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विवाद से रुका निर्माणाधीन बस डिपो की चहारदीवारी का निर्माण
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फोटो-28एयूआरपी-24- बस अड्डे के बीच से गुजरा पीछे आवासों तक जाने वाला रास्ता, इसी रास्ते के कारण बस अड्?
- फोटो : AURAIYA
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दिबियापुर (औरैया)। दो वर्षों से बन रहे दिबियापुर बस अड्डे के निर्माण का कार्य एक बार फिर से अधर में लटका है। एक ओर जहां बस अड्डे के पीछे चहारदीवारी का निर्माण कार्य एक किसान ने अपनी जमीन बताकर रुकवा दिया है। वहीं बस अड्डे के पीछे रहने वालों ने रास्ता न मिलने तक निर्माण कार्य न होने देने की चेतावनी दी है।
ज्ञात हो कि वर्ष 2020 में छह करोड़ से अधिक की लागत से दिबियापुर में बस अड्डे का निर्माण कार्य शुरू हुआ था। बस अड्डे का शिलान्यास मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ऑनलाइन किया था, परंतु लगातार अड़ंगों के कारण बस अड्डे का निर्माण कार्य दो वर्ष से पूरा नहीं हो पा रहा है।
पहले बस अड्डे की जमीन पर जलभराव के कारण निर्माण कार्य ने तेजी नहीं पकड़ी। जलभराव की समस्या का कुछ हद तक समाधान हुआ तो मिट्टी के लिए एनओसी न मिलने के कारण कई महीनों तक काम रुका रहा। अब जब मिट्टी भराव का काम पूरा हो चुका है और बिल्डिंग निर्माण का काम भी लगभग पूरा हो चुका है।
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अब बस अड्डे की चहारदीवारी का काम रुका पड़ा है। क्षेत्रीय लोगों के अनुसार, चहारदीवारी का निर्माण कार्य बस अड्डे के पीछे रहने वाले लोगों के आवास तक पहुंचने वाले रास्ते के विवाद को लेकर रुका है। यहां बस अड्डे के बीच से गुजरा रास्ता बंद किया जाना है। वैसे बस अड्डे के पीछे रहने वाले लोगों के घरों तक जाने के लिए रास्ता भी छोड़ा गया है, पर अभी तक छोड़े गए रास्ते पर सड़क का निर्माण नहीं हुआ है। वहां के लोगों का कहना है कि जब तक रास्ते का निर्माण नहीं होता। तब तक बस अड्डे के बीच से गुजरे रास्ते को बंद नहीं करने देंगे।
वहीं पिछले दिनों बस अड्डे के पीछे प्रस्तावित डिपो की जमीन पर चल रहा चहारदीवारी का काम भी रुक गया है। क्योंकि एक किसान का आरोप है कि बाउंड्रीवाल उसके खेत में बनाई जा रही है। परिवहन निगम के अधिकारी बताते हैं कि जब तक बाउंड्रीवाल समेत निर्माण कार्य पूरे नहीं हो जाते। तब तक बस अड्डे का हैंडओवर नहीं ले सकते। निर्माण करा रही कार्यदायी संस्था आवास विकास के एक्सईएन अभिषेक राज का कहना है कि दोनों समस्याओं के संबंध में जिला प्रशासन को अवगत करा दिया गया है। प्रशासन जैसा भी निर्णय लेगा, उसी के अनुसार कार्य कराया जाएगा।
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ज्ञात हो कि वर्ष 2020 में छह करोड़ से अधिक की लागत से दिबियापुर में बस अड्डे का निर्माण कार्य शुरू हुआ था। बस अड्डे का शिलान्यास मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ऑनलाइन किया था, परंतु लगातार अड़ंगों के कारण बस अड्डे का निर्माण कार्य दो वर्ष से पूरा नहीं हो पा रहा है।
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पहले बस अड्डे की जमीन पर जलभराव के कारण निर्माण कार्य ने तेजी नहीं पकड़ी। जलभराव की समस्या का कुछ हद तक समाधान हुआ तो मिट्टी के लिए एनओसी न मिलने के कारण कई महीनों तक काम रुका रहा। अब जब मिट्टी भराव का काम पूरा हो चुका है और बिल्डिंग निर्माण का काम भी लगभग पूरा हो चुका है।
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अब बस अड्डे की चहारदीवारी का काम रुका पड़ा है। क्षेत्रीय लोगों के अनुसार, चहारदीवारी का निर्माण कार्य बस अड्डे के पीछे रहने वाले लोगों के आवास तक पहुंचने वाले रास्ते के विवाद को लेकर रुका है। यहां बस अड्डे के बीच से गुजरा रास्ता बंद किया जाना है। वैसे बस अड्डे के पीछे रहने वाले लोगों के घरों तक जाने के लिए रास्ता भी छोड़ा गया है, पर अभी तक छोड़े गए रास्ते पर सड़क का निर्माण नहीं हुआ है। वहां के लोगों का कहना है कि जब तक रास्ते का निर्माण नहीं होता। तब तक बस अड्डे के बीच से गुजरे रास्ते को बंद नहीं करने देंगे।
वहीं पिछले दिनों बस अड्डे के पीछे प्रस्तावित डिपो की जमीन पर चल रहा चहारदीवारी का काम भी रुक गया है। क्योंकि एक किसान का आरोप है कि बाउंड्रीवाल उसके खेत में बनाई जा रही है। परिवहन निगम के अधिकारी बताते हैं कि जब तक बाउंड्रीवाल समेत निर्माण कार्य पूरे नहीं हो जाते। तब तक बस अड्डे का हैंडओवर नहीं ले सकते। निर्माण करा रही कार्यदायी संस्था आवास विकास के एक्सईएन अभिषेक राज का कहना है कि दोनों समस्याओं के संबंध में जिला प्रशासन को अवगत करा दिया गया है। प्रशासन जैसा भी निर्णय लेगा, उसी के अनुसार कार्य कराया जाएगा।

डिपो की जमीन की चहारदीवारी का रुका निर्माण कार्य। संवाद- फोटो : AURAIYA

पीछे आवासों तक जाने के लिए छोड़े गए रास्ते पर भरा गंदा पानी। संवाद- फोटो : AURAIYA