30 लाख की रंगदारी मांगी
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सोमवार को खल चूरी व्यापारी बृजेश पुत्र जनेश्वर दास के पास सोमवार की दोपहर करीब 12 बजे मोबाइल पर फोन आया कि मैं आसिफ बोल रहा हूं, यदि 30 लाख रुपये नहीं भिजवाएं तो परिवार को जान से मार देंगे। इससे व्यापारी का परिवार दहशत में आ गया। मंगलवार को नगर के व्यापारी सीओ के पास पहुंचे और आक्रोश जताते हुए सुरक्षा की मांग की।
इससे पूर्व भी चार अप्रैल 2016 को व्यापारी से पंजीकृत पत्र भेजकर 30 लाख की रंगदारी मांगी थी। उसी रोज गारमेंट रेडीमेट के दुकानदार डीके जैन को भी इसी तरह का पत्र मिला था और उनसे 25 लाख रुपये की रंगदारी मांगी गई थी। पुलिस ने कुछ दिन तक इस मामले में कार्रवाई की, लेकिन उन्हें कुछ हाथ नहीं लगा। पंजीकृत पत्र द्वारा मांगी गई रंगदारी में उन्हें अग्रवाल मंडी टटीरी रेलवे स्टेशन के प्लेट फार्म नंबर दो पर एक पेड़ के नीचे पैसे देने को कहा गया था।
अब कुछ दिन से यह मामला शांत था, लेकिन अब पुन: मोबाइल से रंगदारी मांगने पर व्यापारियों में रोष व्याप्त हो गया है। सीओ सीपी सिंह ने कहा कि मोबाइल नंबर को सर्विलांस पर लगा दिया और पता लगाने के प्रयास किए जा रहे हैं। आक्रोश जताने वाले व्यापारियों में जनेश्वर, महावीर सिंह, सुनील कुमार, देवेंद्र, हंस कुमार, अरुण कुमार, रामकुमार शामिल रहे।
एक बदमाश को जेल भेज चुकी है पुलिस
बड़ौत। सीओ सीपी सिंह ने बताया चार अप्रैल को खल-चूरी व्यापारी से पंजीकृत पत्र भेजकर जो रंगदारी मांगी गई थी, इस मामले में 13 अप्रैल को धर्मेंद्र पुत्र सुभाष रामनगर शाहदरा को जेल भेजा चुका है, क्योंकि उसी के पीसीओ से रंगदारी मांगी थी। एक माह बाद भी पुलिस रंगदारी मांगने वाले मुख्य आरोपी को नहीं पकड़ पाई है। सीओ ने दावा किया अब जो पुन: रंगदारी मांगने का मामला सामने आया है, इसको गंभीरता से लिया जा रहा है।