रानी की सराय। स्थानीय थाना परिसर में संचालित हो रहे साइबर थाने का शुक्रवार को एडीजी साइबर क्राइम रामकुमार ने निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि साइबर क्राइम की बढ़ती घटनाओं पर लगाम लगाना ही इस थाने का मुख्य उद्देश्य है।
जनपद में पहुंचने पर एडीजी साइबर क्राइम को सबसे पहले सर्किट हाऊस में गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इसके पश्चात वे साइबर थाना रानी की सराय पहुंचे। जहां उन्होंने परिसर के साफ-सफाई व्यवस्था का सबसे पहले हाल लिया। इसके बाद उन्होंने साइबर थाने में दर्ज मुकदमों का रजिस्टर देखा और उस पर की गई कार्रवाई की जानकारी ली। इसके पश्चात डीआईजी सुबास चंद्र दुबे व एसपी सुधीर कुमार सिंह के साथ साइबर अपराधों को रोकने व हुई घटनाओं के खुलासे पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि यह एरिया ऐसा है जहा काफी समय से साइबर अपराध होता रहा है। यही कारण है कि यहां साइबर क्राइम थाना स्थापित किया है। इस थाने को अत्याधुनिक संसाधनों से लैस किया गया है। ताकि फेक न्यूज, सोशल मीडिया, बैंक फ्रॉड, ऑनलाइन फ्रॉड जैसे मामलों को सॉल्व किया जा सके। साइबर क्राइम के रोकथाम के लिए लोगोें को जागरूक करना होगा। इसके लिए स्कूलों, कालेजों, थाने के बाहर सहित सार्वजनिक स्थानों पर कैंप आदि लगाकर लोगों को जागरूक किया जाएगा। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि अपने एटीएम कार्ड का नंबर, ओटीपी, लिंक किसी से शेयर न करें। साइबर क्राइम के मामलों में बैंकों से डाटा लिक होने के मामले पर कहा कि बैंकों से डाटा लिक होेने के कई मामले सामने आए हैं। जांच के दौरान बैंकों के कर्मचारी पकड़े भी गए हैं।