{"_id":"5eff7b548ebc3ea07b2ae9ec","slug":"crime-auraiya-news-knp5691422173","type":"story","status":"publish","title_hn":"चार साल से फरार दस हजार के इनामी हत्यारोपी को पुलिस ने भेजा जेल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चार साल से फरार दस हजार के इनामी हत्यारोपी को पुलिस ने भेजा जेल
विज्ञापन
बिधूना (औरैया)। कोतवाली पुलिस ने शुक्रवार की सुबह चार साल पहले हत्या के एक मामले में फरार चल रहे दस हजार रुपये के इनामी को गिरफ्तार किया। हत्यारोपी को पुलिस ने जेल भेज दिया।
सीओ बिधूना मुकेश प्रताप सिंह ने बताया कि गिरफ्तार मनोज कुमार पुत्र राजबहादुर निवासी बबीना सुखचैनपुर बिजली फिटिंग का काम करता है। वर्ष 2016 में मोहल्ला सूरजपुर निवासी जय प्रकाश बाथम के मकान में बिजली फिटिंग का ठेका लिया था। उसके साथ मोहल्ला किशोरगंज निवासी देवेंद्र सिंह (23) पुत्र रामअवतार भी काम करता था।
काम के दौरान किसी बात से खिन्न होकर मनोज कुमार ने 25 मई 2016 को देवेंद्र को जहर देकर कर मार दिया था। यही नहीं अपने आपको बचाने के लिए मृतक देवेंद्र के हाथों में बिजली का तार पकड़ा कर उसे घटना में तब्दील करने का प्रयास किया था। इस मामले में पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया। लेकिन डॉक्टरों ने उसका बिसरा सुरक्षित कर लिया था। बाद में जब बिसरा रिपोर्ट आई तो हकीकत का खुलासा हो गया। रिपोर्ट में युवक की मौत करंट से न होकर जहर से होना पाया गया।
विज्ञापन
इस पर पुलिस ने 28 मार्च 2018 को पूरे प्रकरण को हत्या में दर्ज कर आरोपी मनोज की तलाश शुरू कर दी। उसके फरार होने पर न्यायालय के आदेश पर कुर्की की चेतावनी की कार्रवाई की गई। यही नहीं हत्यारोपी पर पुलिस ने 10 हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया था। सीओ ने बताया कि मनोज को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।
विज्ञापन
सीओ बिधूना मुकेश प्रताप सिंह ने बताया कि गिरफ्तार मनोज कुमार पुत्र राजबहादुर निवासी बबीना सुखचैनपुर बिजली फिटिंग का काम करता है। वर्ष 2016 में मोहल्ला सूरजपुर निवासी जय प्रकाश बाथम के मकान में बिजली फिटिंग का ठेका लिया था। उसके साथ मोहल्ला किशोरगंज निवासी देवेंद्र सिंह (23) पुत्र रामअवतार भी काम करता था।
विज्ञापन
काम के दौरान किसी बात से खिन्न होकर मनोज कुमार ने 25 मई 2016 को देवेंद्र को जहर देकर कर मार दिया था। यही नहीं अपने आपको बचाने के लिए मृतक देवेंद्र के हाथों में बिजली का तार पकड़ा कर उसे घटना में तब्दील करने का प्रयास किया था। इस मामले में पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया। लेकिन डॉक्टरों ने उसका बिसरा सुरक्षित कर लिया था। बाद में जब बिसरा रिपोर्ट आई तो हकीकत का खुलासा हो गया। रिपोर्ट में युवक की मौत करंट से न होकर जहर से होना पाया गया।
विज्ञापन
इस पर पुलिस ने 28 मार्च 2018 को पूरे प्रकरण को हत्या में दर्ज कर आरोपी मनोज की तलाश शुरू कर दी। उसके फरार होने पर न्यायालय के आदेश पर कुर्की की चेतावनी की कार्रवाई की गई। यही नहीं हत्यारोपी पर पुलिस ने 10 हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया था। सीओ ने बताया कि मनोज को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।