{"_id":"632613b2b40bce218225c039","slug":"information-about-the-importance-of-nutritional-food-given-to-the-villagers-in-the-seminar-kahkra-news-mrt6057145111","type":"story","status":"publish","title_hn":"गोष्ठी में ग्रामीणों को दी पोषण आहार के महत्व की जानकारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गोष्ठी में ग्रामीणों को दी पोषण आहार के महत्व की जानकारी
विज्ञापन
खेकड़ा कृषि विज्ञान केंद्र पर किसानों को पोषण वाटिका के लिए बीज वितरित करते कृषि वैज्ञानिक
- फोटो : KAHKRA
गोष्ठी में ग्रामीणों को दी पोषण आहार के महत्व की जानकारी
बागपत, खेकड़ा। खेेकड़ा कृषि विज्ञान केंद्र पर आयोजित एक दिवसीय कृषक गोष्ठी में कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को पोषक तत्वों केे महत्व की जानकारी दी। केंद्र परिसर में पौधरोपण करने के साथ ही पोषण वाटिका के निर्माण के लिए किसानों को उन्नत बीज का वितरित भी किया गया।
राष्ट्रीय पोषण अभियान के तहत खेकड़ा कृषि विज्ञान केन्द्र पर शनिवार को कृषक गोष्ठी का शुभारंभ मुख्य अतिथि गन्ना समिति चेयरमैन कृष्णपाल सिंह ने फीता काटकर किया। उन्होंने शुद्ध वातावरण के लिए पौधरोपण के महत्व के बारे में किसानों को बताया। केंद्र प्रभारी डॉॅ. संदीप चौधरी ने बताया कि शुद्ध खान-पान व रसायन मुक्त खेती से स्वास्थ्य संबंधित विकारों को दूर किया जा सकता है। गृह विज्ञानी डॉ. सरिता जोशी ने खानपान में पोषण संबंधित जानकारी देते हुए बताया कि मुख्य रूप से भोजन में छ: पोषक तत्व शारीरिक और मानसिक बढ़ोतरी के लिए आवश्यक होते हैं। ज्वार-बाजरा जैसे मोटे अनाजों में भरपूर मात्रा में प्रोटीन, फाइबर राइबोफ्लेविन, केरोटीन पाया जाता है।
उद्यान विज्ञानी अमित चौधरी ने भूमिगत जल स्तर को बनाये रखने में पेड़ों का महत्व बताया। पादप सुरक्षा वैज्ञानिक डॉ. शिवम सिंह ने फसलों में लगने वाले कीट व प्रमुख रोगों की जानकारी देते हुए हानि को कम करने के उपाय बताए। कृषि वैज्ञानिक गौरव शर्मा ने मृदा नमी संकेतक के प्रयोग की जानकारी दी। पशुधन वैज्ञानिक डॉ. सोनिका ग्रेवाल ने गोवंश में लंपी रोग के नियंत्रण की जानकारी दी।
विज्ञापन
विषय वस्तु विशेषज्ञ अंकिता नेगी ने बरगद, पीपल आदि महावृक्षों के जड़, छाल, पत्र और फल के औषधीय गुण बताए। बाद में परिसर में पौधारोपण भी किया गया। किसानों को पौधे और पोषण वाटिका तैयार करने के लिए बीज के पैकेट वितरित किए गए। इस दौरान अनिल कुमार, सुदेश कुमार, कपिल कुमार, राजपाल सिंह, महेश कुमार, संजय, रविंद्र, प्रदीप आदि किसान मौजूद रहे।
विज्ञापन
बागपत, खेकड़ा। खेेकड़ा कृषि विज्ञान केंद्र पर आयोजित एक दिवसीय कृषक गोष्ठी में कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को पोषक तत्वों केे महत्व की जानकारी दी। केंद्र परिसर में पौधरोपण करने के साथ ही पोषण वाटिका के निर्माण के लिए किसानों को उन्नत बीज का वितरित भी किया गया।
राष्ट्रीय पोषण अभियान के तहत खेकड़ा कृषि विज्ञान केन्द्र पर शनिवार को कृषक गोष्ठी का शुभारंभ मुख्य अतिथि गन्ना समिति चेयरमैन कृष्णपाल सिंह ने फीता काटकर किया। उन्होंने शुद्ध वातावरण के लिए पौधरोपण के महत्व के बारे में किसानों को बताया। केंद्र प्रभारी डॉॅ. संदीप चौधरी ने बताया कि शुद्ध खान-पान व रसायन मुक्त खेती से स्वास्थ्य संबंधित विकारों को दूर किया जा सकता है। गृह विज्ञानी डॉ. सरिता जोशी ने खानपान में पोषण संबंधित जानकारी देते हुए बताया कि मुख्य रूप से भोजन में छ: पोषक तत्व शारीरिक और मानसिक बढ़ोतरी के लिए आवश्यक होते हैं। ज्वार-बाजरा जैसे मोटे अनाजों में भरपूर मात्रा में प्रोटीन, फाइबर राइबोफ्लेविन, केरोटीन पाया जाता है।
विज्ञापन
उद्यान विज्ञानी अमित चौधरी ने भूमिगत जल स्तर को बनाये रखने में पेड़ों का महत्व बताया। पादप सुरक्षा वैज्ञानिक डॉ. शिवम सिंह ने फसलों में लगने वाले कीट व प्रमुख रोगों की जानकारी देते हुए हानि को कम करने के उपाय बताए। कृषि वैज्ञानिक गौरव शर्मा ने मृदा नमी संकेतक के प्रयोग की जानकारी दी। पशुधन वैज्ञानिक डॉ. सोनिका ग्रेवाल ने गोवंश में लंपी रोग के नियंत्रण की जानकारी दी।
विज्ञापन
विषय वस्तु विशेषज्ञ अंकिता नेगी ने बरगद, पीपल आदि महावृक्षों के जड़, छाल, पत्र और फल के औषधीय गुण बताए। बाद में परिसर में पौधारोपण भी किया गया। किसानों को पौधे और पोषण वाटिका तैयार करने के लिए बीज के पैकेट वितरित किए गए। इस दौरान अनिल कुमार, सुदेश कुमार, कपिल कुमार, राजपाल सिंह, महेश कुमार, संजय, रविंद्र, प्रदीप आदि किसान मौजूद रहे।