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लखनऊ से आई टीम ने सिखरना गौशाला का किया निरीक्षण
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निरीक्षण के दौरान गौशाला में गायों के मंगवाया गया भूसा देखते नोडल अधिकारी
- फोटो : AURAIYA
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अयाना (औरैया)। सिखरना गोशाला में लगातार हो रही गोवंशों की मौत और खराब भूसा दिए जाने की जानकारी पर शुक्रवार को लखनऊ से पशु पालन विभाग की टीम जांच करने पहुंची। नोडल अधिकारी ने सड़ा भूसा देख नाराजगी जताई और अभिलेखों को कब्जे में ले लिया। नोडल अधिकारी ने बताया कि संबंधित एनजीओ के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के लिए जिलाधिकारी को पत्र लिखा जाएगा। उसका भुगतान भी रोक दिया है। टीम ने सहार और भाग्यनगर ब्लाक की गोशालाएं भी देखीं।
सिखरना गोशाला में गोवंशों की मौत और हरा चारा न दिए जाने की जानकारी पर गुरुवार को सीडीओ अनिल सिंह ने मौके पर पहुंचकर जांच की थी। सीडीओ के निरीक्षण के बाद ग्राम प्रधान संतराम ने शुक्रवार सुबह हरे चारे की व्यवस्था की। शाम को लखनऊ से आए नोडल अधिकारी एसबी सिंह गोशाला पहुंचे तो उन्हें बाहर ही सड़ा भूसा मिला।
नोडल अधिकारी के निर्देश पर पशु चिकित्साधिकारी ने गोवंशों के लिए भूसे का इंतजाम किया। अव्यवस्था देख नोडल अधिकारी ने गोशाला का रजिस्टर जब्त कर लिया। उन्होंने बताया कि गोशाला में लगभग 284 गोवंश हैं। प्रति गोवंश पांच किलो भूसा दिया जाए तो प्रतिदिन 15 क्विंतल भूसे की आवश्यकता है। 10 क्विंतल भूसा गोशाला में अतिरिक्त होना चाहिए। ताकि यदि किसी दिन भूसा लेट मिलता है तो गोवंश भूखे नहीं रहेंगे। बताया कि एनजीओ द्वारा गोवंशो के प्रति लापरवाही बरती गई है। जिलाधिकारी को रिपोर्ट भेजी जाएगी।
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सिखरना गोशाला में गोवंशों की मौत और हरा चारा न दिए जाने की जानकारी पर गुरुवार को सीडीओ अनिल सिंह ने मौके पर पहुंचकर जांच की थी। सीडीओ के निरीक्षण के बाद ग्राम प्रधान संतराम ने शुक्रवार सुबह हरे चारे की व्यवस्था की। शाम को लखनऊ से आए नोडल अधिकारी एसबी सिंह गोशाला पहुंचे तो उन्हें बाहर ही सड़ा भूसा मिला।
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नोडल अधिकारी के निर्देश पर पशु चिकित्साधिकारी ने गोवंशों के लिए भूसे का इंतजाम किया। अव्यवस्था देख नोडल अधिकारी ने गोशाला का रजिस्टर जब्त कर लिया। उन्होंने बताया कि गोशाला में लगभग 284 गोवंश हैं। प्रति गोवंश पांच किलो भूसा दिया जाए तो प्रतिदिन 15 क्विंतल भूसे की आवश्यकता है। 10 क्विंतल भूसा गोशाला में अतिरिक्त होना चाहिए। ताकि यदि किसी दिन भूसा लेट मिलता है तो गोवंश भूखे नहीं रहेंगे। बताया कि एनजीओ द्वारा गोवंशो के प्रति लापरवाही बरती गई है। जिलाधिकारी को रिपोर्ट भेजी जाएगी।
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