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Auraiya News: बढ़ते तापमान से सूख रहीं बालियां, घटेगी पैदावार
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औरैया। एक सप्ताह से अच्छी धूप से तापमान में वृद्धि हो रही है। यह गेहूं की फसल के लिए मुफीद नहीं है, क्योंकि इससे समय से पहले बालियां सूखने लगेंगी और दाने पतले हो जाएंगे। इसका असर पैदावार पर पड़ेगा।
इस बार जिले में करीब एक लाख तीन हजार हेक्टेयर में गेहूं की बुआई हुई है। गेहूं में बालियां आ गई हैं। अब उसमें दाने बनने के साथ ही विकसित हो रहे हैं। ऐसे में गेहूं की फसल को दिन में 26 से 28 डिग्री सेल्सियस का तापमान अच्छा माना जाता है, लेकिन इधर एक सप्ताह से तापमान में तेजी से वृद्धि हुई है। इस समय दिन का तापमान 34 से 35 डिग्री सेल्सियस पहुंच चुका है। जिसके कारण गेहूं की बालियों में समय से पहले पीलापन आने लगा है।
कृषि विज्ञान केंद्र ग्वारी के प्रभारी व वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. अनंत कुमार ने बताया कि लगातार बढ़ता तापमान खास कर गेहूं के फसल के लिए ठीक नहीं है। अधिक धूप से दाने पूरी तरह विकसित नहीं हो पाएंगे। ऐसे में किसान गेहूं की हल्की सिंचाई कर खेत में नमी बनाए रखें। नमी रहने से फसल पर तापमान का असर कम पड़ेगा और गेहूं के दाने विकसित हो जाएंगे।
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इस बार जिले में करीब एक लाख तीन हजार हेक्टेयर में गेहूं की बुआई हुई है। गेहूं में बालियां आ गई हैं। अब उसमें दाने बनने के साथ ही विकसित हो रहे हैं। ऐसे में गेहूं की फसल को दिन में 26 से 28 डिग्री सेल्सियस का तापमान अच्छा माना जाता है, लेकिन इधर एक सप्ताह से तापमान में तेजी से वृद्धि हुई है। इस समय दिन का तापमान 34 से 35 डिग्री सेल्सियस पहुंच चुका है। जिसके कारण गेहूं की बालियों में समय से पहले पीलापन आने लगा है।
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कृषि विज्ञान केंद्र ग्वारी के प्रभारी व वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. अनंत कुमार ने बताया कि लगातार बढ़ता तापमान खास कर गेहूं के फसल के लिए ठीक नहीं है। अधिक धूप से दाने पूरी तरह विकसित नहीं हो पाएंगे। ऐसे में किसान गेहूं की हल्की सिंचाई कर खेत में नमी बनाए रखें। नमी रहने से फसल पर तापमान का असर कम पड़ेगा और गेहूं के दाने विकसित हो जाएंगे।
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