{"_id":"5f47e6a28ebc3e0bfd499976","slug":"four-arrested-for-cloning-atm-card-amethi-news-lko5371721200","type":"story","status":"publish","title_hn":"एटीएम कार्ड क्लोङ्क्षनग कर पैसा उड़ाने वाले चार गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एटीएम कार्ड क्लोङ्क्षनग कर पैसा उड़ाने वाले चार गिरफ्तार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गौरीगंज (अमेठी)। जिले की एसओजी व गौरीगंज पुलिस ने साइबर क्राइम करने वाले बिहार प्रांत के सरगना समेत चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में तीन और साथियों की शिनाख्त हुई है। पुलिस को इनके पास से एटीएम कार्ड क्लोनिंग, कार्ड राइटिंग, डिवाइस मशीन समेत कई इलेक्ट्रानिक उपकरण व 94 हजार रुपये बरामद हुए हैं। पुलिस इन सभी के खिलाफ केस दर्ज कर विधिक कार्रवाई करने में जुटी है।
जिले में आए दिन एटीएम कार्ड धारकों के खाते से राशि आहरित होने की लगातार मिल रही शिकायत को गंभीरता से लेते हुए एसपी ने जिले की साइबर सेल व एसओजी टीम को सक्रिय किया था। टीम जिले के शहरी इलाकों के एटीएम बूथों पर लगे कैमरों की गहनता से जांच की तो कुछ चेहरे लगातार एक के बाद दूसरे एटीएम पर दिखाई दिए। पुलिस ने इन पर नजर रखना शुरू किया तो बृहस्पतिवार को शहर स्थित बैंक ऑफ बड़ौदा के एटीएम बूथ के समीप कार पर मौजूद चार संदिग्धों को दबोच लिया। उसमें से एक चेहरा कई एटीएम बूथों पर पाया गया था।
पुलिस इन्हें पकड़कर गौरीगंज थाना लाकर इनसे गहनता से पूछताछ की। तलाशी के दौरान इनके पास से 94 हजार रुपये नगद, पांच मोबाइल फोन, तीन सीडी एंटी वायरस, 13 फ्रेश एटीएम कार्ड, एक लैपटॉप, एक एटीएम कार्ड क्लोनिंग मशीन (स्कीमर), एक एटीएम कार्ड राइटिंग मशीन, एक लैपटॉप चार्जर, एक डाटा केबल (स्कीम डिवाइस के लिए), एक चार्जर एडॉप्टर, एक माउस, बिहार प्रांत में पंजीकृत एक स्विफ्ट कार तथा एक सोल्डर बैग बरामद हुआ।
विज्ञापन
पूछताछ में बिहार प्रांत के जिला कैमूरभभुआ, थाना भगवानपुर के गांव सुंदरी निवासी टीम सरगना लव कुमार उर्फ बृजेश यादव, दूसरे की इसी जिले व थाने के गांव गोबरछ निवासी धनंजय कुमार माली, तीसरे की चंदौली जिला के थाना सैय्यदरजा के गांव हलुआ नरहर निवासी धर्मेंद्र माली तथा चौथे की जिला प्रतापगढ़ के उदयपुर थाना के गांव कुभी आइमा निवासी आकाश तिवारी के रुप में हुई।
इन लोगों ने बताया कि जिला प्रतापगढ़ के लालगंज थाना के बासूपुर निवासी बंटी, इसी थाने के गांव बाबूतारा निवासी बाला ठाकुर उर्फ अंकुर तथा हिमांशु सिंह भी साथ काम करते हैं जो पुलिस को देखकर मौके से भाग गए। पुलिस ने सभी के खिलाफ गंभीर धाराओं में केस दर्ज कर उनका चालान न्यायालय भेज दिया। एसपी ने कहा कि सभी के खिलाफ गैंगेस्टर एक्ट के तहत भी कार्रवाई की जाएगी। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें गठित कर दी गई हैं।
घटना का खुलासा करते हुए एसपी दिनेश सिंह ने बताया कि यह लोग भीड़भाड़ वाले एटीएम बूथ को चिह्नित करते हैं। बूथ पर पैसा निकालने गए अनपढ़ व महिलाओं को शिकार बनाने के लिए बूथ के भीतर मौजूद रहते हैं। मदद के बहाने उनका कार्ड हाथ में लेते ही दूसरे हाथ में पकड़े स्कीमर डिवाइस में स्कैन कर लेते हैं। दूसरा व्यक्ति कार्ड का प्रयोग करते समय पिनकोड देख लेता है। स्कैन किए गए कार्ड के डाटा को एटीएम कार्ड राइटिंग मशीन की सहायता से पुराने व चोरी किए गए कार्ड में लैपटॉप की सहायता से क्लोन (दूसरी कॉपी) तैयार कर लेते हैं। एटीएम क्लोनिंग के बाद दूसरे एटीएम बूथ पर जाकर राशि निकाल लेते हैं।
विज्ञापन
जिले में आए दिन एटीएम कार्ड धारकों के खाते से राशि आहरित होने की लगातार मिल रही शिकायत को गंभीरता से लेते हुए एसपी ने जिले की साइबर सेल व एसओजी टीम को सक्रिय किया था। टीम जिले के शहरी इलाकों के एटीएम बूथों पर लगे कैमरों की गहनता से जांच की तो कुछ चेहरे लगातार एक के बाद दूसरे एटीएम पर दिखाई दिए। पुलिस ने इन पर नजर रखना शुरू किया तो बृहस्पतिवार को शहर स्थित बैंक ऑफ बड़ौदा के एटीएम बूथ के समीप कार पर मौजूद चार संदिग्धों को दबोच लिया। उसमें से एक चेहरा कई एटीएम बूथों पर पाया गया था।
विज्ञापन
पुलिस इन्हें पकड़कर गौरीगंज थाना लाकर इनसे गहनता से पूछताछ की। तलाशी के दौरान इनके पास से 94 हजार रुपये नगद, पांच मोबाइल फोन, तीन सीडी एंटी वायरस, 13 फ्रेश एटीएम कार्ड, एक लैपटॉप, एक एटीएम कार्ड क्लोनिंग मशीन (स्कीमर), एक एटीएम कार्ड राइटिंग मशीन, एक लैपटॉप चार्जर, एक डाटा केबल (स्कीम डिवाइस के लिए), एक चार्जर एडॉप्टर, एक माउस, बिहार प्रांत में पंजीकृत एक स्विफ्ट कार तथा एक सोल्डर बैग बरामद हुआ।
विज्ञापन
पूछताछ में बिहार प्रांत के जिला कैमूरभभुआ, थाना भगवानपुर के गांव सुंदरी निवासी टीम सरगना लव कुमार उर्फ बृजेश यादव, दूसरे की इसी जिले व थाने के गांव गोबरछ निवासी धनंजय कुमार माली, तीसरे की चंदौली जिला के थाना सैय्यदरजा के गांव हलुआ नरहर निवासी धर्मेंद्र माली तथा चौथे की जिला प्रतापगढ़ के उदयपुर थाना के गांव कुभी आइमा निवासी आकाश तिवारी के रुप में हुई।
इन लोगों ने बताया कि जिला प्रतापगढ़ के लालगंज थाना के बासूपुर निवासी बंटी, इसी थाने के गांव बाबूतारा निवासी बाला ठाकुर उर्फ अंकुर तथा हिमांशु सिंह भी साथ काम करते हैं जो पुलिस को देखकर मौके से भाग गए। पुलिस ने सभी के खिलाफ गंभीर धाराओं में केस दर्ज कर उनका चालान न्यायालय भेज दिया। एसपी ने कहा कि सभी के खिलाफ गैंगेस्टर एक्ट के तहत भी कार्रवाई की जाएगी। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें गठित कर दी गई हैं।
घटना का खुलासा करते हुए एसपी दिनेश सिंह ने बताया कि यह लोग भीड़भाड़ वाले एटीएम बूथ को चिह्नित करते हैं। बूथ पर पैसा निकालने गए अनपढ़ व महिलाओं को शिकार बनाने के लिए बूथ के भीतर मौजूद रहते हैं। मदद के बहाने उनका कार्ड हाथ में लेते ही दूसरे हाथ में पकड़े स्कीमर डिवाइस में स्कैन कर लेते हैं। दूसरा व्यक्ति कार्ड का प्रयोग करते समय पिनकोड देख लेता है। स्कैन किए गए कार्ड के डाटा को एटीएम कार्ड राइटिंग मशीन की सहायता से पुराने व चोरी किए गए कार्ड में लैपटॉप की सहायता से क्लोन (दूसरी कॉपी) तैयार कर लेते हैं। एटीएम क्लोनिंग के बाद दूसरे एटीएम बूथ पर जाकर राशि निकाल लेते हैं।