आजमगढ़। उत्तर प्रदेश मनरेगा महासंघ के आवाहन पर जनपद के समस्त मनरेगा कर्मचारियों, अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी, तकनीकी सहायक, लेखा सहायक, कंप्यूटर आपरेटर और ग्राम रोजगार सेवकों ने छह सूत्रीय मांगों के निस्तारण को लेकर सोमवार को सांकेतिक धरना और प्रदर्शन किया।
मनरेगा महासंघ ने अपनी प्रमुख मांगों में वर्तमान में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा तीन वर्षो से अधिक समय से कार्यरत अस्थायी कर्मचारियों का नियमितीकरण किए जाने,जो दस से पंद्रह वर्ष से कार्यरत है उन्हे नियमित किए जाने, मनरेगा योजनांतर्गत जेम पोर्टल से की जा रही भर्ती पर पूर्ण रुप से रोक लगाए जाने, महिला मेट का चयन ग्राम पंचायत स्तर से नियमानुसार किए जाने,नियमितिकरण की प्रक्रिया पूर्ण होने तक समस्त मनरेगा कर्मिको को समान कार्य के सापेक्ष समान वेतन दिए जाने, 2015 से लंबित ईपीएफ का नियोक्ता अंश तत्काल जमा किए जाने, सेवा नियमावली तत्काल लागू किए जाने की मांग जिलाधिकारी से की गई। महासंघ ने चेतावनी दी है कि उक्त मांगों के पूर्ण न होने की दशा में 26 जुलाई को राज्य स्तर पर धरना-प्रदर्शन कर अनिश्चित कालीन कार्य बहिष्कार किया जाएगा। इस मौके पर सुनील कुमार चौधरी, बृजभान शर्मा, सुनील कुमार, दुखरन राम, बद्रीनारायण सिंह, अतुल कुमार बरनवाल, रोशन लाल, रामानुज राय, अश्विनी मिश्रा, दयाराम शुक्ल सहित अनेक कर्मचारी उपस्थित रहे।