{"_id":"66fc448fe75233d5d50887e6","slug":"young-man-hanged-himself-saifai-died-during-treatment-auraiya-news-c-211-1-aur1006-117235-2024-10-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Auraiya News: युवक ने लगाया फंदा, इलाज के दौरान सैफई में तोड़ा दम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Auraiya News: युवक ने लगाया फंदा, इलाज के दौरान सैफई में तोड़ा दम
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एरवाकटरा। थाना क्षेत्र के उमरैन गांव में सोमवार एक युवक ने किसी बात से तंग आकर फंदे पर लटकने का प्रयास किया। परिजन उसे सैफई उपचार के लिए ले गए। जहां मंगलवार को इलाज के दौरान युवक की माैत हो गई। उमरैन निवासी 32 वर्षीय किशनलाल प्रजापति पेशे से ट्रक ड्राइवर था। घर पर उसकी आठ वर्षीय इकलौती पुत्री अपनी दादी रामश्री के साथ रहती थी। ट्रक चलाकर वह परिवार का भरण-पोषण करता था। किशनलाल की पत्नी की छह साल पहले फंदा लगाने से मौत हो गई थी।
ग्रामीणों ने बताया कि करीब 20 दिन पहले पड़ोस के कुछ लोगों ने किशनलाल से उसके मकान का बैनामा करा लिया था। पैसे भी नहीं दिए थे। जबकि मकान का वह हिस्सा किशनलाल की मां का है। इसके बाद मां ने इसकी शिकायत कई जगह की, तो बैनामा कराने वाले लोग बैनामा में खर्च हुए पैसों को लेकर किशनलाल पर दबाव बना रहे थे। जिससे किशनलाल परेशान चल रहा था।
शनिवार को भी इस बात को लेकर पूरे दिन पंचायत चलती रही। सोमवार सुबह किशनलाल ने घर के बाहर कमरे में लोहे के कुंडे में रस्सी से फंदा लगा लिया। जिसकी भनक लगने पर उसके बड़े भाई हरीकृष्ण और पास पड़ोस के लोगों ने उसे फंदे से नीचे उतारा।
विज्ञापन
उपचार के लिए सैफई ले गए। जहां मंगलवार को उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। थाना प्रभारी संत प्रकाश पटेल ने बताया कि परिजनों के द्वारा घटना के संबंध में कोई तहरीर नहीं दी गई है।
विज्ञापन
ग्रामीणों ने बताया कि करीब 20 दिन पहले पड़ोस के कुछ लोगों ने किशनलाल से उसके मकान का बैनामा करा लिया था। पैसे भी नहीं दिए थे। जबकि मकान का वह हिस्सा किशनलाल की मां का है। इसके बाद मां ने इसकी शिकायत कई जगह की, तो बैनामा कराने वाले लोग बैनामा में खर्च हुए पैसों को लेकर किशनलाल पर दबाव बना रहे थे। जिससे किशनलाल परेशान चल रहा था।
विज्ञापन
शनिवार को भी इस बात को लेकर पूरे दिन पंचायत चलती रही। सोमवार सुबह किशनलाल ने घर के बाहर कमरे में लोहे के कुंडे में रस्सी से फंदा लगा लिया। जिसकी भनक लगने पर उसके बड़े भाई हरीकृष्ण और पास पड़ोस के लोगों ने उसे फंदे से नीचे उतारा।
विज्ञापन
उपचार के लिए सैफई ले गए। जहां मंगलवार को उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। थाना प्रभारी संत प्रकाश पटेल ने बताया कि परिजनों के द्वारा घटना के संबंध में कोई तहरीर नहीं दी गई है।