{"_id":"6898e837543de09c1e0a28f4","slug":"elderly-man-stabbed-to-death-in-azamgarh-azamgarh-news-c-20-vns1017-1084151-2025-08-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"Azamgarh News: आजमगढ़ में बुजुर्ग की चाकू गोदकर हत्या","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Azamgarh News: आजमगढ़ में बुजुर्ग की चाकू गोदकर हत्या
विज्ञापन
थाना क्षेत्र के उसर गांव में शनिवार की रात एक बुजुर्ग राजबहादुर उर्फ मंगला सिंह (80) की चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई। वारदात के कारणों का अभी तक पता नहीं चल सका है। घटनास्थल पर पुलिस को दरवाजे पर लिखा संदेश मिला ''बुत के घर हव, जे जाई उ वापस ना आई''। इससे घटना और रहस्यमय हो गई है। मृतक के भाई सत्यनारायण की तहरीर पर अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
भाई सत्यनारायण के अनुसार, बरदह थाना क्षेत्र के उसर गांवा निवासी राजबहादुर उर्फ मंगला सिंह घर पर रहते थे। उनकी पत्नी सुमन अपने बेटे और बहू के साथ गाजीपुर जिले के शादियाबाद थाना क्षेत्र के मनिहारी गांव में नेवासा पर रहती हैं। मंगला, सत्यनारायण सिंह के घर खाते-पीते थे और अपने घर रहते थे। रोज की तरह मंगला अपने पुराने कच्चे घर के टीनशेड में सोने गए थे। वहां सुबह उनका रक्तरंजित शव मिला। वहीं, दरवाजे पर काले स्केच पेन से लिखा था कि ''बुत के घर हव, जे जाई उ वापस ना आई''।
उधर, घटना के बाद मौके पर जुटे आसपास के लोगों ने कहा कि दरवाजे पर इसके पहले कुछ नहीं लिखा था। फिलहाल यह जिसने भी लिखा है पर यह साफ है कि उसे ठीक से हिंदी नहीं आती है, क्योंकि उसे शब्द और मात्रा का ज्ञान नहीं है। इसलिए लिखने में उसने गलती की है। घर के दरवाजे पर क्यों लिखा गया कि ''बुत के घर हव, जे जाई उ वापस ना आए'' यह हर किसी के मन में सवाल खड़ा कर रहा है। लोग आशंका जता रहे कि कहीं घर को हड़पने के लिए तो किसी ने इस तरह का शब्द नहीं लिखा कि मंगला के मरने के बाद उनके परिवार का कोई सदस्य इस घर को लेने न आए। फिलहाल यह तो जांच का विषय है। फोरेंसिक टीम ने जांच की और इसकी फोटो भी अपने साथ ले गई।
विज्ञापन
घर के दरवाजे पर जो लिख संदेश काफी पहले का है। वह नया नहीं है। मृतक के भाई सत्यनारायण की तहरीर पर अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले की जांच के लिए तीन टीमें लगाई गई है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।- मधुबन कुमार सिंह, एसपी सिटी आजमगढ़।
विज्ञापन
भाई सत्यनारायण के अनुसार, बरदह थाना क्षेत्र के उसर गांवा निवासी राजबहादुर उर्फ मंगला सिंह घर पर रहते थे। उनकी पत्नी सुमन अपने बेटे और बहू के साथ गाजीपुर जिले के शादियाबाद थाना क्षेत्र के मनिहारी गांव में नेवासा पर रहती हैं। मंगला, सत्यनारायण सिंह के घर खाते-पीते थे और अपने घर रहते थे। रोज की तरह मंगला अपने पुराने कच्चे घर के टीनशेड में सोने गए थे। वहां सुबह उनका रक्तरंजित शव मिला। वहीं, दरवाजे पर काले स्केच पेन से लिखा था कि ''बुत के घर हव, जे जाई उ वापस ना आई''।
विज्ञापन
उधर, घटना के बाद मौके पर जुटे आसपास के लोगों ने कहा कि दरवाजे पर इसके पहले कुछ नहीं लिखा था। फिलहाल यह जिसने भी लिखा है पर यह साफ है कि उसे ठीक से हिंदी नहीं आती है, क्योंकि उसे शब्द और मात्रा का ज्ञान नहीं है। इसलिए लिखने में उसने गलती की है। घर के दरवाजे पर क्यों लिखा गया कि ''बुत के घर हव, जे जाई उ वापस ना आए'' यह हर किसी के मन में सवाल खड़ा कर रहा है। लोग आशंका जता रहे कि कहीं घर को हड़पने के लिए तो किसी ने इस तरह का शब्द नहीं लिखा कि मंगला के मरने के बाद उनके परिवार का कोई सदस्य इस घर को लेने न आए। फिलहाल यह तो जांच का विषय है। फोरेंसिक टीम ने जांच की और इसकी फोटो भी अपने साथ ले गई।
विज्ञापन
घर के दरवाजे पर जो लिख संदेश काफी पहले का है। वह नया नहीं है। मृतक के भाई सत्यनारायण की तहरीर पर अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले की जांच के लिए तीन टीमें लगाई गई है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।- मधुबन कुमार सिंह, एसपी सिटी आजमगढ़।