विज्ञापन

12303 किसानों को बीमा राशि का इंतजार

ब्यूरो/ अमर उजाला, औरैया Updated Mon, 06 Apr 2015 11:38 PM IST
12303 Farmers Insurance Amount wait
विज्ञापन
ख़बर सुनें
राष्ट्रीय कृषि बीमा योजना के तहत प्रीमियम को काट लिया गया, लेकिन बीमा राशि का भुगतान नहीं किया जा रहा है। बीमार राशि के भुगतान के लिए 12303 किसान परेशान हैं।
विज्ञापन
 
बेमौसम की बारिश से जिले के किसान कराह रहे हैं। फसल बर्बादी की वजह से किसान आत्महत्या तक कर रहे हैं। इसके बाद भी बीमा कंपनियां बीमित फसल का भुगतान नहीं कर रही है।

राज्य सरकार के निर्देश पर 50 फीसदी से अधिक फसलों के नुकसान पर प्रतिकर निर्धारण आदेश के तहत सरकारी आंकलन हुआ। इसके तहत जिले में 6109 हेक्टेयर में खड़ी 8398 किसानों की चना और अरहर की फसल को नुकसान होना बताया गया है।

इसके अलावा सरकारी सत्यापन में गेहूं और जौ की फसल में 15 से 35 फीसदी क्षति का दावा किया गया। राज्य सरकार की ओर से दैवीय आपदा कोष में दी गई एक करोड़ की राशि चना व अरहर किसानों को बांट दी गई। लेकिन राष्ट्रीय कृषि बीमा योजना के तहत फसलों को बीमित कराने वाले रबी सीजन के 12303 गेहूं तथा सरसों के 126 किसानों को बीमा कंपनी की ओर से क्षति पूति नहीं दी जा रही है।

बेमौसम बारिश से नवीन की 5 बीघा जौ की फसल बर्बाद हो गई। फसल के लिए नवीन ने कर्ज लिया था। फसल नुकसान पर सरकार मुआवजा दे रही है। मुआवजा लाभार्थी सूची में नाम दर्ज कराने को नवीन एड़ी चोटी का जोर लगा रहे हैं। लेखपाल से भी मिन्नत की तो जवाब दिया कि डीएम के पास जाओ।
 
मिश्रीपुर के किसान प्रज्ञा भास्कर दुबे के नाम 4.5 बीघा जमीन है। इतनी ही जमीन पुत्र प्रखर के नाम है। दोनों ने खेतों में गेहूं की फसल बोई थी। बारिश से 90 फीसदी फसल नष्ट हो गई। इतना ही नहीं किसान क्रेडिट कार्ड से 3200 रुपये का प्रीमियम देकर फसल बीमित कराई है। क्षतिपूर्ति के नाम पर उन्हें धेला भी नहीं मिला है।

फिलहाल राष्ट्रीय कृषि योजना के तहत जिले में अनुबंधित आईसीआईसीआई-लोम्बार्ड कंपनी गेहूं और चने के फसली नुकसान की प्रतिपूर्ति सरकारी रिपोर्ट के आधार पर करेगी। बेमौसम बारिश से गेहूं की क्षति फसल का विशुद्ध आंकलन फसल कटान के बाद ही निर्धारित करेगी।

बेमौसम बारिश से क्षति की भरपाई राष्ट्रीय कृषि बीमा योजना के तहत बीमित किसान को प्रीमियम धनराशि के हिसाब से की जाएगी। हालांकि बीमित कंपनी की ओर से अब तक क्षति पूर्ति प्रक्रिया शुरू नहीं की गई है। नोडल अधिकारी/डीडी कृषि डॉ. बनारसी यादव कहते हैं कि जल्द ही क्षतिपूर्ति की धनराशि वितरण की प्रक्रिया शुरू कराई जाएगी।
 
राष्ट्रीय कृषि बीमा योजना के तहत नुकसान की जद में आए रबी सीजन के बीमित किसानों की फसलों की क्षतिपूर्ति के भुगतान की प्रक्रिया कंपनी ने शुरू कर दी है। बीमित किसानों को चिह्नित भी किया गया है। जल्द ही उन्हें क्षतिपूर्ति का तात्कालिक भुगतान किया जाएगा। -दीपक कुमार,   क्षेत्रीय जनसंपर्क  अधिकारी,  आईसीआईसीआई लोम्वार्ड।

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला की खबरों को फेसबुक पर पाने के लिए लाइक करें

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन

Most Read

Auraiya

अस्पताल में फिर बढ़े वायरल फीवर के रोगी

जिला अस्पताल में सोमवार को एक बार फिर मरीजों की भीड़ देखने को मिली। चिकित्सकों के मुताबिक मरीजों में वायरल पीड़ितों की संख्या अधिक थी।

22 अक्टूबर 2018

विज्ञापन

Related Videos

VIDEO: ड्यूटी पर ही थिरकने लगे पुलिसवाले

औरैया में पुलिस वालों का एक अलग ही रूप देखने को मिला। यहां दो पुलिसवालों ने जमकर डांस किया। डायल 100 की गाड़ी खड़ी कर दोनों झूमते दिखे। सिटी एसपी ने मामले में जांच के आदेश दे दिए हैं।

18 सितंबर 2018

आज का मुद्दा
View more polls

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree