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Auraiya News: केवी एनटीपीसी में कक्षा एक को छोड़ अन्य कक्षाओं में सीटें पहले से फुल
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संवाद न्यूज एजेंसी
दिबियापुर। केंद्रीय विद्यालयों में प्रत्येक कक्षा में नए प्रवेश के लिए सीटों की संख्या 40 से घटाकर 32 कर दिया है। इसके बाद एनटीपीसी स्थित केंद्रीय विद्यालय में कक्षा दो से नौ तक कक्षाओं में प्रवेश के इच्छुक छात्र-छात्राओं एवं उनके अभिभावकों को मायूसी हाथ आई है।
सोमवार से देश भर के केंद्रीय विद्यालयों में कक्षा एक में ऑनलाइन एवं अन्य कक्षाओं के लिए ऑफलाइन प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई है। एनटीपीसी स्थित केंद्रीय विद्यालय की कक्षा एक में प्रवेश के इच्छुक छात्रों के अभिभावकों ने सोमवार से ऑनलाइन पंजीकरण शुरू कर दिया है। कक्षा एक में ऑनलाइन पंजीकरण की अंतिम तिथि 15 अप्रैल की शाम पांच बजे तक होने के कारण लोग जल्दी से जल्दी पंजीकरण करा लेना चाहते हैं।
देश भर के केंद्रीय विद्यालयों में कक्षा दो से कक्षा 12 तक (कक्षा 11 को छोड़कर) प्रवेश के लिए सोमवार से ही ऑफलाइन पंजीकरण शुरू हुए हैं। इन कक्षाओं में 10 अप्रैल तक ऑफलाइन पंजीकरण होना है। ऑफलाइन पंजीकरण कराने के लिए विद्यालय पहुंचने वाले अभ्यर्थियों एवं उनके अभिभावकों को उस समय मायूसी हाथ आई। जब उन्हें बताया गया कि कक्षा एक से नौ तक कक्षाओं में नए मानक से अधिक छात्र-छात्राएं पहले से हैं। अब इन कक्षाओं में कोई सीट खाली नहीं है।
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बताया कि जारी की गई नई गाइडलाइन के अनुसार प्रत्येक कक्षा में नए प्रवेश के लिए सीटों की संख्या का मानक 40 से घटाकर 32 कर दिया गया है। शेष आठ सीटों को वर्ष भर केंद्रीय विद्यालयों से स्थानांतरित होकर आने वाले एवं केंद्रीय कर्मियों (सेवा श्रेणी वरीयता क्रम श्रेणी केटेगरी फर्स्ट एंड सेकेंड) के बच्चों के लिए आरक्षित रखा गया है। ताकि पूरे वर्ष स्थानांतरित होकर आने वाले केंद्रीय कर्मियों एवं केंद्रीय विद्यालयों से टीसी लेकर आने वाले देश भर के छात्र-छात्राओं एवं उनके अभिभावकों को परेशानी न हो। क्योंकि नियमानुसार किसी भी कक्षा में 40 से अधिक बच्चों को नहीं बैठाया जा सकता।
इंसेट-- --
अगले कई वर्षों तक केवल कक्षा एक में ही मिल सकेगा प्रवेश
एनटीपीसी स्थित केंद्रीय विद्यालय में जगह की कमी के कारण सभी कक्षाओं के केवल एक एक सेक्शन ही संचालित होते हैं। केवल कक्षा 11 एवं 12 में ह्यूमेनिटीज एवं साइंस के अलग-अलग सेक्शन होने के कारण छात्र छात्राओं को प्रवेश मिल जाता है। नया मानक लागू होने के कारण अगले कई वर्षों तक अब केवल कक्षा एक में ही 32 बच्चों को प्रवेश मिल सकेंगे। अन्य कक्षाओं में पहले से ही संख्या 32 से अधिक होने के कारण इन कक्षाओं में ऑफलाइन प्रवेश अगले कई वर्षों तक नहीं हो सकेंगे। स्थानीय अभिभावकों ने जगह की कमी को दूर कराके प्रत्येक कक्षा में कम से दो सेक्शन संचालित कराए जाने की मांग की है। ताकि क्षेत्रीय जरूरतमंद बच्चों को केंद्रीय विद्यालय की उच्च स्तरीय शिक्षा मिल सके।
इंसेट-- --
जगह की कमी से नहीं शुरू हुई बाल वाटिका
दिबियापुर। केंद्रीय विद्यालय संगठन द्वारा जारी नई गाइड लाइन के प्रत्येक विद्यालय में कक्षा एक से पहले बाल वाटिका एक से लेकर तीन तक संचालित की जानी है। ताकि कक्षा एक से पहले बच्चों को पढ़ाई की नींव मजबूत हो सके। देश के 445 केंद्रीय विद्यालय में वर्तमान सत्र में बाल वाटिका शुरू कर दी गई है। कई विद्यालयों में बाल वाटिका की अन्य कक्षाएं शुरू कर दी गईं हैं, लेकिन एनटीपीसी स्थित केंद्रीय विद्यालय में जगह की कमी के कारण बाल वाटिका का संचालन शुरू नहीं हो सका।
इंसेट-- --
वर्जन-- --
नए मानक में कक्षा एक में 32 विद्यार्थियों के लिए ही पंजीकरण किया जा रहा है। शेष आठ सीटों को पंजीकरण प्रक्रिया पूरी होने के बाद केवी से टीसी लेकर आने वाले एवं केंद्रीय विद्यालय द्वारा निर्धारित फर्स्ट एंड सेकेंड केटेगरी के अभिभावकों के बच्चों को बीच सत्र में प्रवेश देकर भरा जाएगा। इसके चलते कक्षा एक को छोड़कर अन्य कक्षाओं में कोई सीट खाली नहीं रह गई है। जगह की कमी के कारण बाल वाटिका शुरू नहीं हो सकी है।
-गीता, प्रधानाचार्य केंद्रीय विद्यालय एनटीपीसी
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दिबियापुर। केंद्रीय विद्यालयों में प्रत्येक कक्षा में नए प्रवेश के लिए सीटों की संख्या 40 से घटाकर 32 कर दिया है। इसके बाद एनटीपीसी स्थित केंद्रीय विद्यालय में कक्षा दो से नौ तक कक्षाओं में प्रवेश के इच्छुक छात्र-छात्राओं एवं उनके अभिभावकों को मायूसी हाथ आई है।
सोमवार से देश भर के केंद्रीय विद्यालयों में कक्षा एक में ऑनलाइन एवं अन्य कक्षाओं के लिए ऑफलाइन प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई है। एनटीपीसी स्थित केंद्रीय विद्यालय की कक्षा एक में प्रवेश के इच्छुक छात्रों के अभिभावकों ने सोमवार से ऑनलाइन पंजीकरण शुरू कर दिया है। कक्षा एक में ऑनलाइन पंजीकरण की अंतिम तिथि 15 अप्रैल की शाम पांच बजे तक होने के कारण लोग जल्दी से जल्दी पंजीकरण करा लेना चाहते हैं।
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देश भर के केंद्रीय विद्यालयों में कक्षा दो से कक्षा 12 तक (कक्षा 11 को छोड़कर) प्रवेश के लिए सोमवार से ही ऑफलाइन पंजीकरण शुरू हुए हैं। इन कक्षाओं में 10 अप्रैल तक ऑफलाइन पंजीकरण होना है। ऑफलाइन पंजीकरण कराने के लिए विद्यालय पहुंचने वाले अभ्यर्थियों एवं उनके अभिभावकों को उस समय मायूसी हाथ आई। जब उन्हें बताया गया कि कक्षा एक से नौ तक कक्षाओं में नए मानक से अधिक छात्र-छात्राएं पहले से हैं। अब इन कक्षाओं में कोई सीट खाली नहीं है।
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बताया कि जारी की गई नई गाइडलाइन के अनुसार प्रत्येक कक्षा में नए प्रवेश के लिए सीटों की संख्या का मानक 40 से घटाकर 32 कर दिया गया है। शेष आठ सीटों को वर्ष भर केंद्रीय विद्यालयों से स्थानांतरित होकर आने वाले एवं केंद्रीय कर्मियों (सेवा श्रेणी वरीयता क्रम श्रेणी केटेगरी फर्स्ट एंड सेकेंड) के बच्चों के लिए आरक्षित रखा गया है। ताकि पूरे वर्ष स्थानांतरित होकर आने वाले केंद्रीय कर्मियों एवं केंद्रीय विद्यालयों से टीसी लेकर आने वाले देश भर के छात्र-छात्राओं एवं उनके अभिभावकों को परेशानी न हो। क्योंकि नियमानुसार किसी भी कक्षा में 40 से अधिक बच्चों को नहीं बैठाया जा सकता।
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अगले कई वर्षों तक केवल कक्षा एक में ही मिल सकेगा प्रवेश
एनटीपीसी स्थित केंद्रीय विद्यालय में जगह की कमी के कारण सभी कक्षाओं के केवल एक एक सेक्शन ही संचालित होते हैं। केवल कक्षा 11 एवं 12 में ह्यूमेनिटीज एवं साइंस के अलग-अलग सेक्शन होने के कारण छात्र छात्राओं को प्रवेश मिल जाता है। नया मानक लागू होने के कारण अगले कई वर्षों तक अब केवल कक्षा एक में ही 32 बच्चों को प्रवेश मिल सकेंगे। अन्य कक्षाओं में पहले से ही संख्या 32 से अधिक होने के कारण इन कक्षाओं में ऑफलाइन प्रवेश अगले कई वर्षों तक नहीं हो सकेंगे। स्थानीय अभिभावकों ने जगह की कमी को दूर कराके प्रत्येक कक्षा में कम से दो सेक्शन संचालित कराए जाने की मांग की है। ताकि क्षेत्रीय जरूरतमंद बच्चों को केंद्रीय विद्यालय की उच्च स्तरीय शिक्षा मिल सके।
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जगह की कमी से नहीं शुरू हुई बाल वाटिका
दिबियापुर। केंद्रीय विद्यालय संगठन द्वारा जारी नई गाइड लाइन के प्रत्येक विद्यालय में कक्षा एक से पहले बाल वाटिका एक से लेकर तीन तक संचालित की जानी है। ताकि कक्षा एक से पहले बच्चों को पढ़ाई की नींव मजबूत हो सके। देश के 445 केंद्रीय विद्यालय में वर्तमान सत्र में बाल वाटिका शुरू कर दी गई है। कई विद्यालयों में बाल वाटिका की अन्य कक्षाएं शुरू कर दी गईं हैं, लेकिन एनटीपीसी स्थित केंद्रीय विद्यालय में जगह की कमी के कारण बाल वाटिका का संचालन शुरू नहीं हो सका।
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नए मानक में कक्षा एक में 32 विद्यार्थियों के लिए ही पंजीकरण किया जा रहा है। शेष आठ सीटों को पंजीकरण प्रक्रिया पूरी होने के बाद केवी से टीसी लेकर आने वाले एवं केंद्रीय विद्यालय द्वारा निर्धारित फर्स्ट एंड सेकेंड केटेगरी के अभिभावकों के बच्चों को बीच सत्र में प्रवेश देकर भरा जाएगा। इसके चलते कक्षा एक को छोड़कर अन्य कक्षाओं में कोई सीट खाली नहीं रह गई है। जगह की कमी के कारण बाल वाटिका शुरू नहीं हो सकी है।
-गीता, प्रधानाचार्य केंद्रीय विद्यालय एनटीपीसी