{"_id":"6a357b3efa20aa11030c04de","slug":"squabble-between-traders-and-the-team-that-came-to-check-the-truck-bill-ambedkar-nagar-news-c-91-1-abn1014-158852-2026-06-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ambedkar Nagar News: ट्रक का बिल जांचने पहुंची टीम से व्यापारियों की नोकझोंक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ambedkar Nagar News: ट्रक का बिल जांचने पहुंची टीम से व्यापारियों की नोकझोंक
विज्ञापन
जलालपुर के मालीपुर मार्ग स्थित एक सरिया दुकान पर ट्रक का बिल जांचने पहुंची टीम से नोकझोंक करते
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जलालपुर। क्षेत्र के मालीपुर मार्ग स्थित एक सरिया दुकान पर शुक्रवार को जीएसटी विभाग के सचल दस्ते की कार्रवाई के दौरान व्यापारियों और टीम के बीच नोकझोंक हो गई। ट्रक में लदी सरिया के बिल की जांच को लेकर विवाद की स्थिति बनी रही।
सुल्तानपुर से आई जीएसटी मोबाइल सचल टीम ने सरिया लदे एक ट्रक को संदिग्ध मानकर पीछा किया। टीम ट्रक के साथ जलालपुर क्षेत्र की एक सरिया दुकान पर पहुंची और चालक से माल से संबंधित बिल मांगा। कार्रवाई की जानकारी मिलने पर आसपास के व्यापारी भी मौके पर पहुंच गए। व्यापारियों ने टीम के अधिकारी राजेंद्र चक्रवर्ती से आईडी कार्ड दिखाने को कहा, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच बहस शुरू हो गई। व्यापारियों ने अधिकारी से वाहन से नीचे उतरकर मौके पर बात करने की मांग की। अधिकारी के वाहन से बाहर न आने पर नाराजगी जताई गई और काफी देर तक नोकझोंक होती रही।
दुकानदार लल्ला अग्रहरि ने आरोप लगाया कि टीम के पहुंचने से पहले सुरक्षा में लगे एक सिपाही ने रिश्वत की मांग की थी। व्यापारियों ने कार्रवाई के तरीके पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि अधिकारी दुकान पर जांच करने के बजाय व्यापारियों को वाहन के पास बुला रहे थे। जीएसटी अधिकारी रविंद्र कुमार ने बताया कि जिले में मोबाइल सचल दस्ता उपलब्ध न होने के कारण सुल्तानपुर की टीम को अमेठी और अंबेडकरनगर क्षेत्र का भी प्रभार दिया गया है। टीम नियमित जांच के तहत कार्रवाई करती है।
विज्ञापन
सचल दस्ता प्रभारी राजेंद्र चक्रवर्ती ने बताया कि ट्रक को संदेह के आधार पर रोका गया था। जांच में बिल पर दर्ज वाहन नंबर गलत पाया गया, जिसे बाद में संशोधित कर दिया गया। कार्रवाई के दौरान व्यापारियों ने विरोध किया लेकिन विवाद की कोई स्थिति नहीं बनी।
विज्ञापन
सुल्तानपुर से आई जीएसटी मोबाइल सचल टीम ने सरिया लदे एक ट्रक को संदिग्ध मानकर पीछा किया। टीम ट्रक के साथ जलालपुर क्षेत्र की एक सरिया दुकान पर पहुंची और चालक से माल से संबंधित बिल मांगा। कार्रवाई की जानकारी मिलने पर आसपास के व्यापारी भी मौके पर पहुंच गए। व्यापारियों ने टीम के अधिकारी राजेंद्र चक्रवर्ती से आईडी कार्ड दिखाने को कहा, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच बहस शुरू हो गई। व्यापारियों ने अधिकारी से वाहन से नीचे उतरकर मौके पर बात करने की मांग की। अधिकारी के वाहन से बाहर न आने पर नाराजगी जताई गई और काफी देर तक नोकझोंक होती रही।
विज्ञापन
दुकानदार लल्ला अग्रहरि ने आरोप लगाया कि टीम के पहुंचने से पहले सुरक्षा में लगे एक सिपाही ने रिश्वत की मांग की थी। व्यापारियों ने कार्रवाई के तरीके पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि अधिकारी दुकान पर जांच करने के बजाय व्यापारियों को वाहन के पास बुला रहे थे। जीएसटी अधिकारी रविंद्र कुमार ने बताया कि जिले में मोबाइल सचल दस्ता उपलब्ध न होने के कारण सुल्तानपुर की टीम को अमेठी और अंबेडकरनगर क्षेत्र का भी प्रभार दिया गया है। टीम नियमित जांच के तहत कार्रवाई करती है।
विज्ञापन
सचल दस्ता प्रभारी राजेंद्र चक्रवर्ती ने बताया कि ट्रक को संदेह के आधार पर रोका गया था। जांच में बिल पर दर्ज वाहन नंबर गलत पाया गया, जिसे बाद में संशोधित कर दिया गया। कार्रवाई के दौरान व्यापारियों ने विरोध किया लेकिन विवाद की कोई स्थिति नहीं बनी।