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चुनाव में वादे कर रहे उम्मीदवार
अबेडकरनगर/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 15 Nov 2015 10:28 PM IST
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कोई पात्रों को आवास दिलाने का वादा कर रहा है तो कोई कन्या के विवाह में मदद करने का। कुछ लोगों ने तो विवाह में विभिन्न प्रकार से मदद शुरू कर दी है। बीमारी आदि में भी मदद के लिए दावेदारों के हाथ आगे बढ़ रहे हैं।
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जिले की 930 ग्राम पंचायतों में ग्राम प्रधान व ग्राम पंचायत सदस्य पद के लिए होने वाले चुनाव में प्रथम चरण के लिए नामांकन प्रक्रिया 16 नवंबर से प्रारंभ हो रही है। चुनाव में अपनी जीत सुनिश्चित करने के लिए प्रत्याशी कोई कोर कसर नहीं छोडना चाह रहे हैं।
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इसके लिए तमाम ऐसे वादे भी कर रहे हैं, जिसे पूरा करना लगभग मुश्किल ही है। कोई बड़े पैमाने पर आवास दिए जाने का वादा कर रहा है, तो कोई पेंशन दिलाने का। कोई पांच वर्ष के कार्यकाल में ग्राम पंचायत की लड़कियों का विवाह होने पर संपूर्ण मदद का वादा कर रहा है, तो कोई लड़कियों के विवाह में चीनी आदि दिए जाने का भी वादा भी कर रहा है।
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इसके अलावा ग्राम पंचायत में प्रकाश की व्यवस्था, मार्ग दुरुस्त कराने और खराब पड़े हैंडपंपों व लाइट को स्वयं के खर्च से ठीक कराने के भी खूह वादे किए दा रहे हैं। प्रत्याशियों ने पात्रों को अपने हक में करने के लिए नायाब तरीका निकाला है।
वे संबंधित पात्रों की पासबुक लेकर उनके खाते में स्वयं 1800 रुपये डालकर पासबुक अपडेट करवाकर पात्रों को दे रहे हैं। साथ ही उन्हें बढ़ चढ़कर बताया जा रहा है कि उनकी कोशिश के चलते ही पेंशन की धनराशि आ सकी है। यदि जीत हासिल होती है, तो वे न सिर्फ पेंशन, बल्कि अन्य योजनाओं का समुचित लाभ भी दिलाएंगे।
कुछ प्रत्याशी तो आचार संहिता लागू होने के बावजूद लड़कियों के विवाह में चीनी सहित अन्य सामान देने लगे हैं। कुछ प्रत्याशियों ने अपने संसाधनों को मतदाताओं के लिए निशुल्क कर दिया है। न सिर्फ चार पहिया वाहनों से उन्हें लाने ले जाने का काम किया जा रहा है, बल्कि ट्रैक्टर से खेत की जुताई भी निशुल्क की जा रही है। उधर मतदाताओं ने पूरी तरह चुप्पी साध रखी है।