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संस्कृत भाषा को आत्मसात करने की प्ररेणा दी
Updated Wed, 28 Feb 2018 01:13 AM IST
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बड़ौत (बागपत)।
दिगंबर जैन डिग्री कॉलेज के संस्कृत विभाग में संस्कृत महोत्सव में छात्र-छात्राओं को संस्कृत भाषा को आत्मसात करने की प्रेरणा दी।
समारोह का शुभारंभ प्राचार्य डॉ. वीरेंद्र सिंह और विभागाध्यक्ष डॉ. रुचिका जैन ने किया। डॉ. रुचिका ने कहा कि किसी भी राष्ट्र की उन्नति के द्योतक उसके संस्कारित नागरिक होते हैं। संस्कृत भाषा के ज्ञान के अभाव में भारतीय संस्कृति एवं संस्कार दोनों का जानना असंभव है। प्राचार्य डॉ. वीरेंद्र सिंह ने कहा कि छात्र-छात्राओं को इस प्रकार के कार्यक्रम मेें भाग लेना चाहिए। प्रतियोगिता मेें अनु चौधरी प्रथम, पंकज और सचिन कुमार ने संयुक्त रूप से द्वितीय स्थान प्राप्त किया। इसमें आरती, प्रीति, रूचि, चंचल, ममता, राजू, खुशबू, शिखा, निधि, सरिता, सोनिया का योगदान रहा।
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दिगंबर जैन डिग्री कॉलेज के संस्कृत विभाग में संस्कृत महोत्सव में छात्र-छात्राओं को संस्कृत भाषा को आत्मसात करने की प्रेरणा दी।
समारोह का शुभारंभ प्राचार्य डॉ. वीरेंद्र सिंह और विभागाध्यक्ष डॉ. रुचिका जैन ने किया। डॉ. रुचिका ने कहा कि किसी भी राष्ट्र की उन्नति के द्योतक उसके संस्कारित नागरिक होते हैं। संस्कृत भाषा के ज्ञान के अभाव में भारतीय संस्कृति एवं संस्कार दोनों का जानना असंभव है। प्राचार्य डॉ. वीरेंद्र सिंह ने कहा कि छात्र-छात्राओं को इस प्रकार के कार्यक्रम मेें भाग लेना चाहिए। प्रतियोगिता मेें अनु चौधरी प्रथम, पंकज और सचिन कुमार ने संयुक्त रूप से द्वितीय स्थान प्राप्त किया। इसमें आरती, प्रीति, रूचि, चंचल, ममता, राजू, खुशबू, शिखा, निधि, सरिता, सोनिया का योगदान रहा।