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हत्या का चश्मदीद गवाह था, इसलिए कर दी हत्या
अमर उजाला ब्यूरो, आजमगढ़
Updated Wed, 17 May 2017 11:34 PM IST
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हत्या का चश्मदीद गवाह था, इसलिए कर दी हत्या
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दीदारगंज थाना क्षेत्र के एक गांव में 14 मई की रात आठ वर्षीय बालक की हत्या करने वाले आरोपी को पुलिस ने बुधवार की सुबह कुशलगांव बस स्टैंड के पास से गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान आरोपी ने बताया कि वह गांव के छह वर्षीय बालक आर्यन की हत्या का चश्मदीद गवाह था। बार-बार घटना के संबंध में आर्यन के घरवालों को बताने की धमकी दे रहा था। इसलिए उसने आदित्य की हत्या कर दी। पुलिस ने आरोपी का चालान कर दिया।
एसपी अजय साहनी के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी रितेश सिंह पुत्र संतप्रसाद सिंह दीदारगंज थाना क्षेत्र का रहने वाला है। रितेश के दादा की वर्षों पहले हत्या कर दी गई थी। रितेश उसी हत्या का बदला लेना चाहता था। इसके चलते 23 अप्रैल को रितेश अपने दुश्मन के छह वर्षीय बेटे आर्यन सिंह को बहला फुसलाकर सीवान में ले गया और हत्या कर दी। रितेश ने आर्यन की लाश गड्ढा खोदकर दफना दिया और पुआल से ढंक दिया।
एसपी ने बताया कि जिस समय रितेश ने आर्यन की हत्या की थी। यह पूरा दृश्य उसके गांव का आठ वर्षीय आदित्य ने देख लिया था। रितेश ने आदित्य को यह बात किसी से न बताने की धमकी दी थी लेकिन वह आर्यन के घरवालों से बता देने की धमकी दे रहा था। इस धमकी से परेशान रितेश सिंह ने आदित्य को भी ठिकाने लगाने की योजना बनाई। 14 मई को सीवान में ले जाकर आदित्य की हत्या कर दी।
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आदित्य की लाश 15 मई को पोखरी से बरामद हुई। आदित्य के पिता ने रितेश के विरुद्ध नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई। इस दौरान आर्यन के मौत का भी राजफाश हुआ। बुधवार को मुखबिर के जरिए सूचना मिलने पर एसओ दीदारगंज ने कुशलगांव बस स्टैंड के पास से रितेश को गिरफ्तार कर लिया। वह कहीं भागने की फिराक में खड़ा था।
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एसपी अजय साहनी के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी रितेश सिंह पुत्र संतप्रसाद सिंह दीदारगंज थाना क्षेत्र का रहने वाला है। रितेश के दादा की वर्षों पहले हत्या कर दी गई थी। रितेश उसी हत्या का बदला लेना चाहता था। इसके चलते 23 अप्रैल को रितेश अपने दुश्मन के छह वर्षीय बेटे आर्यन सिंह को बहला फुसलाकर सीवान में ले गया और हत्या कर दी। रितेश ने आर्यन की लाश गड्ढा खोदकर दफना दिया और पुआल से ढंक दिया।
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एसपी ने बताया कि जिस समय रितेश ने आर्यन की हत्या की थी। यह पूरा दृश्य उसके गांव का आठ वर्षीय आदित्य ने देख लिया था। रितेश ने आदित्य को यह बात किसी से न बताने की धमकी दी थी लेकिन वह आर्यन के घरवालों से बता देने की धमकी दे रहा था। इस धमकी से परेशान रितेश सिंह ने आदित्य को भी ठिकाने लगाने की योजना बनाई। 14 मई को सीवान में ले जाकर आदित्य की हत्या कर दी।
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आदित्य की लाश 15 मई को पोखरी से बरामद हुई। आदित्य के पिता ने रितेश के विरुद्ध नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई। इस दौरान आर्यन के मौत का भी राजफाश हुआ। बुधवार को मुखबिर के जरिए सूचना मिलने पर एसओ दीदारगंज ने कुशलगांव बस स्टैंड के पास से रितेश को गिरफ्तार कर लिया। वह कहीं भागने की फिराक में खड़ा था।