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बच्चों के बुखार पर विभाग की नजर
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सीएमओ ने दिए निर्देश सीएचसी एवं पीएचसी में आने वाले बच्चों पर रखी जाए विशेष नजर
सीएचसी में प्रतिदिन आ रहे वायरल फीवर से पीड़ित बच्चे
संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ौत। फिरोजाबाद और मथुरा में बच्चों की हो रही मौतों को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग अलर्ट हो गया है। बच्चों के बुखार पर विभाग की नजर है। सीएमओ ने निर्देश दिया है कि सीएचसी और पीएचसी पर आने वाले बच्चों पर विशेष नजर रखी जाए। अगर उन्हें बुखार, डेंगू, वायरल फीवर के लक्षण दिखते हैं तो तत्काल उनका इलाज करें। जरूरत पड़ने पर जिला अस्पताल भेजे।
सीएचसी पर भी प्रतिदिन 50 से 60 बच्चे वायरल फीवर से संक्रमित मिल रहे हैं। इसके अलावा निजी अस्पतालों में भी प्रतिदिन 110 से 120 प्रतिशत बच्चे वायरल फीवर के पहुंच रहे हैं। इनमें कई बच्चों को तो दिमागी बुखार के भी लक्षण मिले हैं। आस्था अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. अनिल जैन बताते हैं कि इस मौसम में बच्चों में वायरल फीवर के मामले बढ़ गए हैं। बच्चों को अगर सर्दी, जुकाम और बुखार आता है तो तत्काल चिकित्सक से संपर्क कर दवा दें। खुद से बच्चों की दवाएं न लें। सीएचसी अधीक्षक डॉ. विजय कुमार ने बताया कि बच्चों पर विशेष निगाह रखने के निर्देश दिए गए हैं। लक्षण दिखने पर तत्काल दवा देने को कहा गया है। अब तक जिले में फिरोजाबाद की तरह कोई केस नहीं मिले हैं।
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सीएचसी में प्रतिदिन आ रहे वायरल फीवर से पीड़ित बच्चे
संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ौत। फिरोजाबाद और मथुरा में बच्चों की हो रही मौतों को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग अलर्ट हो गया है। बच्चों के बुखार पर विभाग की नजर है। सीएमओ ने निर्देश दिया है कि सीएचसी और पीएचसी पर आने वाले बच्चों पर विशेष नजर रखी जाए। अगर उन्हें बुखार, डेंगू, वायरल फीवर के लक्षण दिखते हैं तो तत्काल उनका इलाज करें। जरूरत पड़ने पर जिला अस्पताल भेजे।
सीएचसी पर भी प्रतिदिन 50 से 60 बच्चे वायरल फीवर से संक्रमित मिल रहे हैं। इसके अलावा निजी अस्पतालों में भी प्रतिदिन 110 से 120 प्रतिशत बच्चे वायरल फीवर के पहुंच रहे हैं। इनमें कई बच्चों को तो दिमागी बुखार के भी लक्षण मिले हैं। आस्था अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. अनिल जैन बताते हैं कि इस मौसम में बच्चों में वायरल फीवर के मामले बढ़ गए हैं। बच्चों को अगर सर्दी, जुकाम और बुखार आता है तो तत्काल चिकित्सक से संपर्क कर दवा दें। खुद से बच्चों की दवाएं न लें। सीएचसी अधीक्षक डॉ. विजय कुमार ने बताया कि बच्चों पर विशेष निगाह रखने के निर्देश दिए गए हैं। लक्षण दिखने पर तत्काल दवा देने को कहा गया है। अब तक जिले में फिरोजाबाद की तरह कोई केस नहीं मिले हैं।
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