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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   bad behaviour with children in school bus

मासूम से हैवानियत, नाजुक अंगों पर पेंसिल से वार

Sat, 27 Jul 2013 01:28 AM IST
इंदिरापुरम/ब्यूरो
इंदिरापुरम/ब्यूरो Updated Sat, 27 Jul 2013 01:28 AM IST
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bad behaviour with children in school bus

उत्तर प्रदेश में नोएडा के सेक्टर-44 स्थित एक पब्लिक स्कूल में नर्सरी के बच्चे के साथ बृहस्पतिवार को स्कूल बस के कंडक्टर ने वहशियाना हरकत की।

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कंडक्टर ने बस की पिछली सीट पर चार साल के बच्चे से अश्लीलता की और विरोध करने पर बेरहमी से उसके नाजुक अंगों पर पेंसिल से वार किए। दर्द से छटपटाते बेटे को देखकर माता-पिता ने पूछा तो सारा मामला सामने आया।
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अभिभावकों ने थाना इंदिरापुरम में बेटे के यौन शोषण की तहरीर देकर कंडक्टर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस ने आरोपी कंडक्टर को नोएडा से गिरफ्तार कर लिया। स्कूल बस को भी कब्जे में ले लिया गया है।
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वैशाली सेक्टर-5 निवासी इंजीनियर का चार साल का बेटा नोएडा के एक पब्लिक स्कूल में नर्सरी में पढ़ता है। वह स्कूल बस से आता-जाता है।

पुलिस के मुताबिक बच्चे के माता-पिता ने बताया कि है कि बृहस्पतिवार को स्कूल से लौटते समय बेटे ने बस कंडक्टर कालू (20) निवासी नोएडा से टायलेट जाने को कहा।

कंडक्टर उसे टायलेट ले जाने के बजाए बस की पिछली सीट पर ले गया और उससे अश्लीलता करने लगा। बच्चे के विरोध करने पर कंडक्टर ने पेंसिल से उसके नाजुक अंगों पर वार किए। बेटे ने घर पहुंचकर माता-पिता को दर्द होने की बात बताई। माता-पिता ने देखा तो चोट के निशान मिले।

एमिटी स्कूल प्रबंधन से मामले में बात की गई, लेकिन उनकी सुनी नहीं गई। इतना ही नहीं स्कूल प्रबंधन के लोगों ने अपने फोन तक बंद कर लिए। जिसके बाद थाना इंदिरापुरम में शिकायत दी गई।

एसएचओ इंदिरापुरम ने बताया कि बस कंडक्टर कालू पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। बृहस्पतिवार रात ही पुलिस टीम ने स्कूल के बाहर खड़ी बस से कालू को गिरफ्तार कर लिया।

घटना निजी बस में हुई है, यह स्कूल की बस नहीं थी। इसलिए स्कूल प्रबंधन की कोई जिम्मेदारी नहीं है। हालांकि जो भी हुआ है, गलत है। आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।- सविता मेहता, स्कूल प्रवक्ता, नोएडा


बच्चों को बताएं, क्या है बैड टच
मनोचिकित्सक डॉ. अमिताभ साहा ने बताया कि बाहर से लौटे बच्चों को पास बैठाकर पूछे कि वह कितने लोगों से मिला। क्या उनमें से कोई नए अंकल भी थे। स्कूल की गतिविध पूछे। बच्चों को बैड टच के बारे में थोड़ा-बहुत बताना जरूरी है। ताकि कोई गलत हरकत करे तो आपका बच्चा विरोध कर सके।

शिक्षा का मंदिर हो रहा शर्मसार
समाजशास्त्री प्रो. जीडी शर्मा ने कहा कि शिक्षा के मंदिर में शर्मनाक करने वाली घटनाएं कुंठित लोगों द्वारा की जातह है। ऐसी घटनाएं न हो और बच्चों को सुरक्षित माहौल मिले इसके लिए स्कूल प्रबंधन को चेतना होगा। स्कूल प्रबंधन निगरानी रखें तो ऐसी कोई वारदात ही न हो। जरूरी है कि लोगों के जेहन में खौफ पैदा किया जाए।

इन बातों का ख्याल रखे अभिभावक
- बच्चों को अजनबियों से दूर रहने को कहें।
- स्कूल से लौटने पर बच्चे के रूटीन के बारे में पूछें।
- सुनिश्चित करें कि बच्चों के दोस्त उन्हें गलत रास्ते पर न ले जाएं।
- बच्चे के व्यवहार में परिवर्तन होता है तो तुरंत पूछताछ करें।
- स्कूल जाकर बच्चे की परफॉर्मेंस और व्यवहार के बारे में जानें।
- घर के नौकर, बस ड्राइवर, कंडक्टर आदि पर नजर रखें।

स्कूल बस में बच्चों से यौन अपराधः-

3 जुलाई, 2013: वनस्थली पब्लिक स्कूल के दो शिक्षकों ने सातवीं की छात्रा से की छेड़छाड़।
06 नवंबर, 2012: इंदिरापुरम के प्रिसीडियम स्कूल में मासूम छात्रा से केयरटेकर ने की दरिंदगी।
07 सितंबर, 2012: वसुंधरा स्थित डीपीएसजी में नर्सरी की बच्ची का बस ड्राइवर-कंडक्टर ने किया रेप।

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