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भाजपा को हराने वाले प्रत्याशी को जिताएंगे जाट
ब्यूरो/अमर उजाला अमरोहा
Updated Sun, 23 Oct 2016 11:27 PM IST
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आरक्षण
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अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष यशपाल मलिक की अगुवाई में काफूरपुर में जाट आरक्षण संकल्प रैली में समिति ने आरक्षण और हरियाणा सरकार से हुए समझौते को विस चुनाव से पहले लागू करने की मांग को लेकर भाजपा के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
रैली पांच प्रस्तावों को पास कर यशपाल मलिक ने कहा कि कहा कि जाटों के पहुंच वाले प्रदेश के 125 सीटों पर भाजपा को हराने वाली प्रत्याशी का समर्थन किया जाएगा। किसे वोट दिया जाए इसका फैसला जिला कार्यकारिणी करेगी। हरियाणा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड से आए सभी पदाधिकारियों प्रस्तावों पर एकमत सहमति देकर विधानसभा चुनाव 2017 से पहले मांगे न माने जाने पर बीजेपी को सबक सिखाने का प्रण लिया।
रविवार को यशपाल सिंह मलिक ने जाट आरक्षण संकल्प रैली को संबोधित करते हुए कहा कि केंद्र सरकार अपने वादे से मुकर गई है। सरकार जाट आरक्षण को लेकर संजीदा नहीं है। जाट आरक्षण के मुद्दे को टरकाया जा रहा है। जबकि 17 मार्च 2015 को उच्चतम न्यायालय द्वारा जाट आरक्षण खत्म करने के बाद 26 मार्च 2015 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने नौ राज्यों के जाट समाज के प्रतिनिधि व बीजेपी के जाट सांसदों व नेताओं को प्रधानमंत्री द्वारा आश्वस्त किया था कि जाट समाज की शीघ्र ही कानूनी प्रक्रिया पूरी कर आरक्षण दिया जाएगा।
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इस वादे को लगभग डेढ़ वर्ष बीते जाने पर भी अभी तक जाट आरक्षण नहीं मिला है। अब समय आया गया है जाट समाज एकजुट हो जाए। विधानसभा चुनाव 2017 में उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड व पंजाब में राजनैतिक निर्णय लेकर अपने अधिकारों को लेने के लिए बीजेपी के खिलाफ प्रत्येक विधानसभा स्तर पर रणनीति बनाकर अपने वोटों का इस्तेमाल कर बीजेपी की वायदा खिलाफ पर सबक सिखाने का कार्य करें।
यशपाल सिंह मलिक ने जाट आरक्षण को लेकर बनाई गई रणनीति का रैली में खुलासा करते हुए आरक्षण समिति के पांच प्रस्ताव भी पास कराए। विधानसभा चुनाव में भाजपा का कड़ा विरोध करते हुए हराया जाएगा। इसके लिए एक दिसंबर से प्रचार प्रसार किया जाएगा। प्रदेश की पूरी जाट बिरादारी को एक जुट होने का आह्वान किया।
प्रदेश अध्यक्ष मानवेंद्र वर्मा ने बताया कि सभी जिलाध्यक्षों से बात कर ली गई है और पश्चिमी उत्तर प्रदेश की सभी जाट बहुल क्षेत्रों में आने वाली 125 विधानसभा सीटों पर प्रभारी नियुक्त करने व प्रचार समिति बनाने का कार्य जारी है।
एक दिसंबर से भाजपा के खिलाफ प्रचार-प्रसार करते हुए 125 विधानसभा क्षेत्रों में प्रचार अभियान चलाकर बीजेपी को सबक सिखाया जाएगा। सभी मंडलों में मंडल स्तर पर रैली आयोजित की जाएंगी। छह नवंबर को मेरठ के बाद आगरा व अलीगढ़ मंडल में रैली आयोजित की जाएगी। जिनकी तारीखों की घोषणा मेरठ की रैली में होगी।
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रैली पांच प्रस्तावों को पास कर यशपाल मलिक ने कहा कि कहा कि जाटों के पहुंच वाले प्रदेश के 125 सीटों पर भाजपा को हराने वाली प्रत्याशी का समर्थन किया जाएगा। किसे वोट दिया जाए इसका फैसला जिला कार्यकारिणी करेगी। हरियाणा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड से आए सभी पदाधिकारियों प्रस्तावों पर एकमत सहमति देकर विधानसभा चुनाव 2017 से पहले मांगे न माने जाने पर बीजेपी को सबक सिखाने का प्रण लिया।
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रविवार को यशपाल सिंह मलिक ने जाट आरक्षण संकल्प रैली को संबोधित करते हुए कहा कि केंद्र सरकार अपने वादे से मुकर गई है। सरकार जाट आरक्षण को लेकर संजीदा नहीं है। जाट आरक्षण के मुद्दे को टरकाया जा रहा है। जबकि 17 मार्च 2015 को उच्चतम न्यायालय द्वारा जाट आरक्षण खत्म करने के बाद 26 मार्च 2015 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने नौ राज्यों के जाट समाज के प्रतिनिधि व बीजेपी के जाट सांसदों व नेताओं को प्रधानमंत्री द्वारा आश्वस्त किया था कि जाट समाज की शीघ्र ही कानूनी प्रक्रिया पूरी कर आरक्षण दिया जाएगा।
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इस वादे को लगभग डेढ़ वर्ष बीते जाने पर भी अभी तक जाट आरक्षण नहीं मिला है। अब समय आया गया है जाट समाज एकजुट हो जाए। विधानसभा चुनाव 2017 में उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड व पंजाब में राजनैतिक निर्णय लेकर अपने अधिकारों को लेने के लिए बीजेपी के खिलाफ प्रत्येक विधानसभा स्तर पर रणनीति बनाकर अपने वोटों का इस्तेमाल कर बीजेपी की वायदा खिलाफ पर सबक सिखाने का कार्य करें।
यशपाल सिंह मलिक ने जाट आरक्षण को लेकर बनाई गई रणनीति का रैली में खुलासा करते हुए आरक्षण समिति के पांच प्रस्ताव भी पास कराए। विधानसभा चुनाव में भाजपा का कड़ा विरोध करते हुए हराया जाएगा। इसके लिए एक दिसंबर से प्रचार प्रसार किया जाएगा। प्रदेश की पूरी जाट बिरादारी को एक जुट होने का आह्वान किया।
प्रदेश अध्यक्ष मानवेंद्र वर्मा ने बताया कि सभी जिलाध्यक्षों से बात कर ली गई है और पश्चिमी उत्तर प्रदेश की सभी जाट बहुल क्षेत्रों में आने वाली 125 विधानसभा सीटों पर प्रभारी नियुक्त करने व प्रचार समिति बनाने का कार्य जारी है।
एक दिसंबर से भाजपा के खिलाफ प्रचार-प्रसार करते हुए 125 विधानसभा क्षेत्रों में प्रचार अभियान चलाकर बीजेपी को सबक सिखाया जाएगा। सभी मंडलों में मंडल स्तर पर रैली आयोजित की जाएंगी। छह नवंबर को मेरठ के बाद आगरा व अलीगढ़ मंडल में रैली आयोजित की जाएगी। जिनकी तारीखों की घोषणा मेरठ की रैली में होगी।