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भाजपा के पूर्व विधायक रूप चौधरी को पुलिस से मारपीट में तीन साल की कैद
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बागपत। ट्रकों की चेकिंग करने पर करीब 21 साल पहले पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट और वर्दी फाड़ने के मामले में अदालत ने भाजपा के पूर्व विधायक रूप चौधरी को तीन साल की सजा सुनाई है। पूर्व विधायक को सजा सुनाए जाने के बाद अदालत से जमानत भी मिल गई।
विशेष लोक अभियोजक अजय कुमार धामा के अनुसार 17 अगस्त 2001 को खेकड़ा थाने में कांस्टेबल संजीव कुमार ने मुकदमा दर्ज कराया था। बताया था कि उनकी अलीपुर पुलिस चौकी पर निगरानी ड्यूटी थी। वह कांस्टेबल धर्मवीर व सूरजपाल के साथ मिलकर ट्रकों की छत और डाले पर लटकी सवारियों को उतार रहे थे। करीब दो बजे दिल्ली की ओर से एक डीसीएम आ रही थी। उसके अंदर काफी लोग खड़े थे तो कुछ डाले पर लटके हुए थे।
डीसीएम को रोककर सवारियां नीचे उतार रहे थे, तो तभी दिल्ली की ओर से खेकड़ा के तत्कालीन विधायक रूप चौधरी गाड़ी में आए। उनके साथ दो गनर व दो अन्य व्यक्ति थे। डीसीएम रोकने पर रूप चौधरी ने उनके साथ मारपीट शुरू कर दी और उनकी वर्दी फाड़ दी।
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कांस्टेबल सूरजपाल के साथ भी मारपीट की गई। वहां अन्य लोग समझाने लगे तो विधायक ने उन्हें भगा दिया। पुलिस ने पूर्व विधायक के खिलाफ कार्रवाई करते हुए आरोप पत्र अदालत में दाखिल किया था। यह मामला सीजेएम प्रीति सिंह की अदालत में चल रहा था।
अदालत ने इस मामले में पूर्व विधायक रूप चौधरी को दोषी मानते हुए तीन साल की सजा सुनाई और 8500 रुपये का अर्थदंड लगाया गया। विशेष लोक अभियोजक अजय कुमार धामा ने बताया कि कोर्ट से पूर्व विधायक को जमानत भी मिल गई है।
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विशेष लोक अभियोजक अजय कुमार धामा के अनुसार 17 अगस्त 2001 को खेकड़ा थाने में कांस्टेबल संजीव कुमार ने मुकदमा दर्ज कराया था। बताया था कि उनकी अलीपुर पुलिस चौकी पर निगरानी ड्यूटी थी। वह कांस्टेबल धर्मवीर व सूरजपाल के साथ मिलकर ट्रकों की छत और डाले पर लटकी सवारियों को उतार रहे थे। करीब दो बजे दिल्ली की ओर से एक डीसीएम आ रही थी। उसके अंदर काफी लोग खड़े थे तो कुछ डाले पर लटके हुए थे।
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डीसीएम को रोककर सवारियां नीचे उतार रहे थे, तो तभी दिल्ली की ओर से खेकड़ा के तत्कालीन विधायक रूप चौधरी गाड़ी में आए। उनके साथ दो गनर व दो अन्य व्यक्ति थे। डीसीएम रोकने पर रूप चौधरी ने उनके साथ मारपीट शुरू कर दी और उनकी वर्दी फाड़ दी।
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कांस्टेबल सूरजपाल के साथ भी मारपीट की गई। वहां अन्य लोग समझाने लगे तो विधायक ने उन्हें भगा दिया। पुलिस ने पूर्व विधायक के खिलाफ कार्रवाई करते हुए आरोप पत्र अदालत में दाखिल किया था। यह मामला सीजेएम प्रीति सिंह की अदालत में चल रहा था।
अदालत ने इस मामले में पूर्व विधायक रूप चौधरी को दोषी मानते हुए तीन साल की सजा सुनाई और 8500 रुपये का अर्थदंड लगाया गया। विशेष लोक अभियोजक अजय कुमार धामा ने बताया कि कोर्ट से पूर्व विधायक को जमानत भी मिल गई है।