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आचार संहिता उल्लंघन: सरधना विधायक अतुल प्रधान ने किया आत्मसमर्पण, ढाई घंटे न्यायिक हिरासत में रहे.. मिली जमानत
Wed, 07 May 2025 07:31 PM IST
विमल शर्मा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
Published by: विमल शर्मा
Updated Wed, 07 May 2025 07:31 PM IST
सार
आचार संहिता उल्लंघन में सरधना विधायक अतुल प्रधान ने बुधवार को कोर्ट में आत्मसमर्पण किया। अदालत ने उन्हें ढाई घंटे न्यायिक हिरासत में रखने के बाद 20-20 हजार के दो जमानती और व्यक्तिगत मुचलके पर जमानत दे दी। मामला 2020 में नौगांवा सादात उपचुनाव के दौरान प्रचार बंद होने के समय के बाद भी प्रचार करने का है।
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अमरोहा कोर्ट में पेश होने पहुंचे सरघना विधायक अतुल प्रधान
- फोटो : संवाद
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विस्तार
आचार संहिता उल्लंघन के मामले में बुधवार को आत्मसमर्पण करने पहुंचे सरधना विधायक अतुल प्रधान को कोर्ट ने ढाई घंटे न्यायिक हिरासत में रखा। बाद में उन्हें बीस-बीस हजार के दो जमानती व उतनी ही धनराशि का व्यक्तिगत मुचलका दाखिल करने पर न्यायालय ने जमानत दे दी। कोर्ट से बाहर निकलने के बाद विधायक ने भाजपा सरकारों पर हमला बोला।
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कहा कि संविधान में दी गई नागरिकों को बोलने की आजादी अधिकार का हनन किया जा रहा है। जबकि, देश की न्यायपालिका ने हर दौर में गणतंत्र की रक्षा की है। नौगांवा सादात विधानसभा सीट पर तीन नवंबर 2020 को उपचुनाव के लिए मतदान हुआ था। चुनाव आयोग के दिशा निर्देश पर अनुसार एक नवंबर की शाम पांच बजे के बाद चुनाव प्रचार पर पूर्ण पाबंदी थी।
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लेकिन, मेरठ निवासी वर्तमान सरधना विधायक अतुल प्रधान अपने 10-12 समर्थकों के साथ समय बीतने के बाद भी गांवों में घूमकर समाजवादी पार्टी के पक्ष में जबरदस्त प्रचार कर रहे थे। अतुल प्रधान उस समय समाजवादी छात्रसभा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष हुआ करते थे। मौके पर पहुंची पुलिस ने उन्हें नन्हेड़ा से जमपुरी बमनिया के पास प्रचार करते पकड़ लिया था।
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इस दौरान पुलिस और अतुल प्रधान के बीच नोकझोंक भी हुई थी। दो नवंबर 2020 को मामले में तत्कालीन थानाध्यक्ष सुरेश चंद्र गौतम ने आचार संहिता के उल्लंघन में अतुल प्रधान और उनके 10-12 अज्ञात समर्थकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी। बाद में पुलिस ने न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल कर दिया था।
इस मामले की सुनवाई एसीजीएम द्वितीय अवधेश कुमार तृतीय की अदालत में चल रही थी। बुधवार को सरधना विधायक अतुल प्रधान आचार संहिता उल्लंघन के मामले में आत्मसमर्पण करने पहुंचे। अपने अधिवक्ता आरिफ मलिक के माध्यम से करीब 12:30 बजे न्यायालय में पेश हुए।
यहां न्यायालय ने विधायक अतुल प्रधान को ढाई घंटे न्यायिक हिरासत में रखा और बाद में बीस-बीस हजार के दो जमानती व उतनी ही धनराशि का व्यक्तिगत मुचलका दाखिल करने पर जमानत दे दी है।