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ब्रह्मपुत्र मेल से आई महिला ने प्लेटफार्म पांच पर बच्चे को दिया जन्म
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ब्रह्मपुत्र मेल से भागलपुर जा रही एक महिला ने शुक्रवार की सुबह प्रयागराज जंक्शन पर एक बच्चे को जन्म दिया। महिला अपने पति सदानंद के साथ ट्रेन में सवार थी। रास्ते में ही उसे प्रसव पीड़ा हुई। जंक्शन पहुंचने के बाद महिला को ट्रेन से प्लेटफार्म पर उतारा गया। यहां कपड़े का घेरा बनाकर उसका प्रसव करवाया गया। रेलवे के चिकित्सकों द्वारा महिला का प्राथमिक उपचार करने के बाद उसे जिला महिला चिकित्सालय डफरिन भेज दिया गया।
ब्रह्मपुत्र मेल के एस-2 कोच में सवार महिला और उसके पति को बर्थ संख्या 79 एवं 80 आवंटित थी। कानपुर के बाद ही पूजा देवी नाम की महिला को प्रसव पीड़ा शुरू हुई। इसकी सूचना प्रयागराज जंक्शन भेजी गई। यहां प्लेटफार्म पर कुछ महिलाओं ने कपड़े का घेरा बनाकर महिला का प्रसव कराया।
तब तक रेलवे के चिकित्सक डा. परवेज अहमद एवं आरपीएफ की महिला कर्मी भी मौके पर पहुंच गई। प्लेटफार्म नंबर पांच पर ही महिला ने स्वस्थ बच्चे को जन्म दिया। इसके बाद महिला को डफरिन अस्पताल भेजा गया। एनसीआर के पीआरओ डा. अमित मालवीय ने बताया कि एनसीआर क्षेत्र में तमाम श्रमिक स्पेशल ट्रेनों में अब तक 18 बच्चों का जन्म हो चुका है। इसमें प्रयागराज मंडल में दस, आगरा एवं झांसी मंडल में चार-चार बच्चों ने जन्म लिया।
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ब्रह्मपुत्र मेल के एस-2 कोच में सवार महिला और उसके पति को बर्थ संख्या 79 एवं 80 आवंटित थी। कानपुर के बाद ही पूजा देवी नाम की महिला को प्रसव पीड़ा शुरू हुई। इसकी सूचना प्रयागराज जंक्शन भेजी गई। यहां प्लेटफार्म पर कुछ महिलाओं ने कपड़े का घेरा बनाकर महिला का प्रसव कराया।
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तब तक रेलवे के चिकित्सक डा. परवेज अहमद एवं आरपीएफ की महिला कर्मी भी मौके पर पहुंच गई। प्लेटफार्म नंबर पांच पर ही महिला ने स्वस्थ बच्चे को जन्म दिया। इसके बाद महिला को डफरिन अस्पताल भेजा गया। एनसीआर के पीआरओ डा. अमित मालवीय ने बताया कि एनसीआर क्षेत्र में तमाम श्रमिक स्पेशल ट्रेनों में अब तक 18 बच्चों का जन्म हो चुका है। इसमें प्रयागराज मंडल में दस, आगरा एवं झांसी मंडल में चार-चार बच्चों ने जन्म लिया।
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