{"_id":"59c15c6c4f1c1bb6688b55ec","slug":"41505844332-azamgarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दशहरा पूजा की तैयारियां तेज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दशहरा पूजा की तैयारियां तेज
Updated Tue, 19 Sep 2017 11:43 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आजमगढ़। कलेक्ट्रेट सभागार में मंगलवार को जिला शांति एवं सद्भावना समिति की बैठक हुई। जिलाधिकारी चंद्रभूषण सिंह ने कहा है कि त्यौहारों को सकुशल, शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन कटिबद्ध है। त्यौहारों पर शांति व्यवस्था में खलल पैदा करने वालो की खैर नही है।
उन्होंने साफ-सफाई के साथ विद्युत व जलापूर्ति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। कहा कि जर्जर एवं ढीले तारों को ठीक करें। क्षतिग्रस्त मार्गों की मरम्मत जल्द कराए। जिलाधिकारी ने बताया कि सुरक्षा के दृष्टिगत पुलिस बल की पर्याप्त उपलब्धता रहेगी। काफी संख्या में नगर के प्रमुख स्थानों पर सीसी टीवी कैमरे लगाए जाएंगे। उन्होंने यह भी बताया कि विर्सजन स्थलों पर नावों की व्यवस्था रहेगी। उन्होंने कहा कि कोई नई परंपरा की शुरूआत नही होगी। डीएम ने मिलावटी सामानों की बिक्री पर रोक लगाने और निरंतर उस पर निगरानी रखने का निर्देश दिया। पुलिस अधीक्षक अजय कुमार साहनी ने कहा की पुलिस प्रशासन जन सुरक्षा के दृष्टिगत तत्पर है। उन्होंने बताया कि जिले में 1047 प्रतिमाएं रखी जाती है तथा 265 जुलूस निकाले जाते है और 94 स्थलों पर प्रतिमाओं का विर्सजन किया जाता है। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी अभिषेक सिंह, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व बीके गुप्ता, सभी उप जिलाधिकारी सहित विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
आपसी भाईचारगी के साथ मनाए पर्व
मुबारकपुर(ब्यूरो)। पुलिस चौकी के परिसर में मंगलवार की शाम शांति समिति की बैठक हुई। जिसमें दशहरा व मोहर्रम पर्व को शांति पूर्वक संपन्न कराने को लेकर मंत्रणा की गई।
विज्ञापन
अतरौलिया संवाददाता के अनुसार प्राथमिक विद्यालय कोयलसा में पीस कमेटी की बैठक उपजिलाधिकारी बूढ़नपुर इंद्रभान तिवारी की अध्यक्षता में हुई। इस दौरान लोगों ने समस्याओं से अधिकारियों को अवगत कराया। इस दौरान बिजली कटौती और जर्जर तारों को बदले जाने का मुद्दा छाया रहा। संचालन प्रमोद कुमार गुप्ता ने किया। अंत में प्रधान ईश्वरपुर पवनी दिनेश जायसवाल ने सभी का आभार प्रकट किया। इस मौके पर एसओ अतरौलिया शिशिर त्रिवेदी, चौकी इंचार्ज बूढ़नपुर राज नारायन यादव आदि मौजूद रहे।
पर्व शांतिपूर्ण ढंग से मनाएं
अहरौला। आगामी पर्वो को देखते हुए मंगलवार को अहरौला थाने मेें शांति समिति की बैठक थानाध्यक्ष चंद्रभान यादव की अध्यक्षता में हुई। बैठक में लोगों ने समस्याओं से अवगत कराया। साथ ही थानाध्यक्ष ने लोगों से पर्वो को शांतिपूर्ण वातावरण में मनाने की अपील की। इस मौके पर संतोष बर्नवाल, मुसाफिर सिंह, जितेंद्र यादव, कृष्ण कुमार शुक्ला, बसंतलाल, विजय बहादुर यादव, बालमुकुंद सिंह, गौरीशंकर सिंह आदि मौजूद रहे।
दशहरा पूजा की तैयारियां चरम पर
मेजवां। कस्बा से लेकर ग्रामीण इलाकों में दशहरा पूजा की तैयारियां शुरु हो गई हैं। समितियों ने पंडाल बनाने का कार्य शुरु हो चुका है। वहीं मूर्ति कलाकार भी मां दुर्गा सहित अन्य देवी-देवताओं की प्रतिमाओं को अंतिम रुप देने में लगे हैं।
फूलपुर क्षेत्र में मूर्ति निर्माण के लिए प्रत्येक वर्ष कोलकाता से कलाकार आते हैं। मूर्ति निर्माण के लिए एक माह से ही पूर्व कैफी आजमी रोड के पास मूर्ति कलाकर डेरा डालकर मूर्ति बनाने में मशगूल हैं। मूर्ति कलाकार लागत के अनुसार ही प्रतिमाओं का निर्माण कर रहे हैं, मूर्ति निर्माण में कलाकरों द्वारा मिट्टी, पुआल, कील, कपडा, रंग, पेंट, बांस और रस्सी आदि का प्रयोग किया जाता है। मूर्ति निर्माण में कलाकारों के अनुसार 30 हजार से लेकर एक लाख से भी ज्यादा का खर्च आता है। कलाकारों ने बताया कि ज्यादातार समितियों ने छोटी मूर्तियों का ही आर्डर दिया है। तो कुछ ने बड़ी मूर्तियों की डिमांड की हैं।
विज्ञापन
उन्होंने साफ-सफाई के साथ विद्युत व जलापूर्ति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। कहा कि जर्जर एवं ढीले तारों को ठीक करें। क्षतिग्रस्त मार्गों की मरम्मत जल्द कराए। जिलाधिकारी ने बताया कि सुरक्षा के दृष्टिगत पुलिस बल की पर्याप्त उपलब्धता रहेगी। काफी संख्या में नगर के प्रमुख स्थानों पर सीसी टीवी कैमरे लगाए जाएंगे। उन्होंने यह भी बताया कि विर्सजन स्थलों पर नावों की व्यवस्था रहेगी। उन्होंने कहा कि कोई नई परंपरा की शुरूआत नही होगी। डीएम ने मिलावटी सामानों की बिक्री पर रोक लगाने और निरंतर उस पर निगरानी रखने का निर्देश दिया। पुलिस अधीक्षक अजय कुमार साहनी ने कहा की पुलिस प्रशासन जन सुरक्षा के दृष्टिगत तत्पर है। उन्होंने बताया कि जिले में 1047 प्रतिमाएं रखी जाती है तथा 265 जुलूस निकाले जाते है और 94 स्थलों पर प्रतिमाओं का विर्सजन किया जाता है। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी अभिषेक सिंह, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व बीके गुप्ता, सभी उप जिलाधिकारी सहित विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
विज्ञापन
आपसी भाईचारगी के साथ मनाए पर्व
मुबारकपुर(ब्यूरो)। पुलिस चौकी के परिसर में मंगलवार की शाम शांति समिति की बैठक हुई। जिसमें दशहरा व मोहर्रम पर्व को शांति पूर्वक संपन्न कराने को लेकर मंत्रणा की गई।
विज्ञापन
अतरौलिया संवाददाता के अनुसार प्राथमिक विद्यालय कोयलसा में पीस कमेटी की बैठक उपजिलाधिकारी बूढ़नपुर इंद्रभान तिवारी की अध्यक्षता में हुई। इस दौरान लोगों ने समस्याओं से अधिकारियों को अवगत कराया। इस दौरान बिजली कटौती और जर्जर तारों को बदले जाने का मुद्दा छाया रहा। संचालन प्रमोद कुमार गुप्ता ने किया। अंत में प्रधान ईश्वरपुर पवनी दिनेश जायसवाल ने सभी का आभार प्रकट किया। इस मौके पर एसओ अतरौलिया शिशिर त्रिवेदी, चौकी इंचार्ज बूढ़नपुर राज नारायन यादव आदि मौजूद रहे।
पर्व शांतिपूर्ण ढंग से मनाएं
अहरौला। आगामी पर्वो को देखते हुए मंगलवार को अहरौला थाने मेें शांति समिति की बैठक थानाध्यक्ष चंद्रभान यादव की अध्यक्षता में हुई। बैठक में लोगों ने समस्याओं से अवगत कराया। साथ ही थानाध्यक्ष ने लोगों से पर्वो को शांतिपूर्ण वातावरण में मनाने की अपील की। इस मौके पर संतोष बर्नवाल, मुसाफिर सिंह, जितेंद्र यादव, कृष्ण कुमार शुक्ला, बसंतलाल, विजय बहादुर यादव, बालमुकुंद सिंह, गौरीशंकर सिंह आदि मौजूद रहे।
दशहरा पूजा की तैयारियां चरम पर
मेजवां। कस्बा से लेकर ग्रामीण इलाकों में दशहरा पूजा की तैयारियां शुरु हो गई हैं। समितियों ने पंडाल बनाने का कार्य शुरु हो चुका है। वहीं मूर्ति कलाकार भी मां दुर्गा सहित अन्य देवी-देवताओं की प्रतिमाओं को अंतिम रुप देने में लगे हैं।
फूलपुर क्षेत्र में मूर्ति निर्माण के लिए प्रत्येक वर्ष कोलकाता से कलाकार आते हैं। मूर्ति निर्माण के लिए एक माह से ही पूर्व कैफी आजमी रोड के पास मूर्ति कलाकर डेरा डालकर मूर्ति बनाने में मशगूल हैं। मूर्ति कलाकार लागत के अनुसार ही प्रतिमाओं का निर्माण कर रहे हैं, मूर्ति निर्माण में कलाकरों द्वारा मिट्टी, पुआल, कील, कपडा, रंग, पेंट, बांस और रस्सी आदि का प्रयोग किया जाता है। मूर्ति निर्माण में कलाकारों के अनुसार 30 हजार से लेकर एक लाख से भी ज्यादा का खर्च आता है। कलाकारों ने बताया कि ज्यादातार समितियों ने छोटी मूर्तियों का ही आर्डर दिया है। तो कुछ ने बड़ी मूर्तियों की डिमांड की हैं।