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Baghpat News: यात्रियों की जान जोखिम में डाल रहे चालक
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-कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा, अधिकारी मौन
फोटो संख्या 1
बड़ौत। पिछले कई सालों से गड्ढों में तब्दील हो चुका बावली अंडरपास मार्ग लोगों के लिए समस्या बना हुआ है। वहीं यात्रियों की जान जोखिम में डालकर चालक इस मार्ग पर बसों को दौड़ा रहे हैं। ऐसे में कभी भी हादसा हो सकता है।
बता दें कि पिछले दस सालाें से बावली अंडरपास मार्ग जर्जर हालत में पड़ा हुआ है। मार्ग में गहरे-गहरे गडढ़े बने हुए हैं, जिस कारण पैदल चलना भी दूर भर हो रहा है। इससे भी हैरानी की बात यह है कि यदि एक साइड से कोई बड़ा वाहन आ जाए तो दूसरे वाहन को बचने तक का रास्ता नहीं मिलता। वाहनों के पलटने की आंशका रहती है। इसको देखते हुए तत्कालीन एआरएम रामदास ने बावली अंडरपास से बसों को न लेकर जाने के लिए चालकाें को निर्देशित किया था, लेकिन इसके बावजूद बड़ौत डिपो के चालक इसी मार्ग से यात्रियों से भरी बसों को लेकर दौड़ रहे हैं।
ये दिया है रूट : बावली अंडरपास मार्ग गड्ढों में तब्दील होने की वजह से एआरएम ने बसों को बड़ौत से किशनपुर व किशनपुर बिराल से पुसार मार्ग होते हुए बुढ़ाना, मुजफ्फरनगर, रुड़की व हरिद्वार जाने के लिए निर्देशित कर रखा है, लेकिन इसी रूट की दूरी तकरीबन 12 किमी लंबी है। ऐसे में समय बचाने के चक्कर में चालक बसों को लेकर जर्जर पड़े बावली अंडरपास से निकलते हैं।
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वर्जन-- --
जानकारी हुई है, इस संबंध में एक बार फिर चालकों को निर्देशित किया गया है। यदि इसके बावजूद चालक मनमानी करता है तो उसके विरुद्ध जांच कर कार्रवाई की जाएगी। -हाकिम सिंह, एआरएम बड़ौत डिपो
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फोटो संख्या 1
बड़ौत। पिछले कई सालों से गड्ढों में तब्दील हो चुका बावली अंडरपास मार्ग लोगों के लिए समस्या बना हुआ है। वहीं यात्रियों की जान जोखिम में डालकर चालक इस मार्ग पर बसों को दौड़ा रहे हैं। ऐसे में कभी भी हादसा हो सकता है।
बता दें कि पिछले दस सालाें से बावली अंडरपास मार्ग जर्जर हालत में पड़ा हुआ है। मार्ग में गहरे-गहरे गडढ़े बने हुए हैं, जिस कारण पैदल चलना भी दूर भर हो रहा है। इससे भी हैरानी की बात यह है कि यदि एक साइड से कोई बड़ा वाहन आ जाए तो दूसरे वाहन को बचने तक का रास्ता नहीं मिलता। वाहनों के पलटने की आंशका रहती है। इसको देखते हुए तत्कालीन एआरएम रामदास ने बावली अंडरपास से बसों को न लेकर जाने के लिए चालकाें को निर्देशित किया था, लेकिन इसके बावजूद बड़ौत डिपो के चालक इसी मार्ग से यात्रियों से भरी बसों को लेकर दौड़ रहे हैं।
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ये दिया है रूट : बावली अंडरपास मार्ग गड्ढों में तब्दील होने की वजह से एआरएम ने बसों को बड़ौत से किशनपुर व किशनपुर बिराल से पुसार मार्ग होते हुए बुढ़ाना, मुजफ्फरनगर, रुड़की व हरिद्वार जाने के लिए निर्देशित कर रखा है, लेकिन इसी रूट की दूरी तकरीबन 12 किमी लंबी है। ऐसे में समय बचाने के चक्कर में चालक बसों को लेकर जर्जर पड़े बावली अंडरपास से निकलते हैं।
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जानकारी हुई है, इस संबंध में एक बार फिर चालकों को निर्देशित किया गया है। यदि इसके बावजूद चालक मनमानी करता है तो उसके विरुद्ध जांच कर कार्रवाई की जाएगी। -हाकिम सिंह, एआरएम बड़ौत डिपो