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अनियंत्रित कार पेड़ से टकराई, युवक की मौत
Updated Fri, 12 Oct 2018 01:00 AM IST
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जलालपुर (अंबेडकरनगर)। सड़क पर उड़ी धूल के चलते अनियंत्रित हुई कार गुरुवार को सड़क के किनारे पेड़ से बंधे दो मवेशियों को राैंदता हुआ पेड़ से जा टकराई। इससे वाहन चालक की घटनास्थल पर ही मौत हो गई, जबकि उसके बगल बैठा फुफेरा भाई गंभीर रूप से घायल हो गया। निजी अस्पताल में इलाज के बाद उसे ट्रॉमा सेंटर लखनऊ रेफर करना पड़ा। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। उधर वाहन की टक्कर से दोनों गोवंशीय पशुओं की भी मौत हो गई। घटना से काफी देर तक मौके पर अफरातफरी की नौबत बनी रही।
जानकारी के अनुसार अमित उर्फ सौरभ सिंह (35) पुत्र जितेंद्र सिंह निवासी खालिसपुर थाना जैतपुर गुरुवार दोपहर करीब अपनी कार से नेवादा पहुंचा। यहां उसने अपने फुफेरे भाई निश्चय (25) को वाहन पर आगे बैठा लिया। इसके बाद दोनों अकबरपुर जाने के लिए निकल पड़े। बताया जाता है कि जब वे गहनागर बाबा स्थान के निकट पहुंचे, तो इसी बीच पीछे से एक जीप ने तेजी से उन्हें ओवरटेक किया। चूंकि मौजूदा समय में नेवादा जलालपुर मार्ग निर्माणाध्ीन है, इससे ओवरटेकिंग के चलते धूल उड़ने लगी। इससे वाहन चला रहे अमित को अचानक आगे कुछ दिखाई नहीं दिया। सड़क पर बड़ी बड़ी गिट्टी पड़ी होने एवं धूल के गुबार के चलते वाहन अनियंत्रित हो गया।
अमित ने वाहन को नियंत्रित करने का प्रयास किया, लेकिन तब तक वाहन सड़क के किनारे पेड़ से बंधे दो गोवंशीय पशुओं को रौंदता हुआ पेड़ से जा टकराया। घटना से मौके पर हड़कंप मच गया। इर्दगिर्द के लोग घटनास्थल की तरफ दौड़ पड़े। गंभीर रूप से घायल अमित बेहोश पड़ा था, जबकि गंभीर रूप से घायल निश्चय होश में था। दोनों को आननफानन में जलालपुर नगर स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। यहां चिकित्सकों ने अमित को मृत घोषित कर दिया। गंभीर रूप से घायल निश्चय को प्रारंभिक इलाज के बाद ट्रॉमा सेंटर लखनऊ रेफर कर दिया गया। उधर वाहन के रौंदने से दोनों गोवंशीय पशुओं की भी मौत हो गई। इस बीच पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
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बुझ गया परिवार का चिराग
अमित गांव में अपनी मां के साथ रहता था। वह परिवार का इकलौता था। उसकी छोटी बहन का विवाह बीते जून माह में हुआ था। लगभग 12 वर्ष पहले उसके पिता जितेंद्र की दक्षिण भारत के वासी शहर में हुई एक मार्ग दुर्घटना में मौत हो गई थी। अब अमित की भी मार्ग दुर्घटना में मौत होने से परिवार में कोहराम मचा हुआ है। मां व बहन का रो-रोकर बुरा हाल है। मां बार-बार बेहोश हुई जा रही थी।
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जानकारी के अनुसार अमित उर्फ सौरभ सिंह (35) पुत्र जितेंद्र सिंह निवासी खालिसपुर थाना जैतपुर गुरुवार दोपहर करीब अपनी कार से नेवादा पहुंचा। यहां उसने अपने फुफेरे भाई निश्चय (25) को वाहन पर आगे बैठा लिया। इसके बाद दोनों अकबरपुर जाने के लिए निकल पड़े। बताया जाता है कि जब वे गहनागर बाबा स्थान के निकट पहुंचे, तो इसी बीच पीछे से एक जीप ने तेजी से उन्हें ओवरटेक किया। चूंकि मौजूदा समय में नेवादा जलालपुर मार्ग निर्माणाध्ीन है, इससे ओवरटेकिंग के चलते धूल उड़ने लगी। इससे वाहन चला रहे अमित को अचानक आगे कुछ दिखाई नहीं दिया। सड़क पर बड़ी बड़ी गिट्टी पड़ी होने एवं धूल के गुबार के चलते वाहन अनियंत्रित हो गया।
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अमित ने वाहन को नियंत्रित करने का प्रयास किया, लेकिन तब तक वाहन सड़क के किनारे पेड़ से बंधे दो गोवंशीय पशुओं को रौंदता हुआ पेड़ से जा टकराया। घटना से मौके पर हड़कंप मच गया। इर्दगिर्द के लोग घटनास्थल की तरफ दौड़ पड़े। गंभीर रूप से घायल अमित बेहोश पड़ा था, जबकि गंभीर रूप से घायल निश्चय होश में था। दोनों को आननफानन में जलालपुर नगर स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। यहां चिकित्सकों ने अमित को मृत घोषित कर दिया। गंभीर रूप से घायल निश्चय को प्रारंभिक इलाज के बाद ट्रॉमा सेंटर लखनऊ रेफर कर दिया गया। उधर वाहन के रौंदने से दोनों गोवंशीय पशुओं की भी मौत हो गई। इस बीच पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
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बुझ गया परिवार का चिराग
अमित गांव में अपनी मां के साथ रहता था। वह परिवार का इकलौता था। उसकी छोटी बहन का विवाह बीते जून माह में हुआ था। लगभग 12 वर्ष पहले उसके पिता जितेंद्र की दक्षिण भारत के वासी शहर में हुई एक मार्ग दुर्घटना में मौत हो गई थी। अब अमित की भी मार्ग दुर्घटना में मौत होने से परिवार में कोहराम मचा हुआ है। मां व बहन का रो-रोकर बुरा हाल है। मां बार-बार बेहोश हुई जा रही थी।