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Azamgarh News: मृतक सनी के परिजनों को एक करोड़ मुआवजा और नौकरी देने की मांग
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आजमगढ़। तरवां थाना क्षेत्र के उमरी पट्टी गांव में हुई सनी कुमार की मौत मामला सपा सांसद धर्मेंद्र यादव ने लोकसभा में उठाया। साथ ही मृतक के परिजनों को एक करोड़ रुपये मुआवजा और सरकारी नौकरी देने की मांग की।
लोकसभा में सांसद धर्मेंद्र यादव ने कहा कि उत्तर प्रदेश में दलित समुदाय पर सबसे अधिक अत्याचार हो रहा है और हिरासत में मौत के मामले में भी यह राज्य सबसे आगे है। 31 मार्च को ईद के मौके पर वे अपने संसदीय क्षेत्र आजमगढ़ में थे, जब उन्हें सूचना मिली कि तरवां थाना क्षेत्र के उमरी पट्टी गांव से अनुसूचित जाति के युवक सनी कुमार (21) को पुलिस ने तीन दिन पहले हिरासत में लिया था। उन्होंने कहा कि न्यायालय का स्पष्ट निर्देश है कि 24 घंटे के भीतर चालान होना चाहिए और मामला कोर्ट में जाना चाहिए, लेकिन उत्तर प्रदेश में पुलिस न्यायालय और ईश्वर से भी ऊपर हो गई है।
सांसद ने आरोप लगाया कि थाना तरवां में सनी कुमार की हत्या कर दी गई और पुलिस ने इसे आत्महत्या बताने की कोशिश की। उन्होंने कहा, पुलिस ने दावा किया कि सनी ने लोवर के नाड़े से फंदे लगाया, लेकिन परिवार को कोई सूचना नहीं दी गई। शव को सीधे पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया गया। मृतक अपने परिवार का इकलौता बेटा था, उसकी दो बहनें हैं, जिनमें से एक विकलांग है। परिवार का भविष्य अंधेरे में है, दोनों बहनों की शादी भी नहीं हुई है। सांसद धर्मेंद्र यादव ने मांग की कि पीड़ित परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी और एक करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाए। इसके साथ ही उन्होंने सपा के दलित सांसद रामजी लाल सुमन पर हुए हमले को लेकर भी सरकार की कड़ी आलोचना की और इस मुद्दे पर कड़ा रुख अपनाने की बात कही।
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लोकसभा में सांसद धर्मेंद्र यादव ने कहा कि उत्तर प्रदेश में दलित समुदाय पर सबसे अधिक अत्याचार हो रहा है और हिरासत में मौत के मामले में भी यह राज्य सबसे आगे है। 31 मार्च को ईद के मौके पर वे अपने संसदीय क्षेत्र आजमगढ़ में थे, जब उन्हें सूचना मिली कि तरवां थाना क्षेत्र के उमरी पट्टी गांव से अनुसूचित जाति के युवक सनी कुमार (21) को पुलिस ने तीन दिन पहले हिरासत में लिया था। उन्होंने कहा कि न्यायालय का स्पष्ट निर्देश है कि 24 घंटे के भीतर चालान होना चाहिए और मामला कोर्ट में जाना चाहिए, लेकिन उत्तर प्रदेश में पुलिस न्यायालय और ईश्वर से भी ऊपर हो गई है।
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सांसद ने आरोप लगाया कि थाना तरवां में सनी कुमार की हत्या कर दी गई और पुलिस ने इसे आत्महत्या बताने की कोशिश की। उन्होंने कहा, पुलिस ने दावा किया कि सनी ने लोवर के नाड़े से फंदे लगाया, लेकिन परिवार को कोई सूचना नहीं दी गई। शव को सीधे पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया गया। मृतक अपने परिवार का इकलौता बेटा था, उसकी दो बहनें हैं, जिनमें से एक विकलांग है। परिवार का भविष्य अंधेरे में है, दोनों बहनों की शादी भी नहीं हुई है। सांसद धर्मेंद्र यादव ने मांग की कि पीड़ित परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी और एक करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाए। इसके साथ ही उन्होंने सपा के दलित सांसद रामजी लाल सुमन पर हुए हमले को लेकर भी सरकार की कड़ी आलोचना की और इस मुद्दे पर कड़ा रुख अपनाने की बात कही।
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