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प्रधान रोवांपार को कारण बताओ नोटिस, दो वीडीओ और दो अवर अभियंताओं पर भी कार्रवाई
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आजमगढ़। गांव में विकास कार्यों की शिकायत पर हुई जांच में मामला सत्य मिलने पर डीएम राजेश कुमार ने तरवां विकास खंड के रोवांपार ग्राम पंचायत की ग्राम प्रधान जोहरा बेगम को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। वहीं डीएम ने अधिशासी अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण विभाग को दो अवर अभियंताओं और जिला विकास अधिकारी दो ग्राम विकास अधिकारियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।
तरवां विकास खंड के रोवांपार गांव निवासी फिरतू पुत्र राममूरत यादव ने गांव में हुए विकास कार्यों में धांधली का आरोप लगाया था। डीएम के निर्देश पर शिकायत की जांच की गई। जांच में खड़ंजा मरम्मत में 8319 रुपये का अधिक भुगतान पाया गया। जिसमें जांच टीम ने प्रधान, सचिव यादवेंद्र विक्रम सिंह और अवर अभियंता राकेश चंदेल को दोषी पाया। वहीं एक दूसरे कार्य में 7241 रुपये अधिक भुगतान पाया गया। एक अन्य निर्माण कार्य में टीम ने 81,348 रुपये की अनियमितता पाई। इसके लिए टीम ने ग्राम प्रधान, सचिव सुमिंदल और अवर अभियंता अशोक कुमार को दोषी ठहराया। गांव में लगी आठ सोलर लाइटों में से दो में बैट्री न लगाकर 20 हजार की अनियमितता पाई गई। इसके लिए प्रधान जोहरा बेगम, सचिव सुमिंदल और अवर अभियंता अशोक कुमार को दोषी पाया। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद डीएम ने ग्राम प्रधान जोहरा बेगम को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए 15 दिन में साक्ष्यों सहित स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि इस अवधि में संतोषजनक स्पष्टीकरण नहीं मिलता है तो कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने अधिशासी अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण विभाग को अवर अभियंता राकेश चंदेल और अशोक कुमार के खिलाफ कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। वहीं जिला विकास अधिकारी को निर्देश दिया है कि वह ग्राम विकास अधिकारी यादवेंद्र विक्रम सिंह और सुमिंदल के खिलाफ कार्रवाई करें।
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तरवां विकास खंड के रोवांपार गांव निवासी फिरतू पुत्र राममूरत यादव ने गांव में हुए विकास कार्यों में धांधली का आरोप लगाया था। डीएम के निर्देश पर शिकायत की जांच की गई। जांच में खड़ंजा मरम्मत में 8319 रुपये का अधिक भुगतान पाया गया। जिसमें जांच टीम ने प्रधान, सचिव यादवेंद्र विक्रम सिंह और अवर अभियंता राकेश चंदेल को दोषी पाया। वहीं एक दूसरे कार्य में 7241 रुपये अधिक भुगतान पाया गया। एक अन्य निर्माण कार्य में टीम ने 81,348 रुपये की अनियमितता पाई। इसके लिए टीम ने ग्राम प्रधान, सचिव सुमिंदल और अवर अभियंता अशोक कुमार को दोषी ठहराया। गांव में लगी आठ सोलर लाइटों में से दो में बैट्री न लगाकर 20 हजार की अनियमितता पाई गई। इसके लिए प्रधान जोहरा बेगम, सचिव सुमिंदल और अवर अभियंता अशोक कुमार को दोषी पाया। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद डीएम ने ग्राम प्रधान जोहरा बेगम को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए 15 दिन में साक्ष्यों सहित स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि इस अवधि में संतोषजनक स्पष्टीकरण नहीं मिलता है तो कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने अधिशासी अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण विभाग को अवर अभियंता राकेश चंदेल और अशोक कुमार के खिलाफ कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। वहीं जिला विकास अधिकारी को निर्देश दिया है कि वह ग्राम विकास अधिकारी यादवेंद्र विक्रम सिंह और सुमिंदल के खिलाफ कार्रवाई करें।
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