राज्यपाल आनंदीबेन पटेल शुक्रवार को कृषि महाविद्यालय कोटवा आजमगढ़ पहुंची। उन्होने सभागार में जनपद में निर्माणाधीन महाराजा सुहेलदेव राज्य विश्वविद्यालय आजमगढ़ की समीक्षा की। राज्यपाल महोदया ने वाइस चांसलर को निर्देश दिया कि विश्वविद्यालय में सृजित किए गए 11 संकायों के 30 शैक्षणिक संस्थानों में 210 पदों को भरने के लिए तत्काल अधिसूचना जारी किया जाय। कहा कि 15-20 दिन के अंदर नियुक्ति की प्रक्रिया चालू कर दी जाए। कहा कि विश्वविद्यालय सत्र 2023-24 चालू करने से पहले अध्यापकों की नियुक्ति हो जानी चाहिए। राज्यपाल ने कहा कि प्रतिनियुक्ति पर आने वाले इच्छुक आवेदकों के लिए समाचार पत्रों में विज्ञापन जारी कराया जाए। शिक्षा को रोजगारपरक बनाने के लिए विशेषज्ञ अध्यापको के 100 से 150 नए पद सृजित किए जाए। वर्तमान में अप्रसांगिक हो चुके पदों को रद्द कर दिया जाए। राज्यपाल ने प्राइवेट महाविद्यालयों में अध्यापकों की भर्ती के लिए समिति का गठन करने का निर्देश दिय नए शैक्षणिक सत्र प्रारम्भ होने से पहले छात्रों के बैठने के लिए तैयारी पूरी कर लें। उन्होने कहा कि जिन फैकल्टियों के शैक्षणिक सत्र को आरम्भ किया जाना है, उनके भवनों के निर्माण को तेजी से पूर्ण कराया जाए। विश्वविद्यालय कैंपस के अंदर सम्पर्क मार्ग, शौचालय, पीने का पानी, पाइपलाइन एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं को सत्र आरम्भ होने से पहले पूर्ण करा लें। उन्होने कहा कि 15 जुलाई तक स्नात्कोत्तर (पीजी) भवनों का निर्माण पूर्ण करा लें। कैंपस के अंदर इण्टरनेट, पुस्तकालय, फर्नीचर एवं पुस्तकों की टेंडर प्रक्रिया 25 जुलाई तक पूर्ण करा लें। राज्यपाल ने विश्वविद्यालय परिसर में निर्बाध विद्युत आपूर्ति के लिए 11 केवीए का संयोजन व्यवस्था को पूर्ण करने का निर्देश दिया। विश्वविद्यालय के शैक्षणिक भवनों के निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए राज्यपाल ने कहा कि निर्माण कार्यों की गुणत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता न हो। उन्होने इसके निर्माण कार्यों की जांच करने के लिए बीएचयू आईआईटी की कमेटी गठित करने का सुझाव दिया। राज्यपाल ने कहा कि शैक्षणिक भवनों का निर्माण इस प्रकार से किया जाए कि अगले 25 साल तक किसी भी प्रकार की मरम्मत या सुदृढ़ीकरण न कराना पड़े और निर्माण कार्यों में प्रयोग होने वाले मैटेरियल टेंडर में लिखी हुई शर्तों के अनुसार होनी चाहिए। राज्यपाल आनंदी बेन पटेल शुक्रवार को कृषि महाविद्यालय कोटवा पहुंची। जहां पर उन्होने ब्लैक पॉटरी, कृषि विज्ञान केंद्र कोटवा द्वारा लगाई गई फलों व सब्जी के स्टॉल व आइसीडीएस विभाग द्वारा लगाए स्टाल व कृषि महाविद्यालय कोटवा के छात्रों द्वारा लगाए गए मॉडल का अवलोकन किया। इस दौरान महाविद्यालय के छात्रों द्वारा मोटे अनाज एवं सब्जियों से बनाई गई रंगोली आकर्षण के केंद्र बनी रही। इस अवसर पर महाविद्यालय के डॉ.विनय कुमार सिंह, डॉ.संदीप पांडेय, डॉ.विनोद कुमार, डॉ.अशोक कुमार सिंह, डॉ.प्रकाश यादव, डॉ.विमलेश कुमार, डॉ.विनीत प्रताप सिंह, डॉ.रेनू गंगवार, डॉ.आकांक्षा तिवारी, डॉ.रेनू गंगवार, डॉ. विजय लक्ष्मी राय एवं डॉ. टी पंडिआराज एवं कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ.आरके सिंह, डॉ. आरपी सिंह, डॉ.रणधीर नायक, डॉ.विनय कुमार सिंह, डॉ.अर्चना देवी समेत आदि उपस्थित थे।