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यूपी बोर्ड परीक्षा में दिव्यांगों के लिए की जाएगी स्वकेंद्र की व्यवस्था
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औरैया। यूपी बोर्ड परीक्षा की तैयारियां तेजी से चल रही हैं। जल्द ही केंद्रों का निर्धारण भी कर दिया जाएगा। इस बार दिव्यांग परीक्षार्थियों के लिए स्वकेंद्र की व्यवस्था रहेगी। इसके लिए दिव्यांग परीक्षार्थी को सीएमओ से प्रमाणित 40 प्रतिशत दिव्यंगता का प्रमाणपत्र देना होगा।
डीआईओएस की ओर से 70 केंद्रों की सूची माध्यमिक शिक्षा परिषद को भेजी है। परिषद की वेबसाइट पर छात्रों व स्कूल की जानकारी भी अपलोड भी कर दी गई है। केंद्रों परीक्षा केंद्र के लिए मानक तय हैं। बालक परीक्षार्थियों के लिए 10 किलोमीटर और बालिका परीक्षार्थियों के लिए पांच किलोमीटर की दूरी पर परीक्षा केंद्र निर्धारण किया गया है।
अगर किसी दिव्यांग परीक्षार्थी के पास सीएमओ से प्रमाणित प्रमाणपत्र नहीं है तो उनका परीक्षा केंद्र भी पांच किलोमीटर की दूरी पर रखने के निर्देश बोर्ड ने जारी किए हैं। प्रधानाचार्यों को निर्देश जारी दिए गए हैं कि अपने संस्थान की आधारभूत सूचना व सुविधाओं की जानकारी बोर्ड की वेबसाइट पर अपलोड कर दें।
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सूचना सत्यापन के दौरान गलत पाई गई तो संबंधित संस्थाधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इसे देखते हुए प्रमाणपत्रों की भी सही से जांच हो सकेगी। वहीं, दिव्यांग इस व्यवस्था का लाभ उठाने के लिए प्रक्रिया पूरी करने में जुट गए हैं।
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डीआईओएस की ओर से 70 केंद्रों की सूची माध्यमिक शिक्षा परिषद को भेजी है। परिषद की वेबसाइट पर छात्रों व स्कूल की जानकारी भी अपलोड भी कर दी गई है। केंद्रों परीक्षा केंद्र के लिए मानक तय हैं। बालक परीक्षार्थियों के लिए 10 किलोमीटर और बालिका परीक्षार्थियों के लिए पांच किलोमीटर की दूरी पर परीक्षा केंद्र निर्धारण किया गया है।
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अगर किसी दिव्यांग परीक्षार्थी के पास सीएमओ से प्रमाणित प्रमाणपत्र नहीं है तो उनका परीक्षा केंद्र भी पांच किलोमीटर की दूरी पर रखने के निर्देश बोर्ड ने जारी किए हैं। प्रधानाचार्यों को निर्देश जारी दिए गए हैं कि अपने संस्थान की आधारभूत सूचना व सुविधाओं की जानकारी बोर्ड की वेबसाइट पर अपलोड कर दें।
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सूचना सत्यापन के दौरान गलत पाई गई तो संबंधित संस्थाधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इसे देखते हुए प्रमाणपत्रों की भी सही से जांच हो सकेगी। वहीं, दिव्यांग इस व्यवस्था का लाभ उठाने के लिए प्रक्रिया पूरी करने में जुट गए हैं।