{"_id":"5dc702ed8ebc3e5aee458cb7","slug":"powar-cut-ambedkar-nagar-news-lko491377534","type":"story","status":"publish","title_hn":"बदहाल बिजली आपूर्ति से पतौना फीडर के उपभोक्ता परेशान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बदहाल बिजली आपूर्ति से पतौना फीडर के उपभोक्ता परेशान
विज्ञापन
अंबेडकरनगर। उपकेंद्र महरुआ से जुड़े पतौना फीडर के उपभोक्ताओं को समुचित बिजली नहीं मिल पा रही है। 18 घंटे के रोस्टर के बावजूद महज 8 से 10 घंटे ही बिजली मिल पा रही है। इससे नाराज उपभोक्ताओं ने व्यवस्था में अविलंब सुधार कराने की मांग की है। कहा कि यदि जल्द ही ध्यान नहीं दिया गया तो सभी सड़क पर उतरने को विवश होंगे।
गौरतलब है कि महरुआ उपकेंद्र से करीब 50 हजार आबादी को बिजली मिलती है। यहीं से जुड़े पतौना फीडर से करीब 15 हजार की आबादी लाभान्वित होती है। इसमें रामनगर कर्री, बरामदपुर जरियारी, सिलावट व पतौना सहित दो दर्जन से अधिक गांव को आपूर्ति होती है।
ग्रामीणों का आरोप है कि करीब एक माह से उन लोगों को सुचारु बिजली का लाभ नहीं मिल पा रहा है। रोस्टर तो 18 घंटे का निर्धारित किया गया है लेकिन उन लोगों को 8 से 10 घंटे की बिजली मुश्किल से मिल पाती है।
विज्ञापन
इन दिनों सुचारु बिजली न मिलने के चलते सबसे ज्यादा मुश्किल किसानों को हो रही है।
किसान रविंदर पाल, हरसहाय सिंह, अभिमन्यु सिंह व शिवकुमार आदि का कहना है कि कई बार आपूर्ति व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग की गई लेकिन विभाग गंभीर नहीं हो रहा है। ऐसे में यदि जल्द ही व्यवस्था में सुधार न किया गया तो उन्हें सड़क पर उतरने को विवश होना पड़ेगा। इस मामले में अधिशाषी अभियंता वीके पटेल ने बताया कि फिलहाल कोई शिकायत नहीं मिली है। यदि ऐसा है तो मामले को दिखवाया जाएगा।
विज्ञापन
गौरतलब है कि महरुआ उपकेंद्र से करीब 50 हजार आबादी को बिजली मिलती है। यहीं से जुड़े पतौना फीडर से करीब 15 हजार की आबादी लाभान्वित होती है। इसमें रामनगर कर्री, बरामदपुर जरियारी, सिलावट व पतौना सहित दो दर्जन से अधिक गांव को आपूर्ति होती है।
विज्ञापन
ग्रामीणों का आरोप है कि करीब एक माह से उन लोगों को सुचारु बिजली का लाभ नहीं मिल पा रहा है। रोस्टर तो 18 घंटे का निर्धारित किया गया है लेकिन उन लोगों को 8 से 10 घंटे की बिजली मुश्किल से मिल पाती है।
विज्ञापन
इन दिनों सुचारु बिजली न मिलने के चलते सबसे ज्यादा मुश्किल किसानों को हो रही है।
किसान रविंदर पाल, हरसहाय सिंह, अभिमन्यु सिंह व शिवकुमार आदि का कहना है कि कई बार आपूर्ति व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग की गई लेकिन विभाग गंभीर नहीं हो रहा है। ऐसे में यदि जल्द ही व्यवस्था में सुधार न किया गया तो उन्हें सड़क पर उतरने को विवश होना पड़ेगा। इस मामले में अधिशाषी अभियंता वीके पटेल ने बताया कि फिलहाल कोई शिकायत नहीं मिली है। यदि ऐसा है तो मामले को दिखवाया जाएगा।