रही।
खेकड़ा में काठा रोड पर उच्च क्षमता के बिजली के दो खंभे टूटकर सड़क पर गिर गए। इससे खेकड़ा की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। रविवार सुबह करीब 8 बजे एसडीओ पवन कुमार ने कर्मचारियों के साथ मौके पर पहुंचकर नए खंभे लगवाने का कार्य शुरू कराया। सिंघावली अहीर विद्युत उपकेंद्र से जुड़े कई गांवों की बत्ती दो जगह खंभों के तार टूटने से बाधित हो गई। दोघट व टीकरी क्षेत्र में बारिश के चलते विद्युत आपूर्ति ठप हो गई। बिनौली, संतनगर, जौहड़ी, जिवाना, बड़ावद, तितरोदा, धनौरा, बुढेड़ा, रंछाड़ विद्युत उपकेंद्रों से जुड़े गांवो की बिजली भी गुल रही। रटौल बिजलीघर से जुड़े दर्जनों गांवो में रविवार दोपहर तक विद्युत आपूर्ति बाधित रही। ऊर्जा राज्य मंत्री सोमेंद्र तोमर के पैतृक गांव खैला में लाइन में फाल्ट होने पर 15 घंटे आपूर्ति ठप रही। किशनपुर बरारल विद्युत उपकेंद्र से जुड़े कासिमपुर खेड़ी, अशरफाबद थल, जिवाना, जिवानी गांव की बत्ती ठप रही। बताते चलें शनिवार रात को दो जगह खंभे टूटकर गिर गए थे, जिससे लोगों को काफी परेशानी झेलनी पड़ी।
-बारिश से सब्जी की फसल को नुकसान तो अन्य को फायदा
बारिश से सब्जियों लोकी, खीरा, तोरई, टमाटर, भिंडी आदि सब्जी की फसलों को नुकसान होने की आशंका है। इसके अलावा ज्वार की फसल भी बारिश व हवा में गिर गई। वहीं गन्ना व धान की फसल के लिए बारिश काफी फायदेमंद है। इस समय दोनों फसलों में पानी की जरूरत थी और बारिश होने से फसलों को फायदा होगा।
-बारिश से कई जगह मकान गिरे
बागपत की माता कालोनी में नूरहसन के मकान की छत बारिश लगातार होने के कारण गिर गई। एक बच्चे आसिफ को हल्की चोट लगी है, जबकि परिवार के अन्य सदस्य घर से बाहर थे। इसके अलावा पलड़ा गांव में यूनुस का कच्चा मकान बारिश के चलते अचानक भर भराकर गिर गया। मकान के मलबे के नीचे किसान की बुग्गी, चारपाई, खाद्य सामग्री, कपड़े आदि सामान दब गए। यूनुस ने बताया कि वह अपनी पत्नी सलमा के साथ मकान के दूसरे हिस्से में बैठा हुआ था। बच्चे उसी मकान में खेल रहे थे, लेकिन उनके निकलने के बाद मकान गिरा।
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फोटो एक की सीरिज
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत/बड़ौत/खेकड़ा/दोघट/रटौल/बिनौली। यहां शनिवार रात से शुरू हुई बारिश रविवार दोपहर तक जारी रही। वहीं बारिश के चलते शहर से लेकर गांवों तक बत्ती गुल हो गई। रविवार दोपहर बिजली आपूर्ति शुरू हुई। उधर, बारिश से प्रशासन की जल निकासी की पोल खुल गई। बड़ौत, खेकड़ा, टीकरी समेत अन्य जगह सड़कों पर पानी जमा हो गया। बारिश से सब्जी की फसलों को नुकसान हुआ तो अन्य को फायदा भी हुआ।
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शनिवार रात करीब 12 बजे तेज बारिश शुरू हुई, जो रविवार दोपहर तक होती रही। यहां 68 मिमी बारिश हुई, जिससे मौसम में ठंडक हो गई। इसके अलावा बारिश से नेशनल हाईवे पर सिसाना गांव मेंं जलभराव होने से वाहन चालकों को परेशानी उठानी पड़ी। मौसम वैज्ञानिक डा. अंकिता नेगी के अनुसार बारिश अभी ओर हो सकती है।
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पहली बारिश में खुली पोल, बड़ौत में हालात खराब
बारिश से पहले नालों की सफाई कराकर जलभराव की समस्या से निजात दिलाने के प्रशासन व नगर निकाय अधिकारियों के दावे हवाई साबित हो गए। बड़ौत में नालों की सफाई के लिए सबसे ज्यादा 76 लाख रुपये का बजट मंजूर किया गया था और वहां सबसे ज्यादा हालात खराब दिखाई दिए। बरसात से बिनौली रोड, अग्रसेन मूर्ति, खत्री गढ़ी चौराहा, संजय मूर्ति, नेहरू मूर्ति, फूंसवाली मस्जिद, कोताना रोड, गांधी रोड, नेहरू रोड, किताबों वाली गली, बावली रोड, पट्टी मेहर, पट्टी चौधरान, तहसील सहित अन्य मुख्य मार्गों पर जल भराव रहा। लोग यहां पर जल भराव में अपने वाहन खींचते नजर आए। लोगों ने नगर में हुए जलभराव की वीडियो और फोटो भी सोशल मीडिया पर खूब वायरल की। टीकरी, खेकड़ा आदि गांवों में जलभराव हो गया।
-शहरों के साथ ही 200 से ज्यादा गांवों में गुल रही बत्ती
बारिश शुरू होते ही बागपत, बड़ौत, खेकड़ा समेत 200 से ज्यादा गांवों में बत्ती गुल हो गई थी। बागपत में दोपहर करीब 12 बजे बिजली आपूर्ति शुरू हो सकी। बड़ौत में कुछ जगह रविवार सुबह आपूर्ति शुरू हुई, लेकिन आजाद नगर, चौधरी चरण सिंह बिहार, मोहननगर, सूर्य नगर, साकेत, न्यू राम नगर कालोनी, बिनौली रोड, पटेल नगर, पठानकोठ, बावली चुंगी, छपरौली चुंगी, कोताना रोड, बड़का रोड पर आपूर्ति दोपहर में शुरू हो सकी। इनके अलावा बावली, मलकपुर, कोताना, किरठल, छपरौली, बिजरौल, गुराना, वाजिदपुर, लोहड्डा, हिलवाड़ी, बड़ौली, लुहारी, खामपुर अन्य गांवों में बत्ती गुल रही।
खेकड़ा में काठा रोड पर उच्च क्षमता के बिजली के दो खंभे टूटकर सड़क पर गिर गए। इससे खेकड़ा की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। रविवार सुबह करीब 8 बजे एसडीओ पवन कुमार ने कर्मचारियों के साथ मौके पर पहुंचकर नए खंभे लगवाने का कार्य शुरू कराया। सिंघावली अहीर विद्युत उपकेंद्र से जुड़े कई गांवों की बत्ती दो जगह खंभों के तार टूटने से बाधित हो गई। दोघट व टीकरी क्षेत्र में बारिश के चलते विद्युत आपूर्ति ठप हो गई। बिनौली, संतनगर, जौहड़ी, जिवाना, बड़ावद, तितरोदा, धनौरा, बुढेड़ा, रंछाड़ विद्युत उपकेंद्रों से जुड़े गांवो की बिजली भी गुल रही। रटौल बिजलीघर से जुड़े दर्जनों गांवो में रविवार दोपहर तक विद्युत आपूर्ति बाधित रही। ऊर्जा राज्य मंत्री सोमेंद्र तोमर के पैतृक गांव खैला में लाइन में फाल्ट होने पर 15 घंटे आपूर्ति ठप रही। किशनपुर बरारल विद्युत उपकेंद्र से जुड़े कासिमपुर खेड़ी, अशरफाबद थल, जिवाना, जिवानी गांव की बत्ती ठप रही। बताते चलें शनिवार रात को दो जगह खंभे टूटकर गिर गए थे, जिससे लोगों को काफी परेशानी झेलनी पड़ी।
-बारिश से सब्जी की फसल को नुकसान तो अन्य को फायदा
बारिश से सब्जियों लोकी, खीरा, तोरई, टमाटर, भिंडी आदि सब्जी की फसलों को नुकसान होने की आशंका है। इसके अलावा ज्वार की फसल भी बारिश व हवा में गिर गई। वहीं गन्ना व धान की फसल के लिए बारिश काफी फायदेमंद है। इस समय दोनों फसलों में पानी की जरूरत थी और बारिश होने से फसलों को फायदा होगा।
-बारिश से कई जगह मकान गिरे
बागपत की माता कालोनी में नूरहसन के मकान की छत बारिश लगातार होने के कारण गिर गई। एक बच्चे आसिफ को हल्की चोट लगी है, जबकि परिवार के अन्य सदस्य घर से बाहर थे। इसके अलावा पलड़ा गांव में यूनुस का कच्चा मकान बारिश के चलते अचानक भर भराकर गिर गया। मकान के मलबे के नीचे किसान की बुग्गी, चारपाई, खाद्य सामग्री, कपड़े आदि सामान दब गए। यूनुस ने बताया कि वह अपनी पत्नी सलमा के साथ मकान के दूसरे हिस्से में बैठा हुआ था। बच्चे उसी मकान में खेल रहे थे, लेकिन उनके निकलने के बाद मकान गिरा।