फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Amethi News ›   One kilometer to cook dal. water coming from far away

दाल पकाने के लिए एक किमी. दूर से लाना पड़ रहा पानी

Thu, 09 Dec 2021 11:54 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Thu, 09 Dec 2021 11:54 PM IST
विज्ञापन
One kilometer to cook dal. water coming from far away
संग्रामपुर : साइकिल से पानी लेने जाते सत्यम पांडेय। -संवाद - फोटो : AMETHI
संग्रामपुर (अमेठी)। ब्लॉक क्षेत्र के करनाईपुर गांव में एक वर्ष पूर्व पानी की टंकी शुरू होने के बावजूद लोगों को शुद्ध पानी की समस्या से जूझना पड़ रहा है। आलम यह है कि गांव के अधिकांश घरों में लोगों को दाल पकाने व पीने के लिए पानी एक किलोमीटर दूर तक से लाना पड़ रहा है। कार्यदायी संस्था की मनमानी व जगह-जगह लीकेज ने समस्या को विकराल किया है।
विज्ञापन

संग्रामपुर ब्लॉक के करनाईपुर ग्रामसभा में बीते कई दशकों से लोग खारे पानी की समस्या से परेशान थे। शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने के लिए एक वर्ष पूर्व गांव में जल निगम द्वारा पानी की टंकी तो बनाई गई पर गुणवत्ता विहीन पाइप लगाने से दर्जनों जगह लीकेज हो गया। जहां-जहां लीकेज हुआ, वहां बड़े गड्ढे हो गए। अब गड्ढों से गंदा पानी पाइप के सहारे लोगों के घरों तक पहुंच रहा है। लीकेज से प्रतिदिन हजारों लीटर पानी बर्बाद हो रहा है, वो अलग।
विज्ञापन

सड़क पर जलभराव होने से सड़कें भी जगह जगह टूट रहीं हैं। लीकेज होने से घरों में प्रेशर से पानी भी नहीं पहुंच पा रहा है। जिस घर में पानी पहुंच भी रहा है, वह गंदा व दूषित है। ग्रामीणों ने बताया कि इसकी शिकायत की गई पर कोई पाइपलाइन ठीक करने नहीं आया। प्रतिदिन हजारों लीटर पानी बर्बाद हो रहा है। लोगों को शुद्ध पानी नहीं मिलने से कई परिवारों को दाल पकाने व पीने के लिए शुद्ध पानी लाने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती है। जल निगम के जेई नीरज प्रजापति ने बताया कि जानकारी मिली है। ठेकेदार से पत्राचार किया गया है, ठेकेदार की सिक्योरिटी भी रोक दी गई है। इसी हफ्ते लीकेज सही कराया जाएगा और सभी घरों तक पानी पहुंचाया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

इस उम्र में इतनी दूर से पानी
करनाईपुर निवासी बुजुर्ग नीलम पांडेय ने बताया कि आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। घर में भी कोई नहीं है। एक साल पहले घर पर पानी की टोटी तो लगी पर आज तक पानी नहीं आया। उम्र के इस पड़ाव में एक किलोमीटर दूर से पानी लाना बहुत मुश्किल हो रहा है, चक्कर आने लगता है।
पीढ़ी दर पीढ़ी ढो रहे पानी
करनाईपुर निवसी सत्यम पांडेय ने बताया कि पिछले कई दशक से हम लोग इस समस्या से परेशान है। चारों तरफ खारा पानी है। घर में नल और सबमर्सिबल तो है पर पीने लायक पानी नहीं आता। दो किलोमीटर दूर से पानी पीने के लिए और दाल बनाने के लिए लाना पड़ता है। बाबा, फिर पिता जी और आज हम। कल हमारे बच्चे ऐसे ही बाहर से पानी लाएंगे। पीढ़ी दर पीढ़ी ये ऐसे ही चलता रहेगा। थक गए इसकी शिकायत करते-करते।
रोजगार भी प्रभावित
रानीपुर बाजार में चाय और समोसे की दुकान करने वाले सर्वेश ने बताया कि ग्रामीण बाजार है। यहां आमदनी बहुत कम होती है। यहां सब लोग पानी खरीद के नहीं पी सकते। चाय बनाने के लिए भी बाहर से पानी लाते हैं। पानी खारा होने के चलते लोग रानीपुर बाजार न आकर टीकरमाफी और ठेंगहा जाना पसंद करते हैं।

कई अन्य महिलाओं का दर्द
मालती देवी ने बताया की 40 साल से मैं एक किलोमीटर दूर से पानी भरकर ले जा रही हूं। शिवमती ने बताया कि 22 साल शादी को हो गए और जब से ब्याह कर आए हैं तब से पानी ही ढो रहे हैं। कोई भी गांव के लोगों की समस्या के बारे में नहीं सोचता। कल्पना देवी ने कहा कि एक किलोमीटर दूर दूसरे गांव से पानी सिर पर लाकर परिवार की प्यास बुझा रहे हैं। घर के काम करने के बाद जो टाइम मिलता है वह पानी भरने में गुजरता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed