फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ambedkar Nagar News ›   Now recharge first, then you will be able to use electricity

Ambedkar Nagar News: अब पहले रिचार्ज, फिर कर सकेंगे बिजली का इस्तेमाल

Mon, 03 Jun 2024 10:35 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Mon, 03 Jun 2024 10:35 PM IST
विज्ञापन
Now recharge first, then you will be able to use electricity
अंबेडकरनगर। मोबाइल और डीटीएच की तरह अब बिजली के भुगतान को भी प्री-पेड किए जाने की तैयारी है। जितने का रिचार्ज कराएंगे उतनी ही बिजली का उपयोग किया जा सकेगा। यह नई व्यवस्था कई मायनों में सुविधा देने वाली साबित होगी।
विज्ञापन




100 रुपये से लेकर अधिकतम राशि का भी रिचार्ज कर बिजली उपयोग किया जा सकेगा। इन दिनों जनपद में चार लाख 25 हजार बिजली उपभोक्ताओं को 41 उपकेंद्रोंं के 231 फीडरों के माध्यम से बिजली आपूर्ति दी जा रही है। खपत के अनुरूप बिजली के बिल की वसूली 50 फीसद हो पाती है। खुले तारों से बिजली की चोरी और जर्जर संसाधनोंं से लाइन लॉस से हर माह 25 से 30 प्रतिशत बिजली की बर्बाद हो जाती है। चोरी व बिजली की बर्बादी पर अंकुश लगाने के लिए पावर कारपाेरेशन अब बिजली घरोंं से लेकर सभी वर्ग के उपभोक्ताओं के घरोंं में प्री-पेड बिजली मीटर लगाने की तैयारी में है। बीते दिनों इसका टेंडर भी हो चुका है।
विज्ञापन


जिले में प्री-पेड मीटरोंं को लगाने की जिम्मेदारी पोलेरेसिस कंपनी को दी गई है। पहले चरण में सभी बिजली घरोंं पर मीटर लगाने का सर्वे कंपनी द्वारा पूरा कर दिया गया है। अब दूसरे चरण में डिस्ट्रीब्यूशन ट्रांसमिशन के साथ ही कॉमर्शियल उपभाेक्ताओं का सर्वे कर प्रीपेड मीटर लगेंगे। इसके बाद चौथे चरण में वृहद अभियान चलाकर घर-घर प्रीपेड मीटर लगाए जाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन




बिजली चोरी पर लगेगा अंकुश : प्रीपेड मीटर लगने से बिजली चोरी पर अंकुश लग जाएगा। उपभोक्ता जितने का रिचार्ज करेगा उसको उतनी ही बिजली उपभोग करने को मिलेगी। वहीं उपभोक्ताओंं को बकाया बिल जमा करने के लिए बिजली घरोंं का चक्कर काटने से निजात मिल जाएगी। इसके अलावा बिजलीकर्मियों को भी बकाया वसूली करने के लिए उपभोक्ताओं के घरों तक दौड़ लगाने से छुटकारा मिल जाएगा।

मीटर कुछ इस तरह करेगा काम : प्रीपेड बिजली मीटर में एक रिले (एक स्वचालित स्विच) है जो कोई यूनिट नहीं रहने पर बिजली काट देगा। जब आप रिचार्ज करेंगे, तो संतुलन बढ़ जाएगा और रिले फिर से बिजली प्रवाहित करने लगेगी। प्रीपेड बिजली सैद्धांतिक रूप से सेल्यूलर टेलीफोन विकल्प के समान काम करेगी।




उपभोक्ता : चार लाख 25 हजार

उपकेंद्र : 41



फीडर: 231

ट्रांसफाॅर्मर : 30 हजार



दूसरे चरण का चल रहा सर्वे



अब साधारण मीटरों को हटवाकर उनके स्थान पर प्रीपेड मीटर लगाए जाएंगे। पोलेरेसिस कंपनी सर्वे का काम कर रही है। पहले चरण का सर्वे पूरा हो गया है। अब दूसरे चरण का सर्वे कराया जाएगा। साल के अंत तक सभी घरों में प्रीपेड मीटर लगाए जाने का लक्ष्य रखा गया है। - संजय कुमार, अधिशासी अभियंता
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed