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...मेरे बच्चे भी पढ़ लिखकर विवेकानंद हो जाएं : अंबर

Fri, 06 Mar 2026 12:41 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Fri, 06 Mar 2026 12:41 AM IST
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...my children should also become Vivekananda after studying: Amber
महामूर्ख सम्मेलन में काव्यपाठ करते बिहारी लाल अंबर। श्रोत-आयोजक
आजमगढ़। होली के अवसर पर श्री मारवाड़ी धर्मशाला समिति के तत्वावधान में बुधवार की शाम पुरानी सब्जी मंडी स्थित मारवाड़ी धर्मशाला में होली मिलन समारोह एवं महामूर्ख सम्मेलन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में हास्य-व्यंग्य की फुहारों के बीच नगरवासियों ने पारंपरिक अंदाज में ठहाके लगाते हुए भरपूर आनंद उठाया। कार्यक्रम के दौरान मनोरंजन के लिए प्रतीकात्मक रूप से “मूर्खता जांच शिविर” लगाया गया। इसमें होली की शाम पहुंचे लोगों की निशुल्क “मूर्खता जांच” की गई। मंच से कवियों ने अपने काव्य पाठ के माध्यम से सामाजिक ताने-बाने और समसामयिक विषयों पर व्यंग्य करते हुए श्रोताओं को खूब हंसाया। कार्यक्रम की शोभा बढ़ाने के लिए पूर्व विधानसभा प्रत्याशी भाजपा अखिलेश मिश्रा ‘गुड्डू’ भी मौजूद रहे। सम्मेलन में प्रयागराज से हास्य कवि बिहारी लाल ‘अम्बर’, बलिया से कवयित्री प्रतिभा यादव तथा जनपद के कवियों में झटपट जी झाड़ से, लाजकुमारी ‘आशीर्वाद’, कमलेशी जी (अजीपुर), अजय गुप्ता ‘अज्जू’, ताज आज़मी, नामी जी समेत अन्य कवियों ने हास्य-व्यंग्य की शानदार प्रस्तुतियां दीं, जिससे श्रोताओं को ठहाके लगाने पर मजबूर होना पड़ा। बिहारी लाल अंबर ने जब अपनी रचना ‘...मेरे बच्चे भी पढ़ लिखकर विवेकानंद हो जाएं’ और बलिया से आई कवियित्री प्रतिभा यादव ने ‘प्रेम भााव का साार है होली, मौसम का श्रृंगार है होली’ सुनाकर लोगों की खूब वाहवाही लूटी। मंच पर मौजूद अन्य कवियों ने भी अपनी रचनाओं से लोगों को हंसने के लिए विवश किया। कार्यक्रम का संचालन एंकर अभय तिवारी ने किया। मंच पर पहुंचे सभी कवियों का समिति की ओर से पारंपरिक रीति से सब्जियों की माला पहनाकर और विशेष टोपी पहनाकर स्वागत किया गया। कार्यक्रम आयोजक श्याम सुंदर डालमिया ने बताया कि इस सम्मेलन की शुरुआत प्रख्यात कवि सूंड फैजाबादी द्वारा “बुरा न मानो होली है” की तर्ज पर की गई थी। तभी से होली के अवसर पर यह आयोजन लगातार मारवाड़ी धर्मशाला समिति द्वारा किया जाता रहा है। इस आयोजन के माध्यम से लोग हंसी-मजाक और पुरानी परंपराओं के जरिए समाज को जोड़ने का काम करते हैं। इस अवसर पर धर्मशाला समिति के अशोक खंडेलिया, संदीप सराफ, राजीव डालमिया, अनिल रूंगटा, भोलानाथ जालान, अजित रूंगटा, मनोज खेतान, विष्णु रूंगटा, अविनाश जालान आदि उपस्थित रहे।
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