Azamgarh News: आदर्श हत्याकांड के मुख्य आरोपी का भाई मुठभेड़ में गिरफ्तार, पैर में लगी गोली
आजमगढ़ में संगीत कलाकारों के गांव हरिहरपुर के रहने वाले आदर्श मिश्रा पुत्र राजेश मिश्रा की मंगलवार की रात गांव में स्थित शीतला माता मंदिर के पास गोली मार कर हत्या कर दी गई थी। एक आरोपी को पुलिस ने बुधवार रात मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार कर लिया।
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हरिहरपुर घराने के युवा तबला वादक आदर्श मिश्रा की हत्या में शामिल एक आरोपी बुधवार देर रात मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया गया। पैर में गोली लगने से घायल बदमाश को सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उसके पास से पुलिस ने तमंचा व कारतूस बरामद किया है। आजमगढ़ एसपी अनुराग आर्य ने बताया कि आदर्श हत्याकांड में में नामजद अभियुक्त मोनू यादव खैरूद्दीनपुर पुलिया के पास मुठभेड़ में घायल हो गया।
बताया कि मुठभेड़ में घायल होकर गिरफ्त में आया मोनू यादव हत्याकांड के मुख्य अभियुक्त सुशील उर्फ गोल्डी यादव का भाई है। अभी इस हत्याकांड में मुख्य आरोपी सुशील यादव के साथ ही दो अज्ञात फरार चल रहे हैं। गिरफ्तारी के लिए चार टीमें लगातार दबिश दे रही है।
हत्यारोपी के निर्माण पर गरजा बुलडोजर
आदर्श मिश्रा की हत्या के मुख्य आरोपी के परिवार की ओर से पोखरे पर किए गए अतिक्रमण को प्रशासन ने बुधवार को ढहा दिया। पूरा परिवार घर छोड़ कर फरार है। कंधरापुर क्षेत्र में संगीत कलाकारों के गांव हरिहरपुर के रहने वाले आदर्श मिश्रा पुत्र राजेश मिश्रा की मंगलवार की रात गांव में स्थित शीतला माता मंदिर के पास गोली मार कर हत्या कर दी गई थी।
राजेश मिश्रा ने घटना के बाबत गांव के ही रहने वाले सुशील उर्फ गोल्डी यादव पुत्र रामनयन यादव को मुख्य आरोपी के तौर पर नामजद किया था। इसके साथ एक अज्ञात युवक भी तहरीर में शामिल है। वहीं राजस्व विभाग की टीम भी बुधवार को गांव में पहुंच गई।
मुख्य आरोपी के घर के सामने स्थित पोखरी की नापी की। इसमें मुख्य आरोपी के परिवार द्वारा पोखरी पर अवैध कब्जा पाया गया। इसके बाद जेसीबी लगाकर बाउंड्री, बड़दौर, एक कमरा, शौचालय आदि जो अतिक्रमण की जद में थे, ढहा दिया गया। इसके साथ ही पाट दी गई पोखरी की जमीन की खोदाई का कार्य भी शुरू करा दिया।
एसडीएम के साथ कई थानों की फोर्स रही
मुख्य आरोपी गोल्डी यादव के परिवार द्वारा पोखरी पर किए गए अतिक्रमण को हटवाने के लिए एसडीएम सदर न्यायिक विमल कुमार दुबे के नेतृत्व में तहसीलदार सदर उमाशंकर त्रिपाठी, लेखपाल के साथ ही कंधरापुर, बरदह व सिधारी थाने की फोर्स मौके पर पहुंची थी। पहले नापी कर अतिक्रमण चिन्हित किया, इसके बाद जेसीबी लगा कर उसे ढहवा दिया।