{"_id":"69eba9863066e88f840ae3f6","slug":"hold-elections-on-time-or-extend-tenure-pradhan-association-ayodhya-news-c-97-1-ayo1027-147977-2026-04-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"समय से चुनाव कराएं या बढ़ाएं कार्यकाल : प्रधान संघ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
समय से चुनाव कराएं या बढ़ाएं कार्यकाल : प्रधान संघ
Fri, 24 Apr 2026 11:03 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
Updated Fri, 24 Apr 2026 11:03 PM IST
विज्ञापन
पूरा बाजार। अखिल भारतीय प्रधान संगठन के नेतृत्व में ग्राम प्रधानों ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन बीडीओ अनुराग सिंह को सौंपा। इसमें पंचायत चुनाव समय से कराने अथवा वर्तमान प्रधानों का कार्यकाल एक वर्ष के लिए बढ़ाने की मांग की गई है।
संगठन के जिला अध्यक्ष राजेश प्रताप सिंह और उपाध्यक्ष अभिषेक सूर्यवंशी ‘अंकुर सिंह’ ने बताया कि पंचायतों में प्रधानों का कार्यकाल जल्द समाप्त होने वाला है। उन्होंने लोकतांत्रिक व्यवस्था बनाए रखने के लिए समय पर चुनाव को आवश्यक बताया। यदि चुनाव संभव न हो तो कार्यकाल बढ़ाने की मांग की गई। ज्ञापन में कहा गया कि कोरोना महामारी के दौरान प्रधानों ने गांवों में लोगों की सेवा की। प्रवासी मजदूरों के लिए भोजन और आवास की व्यवस्था की। कोरोना के कारण करीब डेढ़ वर्ष तक ग्राम विकास कार्य प्रभावित रहे। प्रधान संगठन ने यह भी मांग की कि यदि कार्यकाल बढ़ाने में कोई कानूनी बाधा हो तो वर्तमान प्रधानों को ही प्रशासक नियुक्त किया जाए। इससे विकास कार्यों की निरंतरता बनी रहेगी और स्थानीय अनुभव का लाभ मिलेगा।
विज्ञापन
संगठन के जिला अध्यक्ष राजेश प्रताप सिंह और उपाध्यक्ष अभिषेक सूर्यवंशी ‘अंकुर सिंह’ ने बताया कि पंचायतों में प्रधानों का कार्यकाल जल्द समाप्त होने वाला है। उन्होंने लोकतांत्रिक व्यवस्था बनाए रखने के लिए समय पर चुनाव को आवश्यक बताया। यदि चुनाव संभव न हो तो कार्यकाल बढ़ाने की मांग की गई। ज्ञापन में कहा गया कि कोरोना महामारी के दौरान प्रधानों ने गांवों में लोगों की सेवा की। प्रवासी मजदूरों के लिए भोजन और आवास की व्यवस्था की। कोरोना के कारण करीब डेढ़ वर्ष तक ग्राम विकास कार्य प्रभावित रहे। प्रधान संगठन ने यह भी मांग की कि यदि कार्यकाल बढ़ाने में कोई कानूनी बाधा हो तो वर्तमान प्रधानों को ही प्रशासक नियुक्त किया जाए। इससे विकास कार्यों की निरंतरता बनी रहेगी और स्थानीय अनुभव का लाभ मिलेगा।
विज्ञापन