{"_id":"57c896f44f1c1b50212cb938","slug":"stake-in-the-truck-were-killed-in-fights","type":"story","status":"publish","title_hn":"ट्रक में हिस्सेदारी के झगड़े में हुआ कत्ल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ट्रक में हिस्सेदारी के झगड़े में हुआ कत्ल
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Fri, 02 Sep 2016 02:55 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
इलाहाबाद। मुंडेरा मंडी में बुधवार रात हुए ट्रांसपोर्टर विजय सिंह उर्फ राजू हत्याकांड में मां सरिता देवी की तहरीर पर तीन रिश्तेदारों के खिलाफ हत्या का मुकदमा लिखा गया है। आरोपियों की तलाश में पुलिस कौशांबी और फतेहपुर में दबिश दी। लेकिन वे पकड़ में नहीं आए।
कत्ल के वजह को लेकर जो कहानी निकल सामने आ रही है वह यह है कि पिता फूलचंद्र की मौत के बाद विजय सिंह उर्फ राजू ने पिता के कारोबार को संभाला। उसने दो से ट्रकों की संख्या बढ़ाकर नौ कर ली थी। दूर के रिश्ते में फुफा लगने वाले राजकुमार पटेल को उसने अपने कारोबार में लगा लिया। लगभग दो साल पहले विजय ने एक ट्रक खरीदी। जो राजकुमार के साथ साझेदारी में थी लेकिन ट्रक राजकुमार के ही नाम पर थी। लगभग दो लाख रुपये विजय ने दिया था। ट्रक राजकुमार ही चलवाता था। जिसके चलते वह ट्रक से होने वाली आय को अपने पास रखता था। राजकुमार अक्सर किराया हड़प जाता था। विजय और राजकुमार में इसे लेकर दरार पैदा होने लगी। बुधवार रात ट्रक आई तो विजय ने चालक और खलासी से बात किया। चालक ने बताया कि राजकुमार ने जबरन ट्रक मंडी में खड़ी करवा ली है। विजय राजकुमार से बात करने उसके जीजा जीतेंद्र पटेल की आढ़त पर गया। विजय के वहां पहुंचे ही राजकुमार और जीतेंद्र से उसकी कहासुनी हुई। जीतेंद्र और राजकुमार उस पर टूट पड़े। लात-घूंसों से धुनाई के बाद पेट पर चाकु ओं से एक दर्जन वार किया गया। इतना ही नहीं चाकू से गला रेत कर हमलावर भाग निकले। विजय की मां सरिता देवी की तहरीर पर कौशांबी में दुबना सराय अकिल के जीतेंद्र पटेल, उसके बेटे पुष्पराज और साले राजकुमार निवासी म्यौहरिया सरायअकिल पर हत्या का मुकदमा लिखकर पुलिस आरोपियों की तलाश में लगी है।
पहली पत्नी से चल रहा मुकदमा
विजय उर्फ राजू ने दो शादी की थी। पहली पत्नी से उसका विवाद चल रहा था। जिसकी रिपोर्ट कौशांबी के करारी थाने में दर्ज है। पहली पत्नी से विवाद के बाद लगभग डेढ़ साल पहले उसने ज्योति से कोर्ट मैरिज कर ली है। वह मां सरिता देवी, छोटी बहन अंतिमा और पत्नी ज्योति के साथ नीमसराय इलाके में किराए पर रहता था। विजय की पत्नी ज्योति गर्भवती है। बुधवार शाम राजू पत्नी ज्योति को डॉक्टर को दिखाकर लौटा था। इसके बाद ही वह जीतेंद्र और राजकुमार से मिलने मुंडेरा मंडी पहुंच गया था। कुछ देर बाद पति के कत्ल की खबर ज्योति को मिली तो वह अचेत हो गई। विजय के कत्ल से घर में कोहराम मचा हुआ है। वह अपने घर में इकलौता पुरूष था। उसकी हत्या के बाद मां, पत्नी और बहन बेसहारा हो गई।
विज्ञापन
विजय की कार में था चाकू, गायब है मोबाइल
विजय का राजकुमार से एक सप्ताह पहले भी राजकुमार से झगड़ा हुआ था। बुधवार को जब ट्रक बाहर से लौटी तो जीतेंद्र और राजकुमार ने उसे खड़ा करवा लिया। विजय राजकुमार और जीतेंद्र के मुकाबले हर तरह से सबल था। उसे जब यह पता चला कि राजकुमार और उसके जीजा जीतेंद्र ने जबरन ट्रक खड़ी करवा ली है तो वह भी तैश में मंडी गया था। लेकिन उसे इस बात का अंदाजा नहीं था कि राजकुमार और जीतेंद्र उस पर हमला बोल देंगे। चूंकि विजय अक्सर राजकुमार की हरतरह से मदद करता था। कत्ल के बाद पहुंची धूमनगंज पुलिस ने विजय की कार से एक नया चाकू बरामद किया। उसे हमले का अंदाजा होता तो वह भी चाकू लेकर कार से नीचे उतरता। कातिल उसका मोबाइल भी उठा ले गए हैं।
राजकुमार और विजय ने साझेदारी में ट्रक खरीदा था। लगभग दो लाख रुपये विजय ने राजकुमार को दिया था। इसी को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ था। आरोपियों की तलाश में कौशांबी और फतेहपुर में दबिश दी गई। लेकिन वे नहीं मिले। उनकी तलाश में दो टीम लगी है।----आलोक मिश्र सीओ सिविल लाइंस।
कत्ल के वजह को लेकर जो कहानी निकल सामने आ रही है वह यह है कि पिता फूलचंद्र की मौत के बाद विजय सिंह उर्फ राजू ने पिता के कारोबार को संभाला। उसने दो से ट्रकों की संख्या बढ़ाकर नौ कर ली थी। दूर के रिश्ते में फुफा लगने वाले राजकुमार पटेल को उसने अपने कारोबार में लगा लिया। लगभग दो साल पहले विजय ने एक ट्रक खरीदी। जो राजकुमार के साथ साझेदारी में थी लेकिन ट्रक राजकुमार के ही नाम पर थी। लगभग दो लाख रुपये विजय ने दिया था। ट्रक राजकुमार ही चलवाता था। जिसके चलते वह ट्रक से होने वाली आय को अपने पास रखता था। राजकुमार अक्सर किराया हड़प जाता था। विजय और राजकुमार में इसे लेकर दरार पैदा होने लगी। बुधवार रात ट्रक आई तो विजय ने चालक और खलासी से बात किया। चालक ने बताया कि राजकुमार ने जबरन ट्रक मंडी में खड़ी करवा ली है। विजय राजकुमार से बात करने उसके जीजा जीतेंद्र पटेल की आढ़त पर गया। विजय के वहां पहुंचे ही राजकुमार और जीतेंद्र से उसकी कहासुनी हुई। जीतेंद्र और राजकुमार उस पर टूट पड़े। लात-घूंसों से धुनाई के बाद पेट पर चाकु ओं से एक दर्जन वार किया गया। इतना ही नहीं चाकू से गला रेत कर हमलावर भाग निकले। विजय की मां सरिता देवी की तहरीर पर कौशांबी में दुबना सराय अकिल के जीतेंद्र पटेल, उसके बेटे पुष्पराज और साले राजकुमार निवासी म्यौहरिया सरायअकिल पर हत्या का मुकदमा लिखकर पुलिस आरोपियों की तलाश में लगी है।
विज्ञापन
पहली पत्नी से चल रहा मुकदमा
विजय उर्फ राजू ने दो शादी की थी। पहली पत्नी से उसका विवाद चल रहा था। जिसकी रिपोर्ट कौशांबी के करारी थाने में दर्ज है। पहली पत्नी से विवाद के बाद लगभग डेढ़ साल पहले उसने ज्योति से कोर्ट मैरिज कर ली है। वह मां सरिता देवी, छोटी बहन अंतिमा और पत्नी ज्योति के साथ नीमसराय इलाके में किराए पर रहता था। विजय की पत्नी ज्योति गर्भवती है। बुधवार शाम राजू पत्नी ज्योति को डॉक्टर को दिखाकर लौटा था। इसके बाद ही वह जीतेंद्र और राजकुमार से मिलने मुंडेरा मंडी पहुंच गया था। कुछ देर बाद पति के कत्ल की खबर ज्योति को मिली तो वह अचेत हो गई। विजय के कत्ल से घर में कोहराम मचा हुआ है। वह अपने घर में इकलौता पुरूष था। उसकी हत्या के बाद मां, पत्नी और बहन बेसहारा हो गई।
विज्ञापन
विजय की कार में था चाकू, गायब है मोबाइल
विजय का राजकुमार से एक सप्ताह पहले भी राजकुमार से झगड़ा हुआ था। बुधवार को जब ट्रक बाहर से लौटी तो जीतेंद्र और राजकुमार ने उसे खड़ा करवा लिया। विजय राजकुमार और जीतेंद्र के मुकाबले हर तरह से सबल था। उसे जब यह पता चला कि राजकुमार और उसके जीजा जीतेंद्र ने जबरन ट्रक खड़ी करवा ली है तो वह भी तैश में मंडी गया था। लेकिन उसे इस बात का अंदाजा नहीं था कि राजकुमार और जीतेंद्र उस पर हमला बोल देंगे। चूंकि विजय अक्सर राजकुमार की हरतरह से मदद करता था। कत्ल के बाद पहुंची धूमनगंज पुलिस ने विजय की कार से एक नया चाकू बरामद किया। उसे हमले का अंदाजा होता तो वह भी चाकू लेकर कार से नीचे उतरता। कातिल उसका मोबाइल भी उठा ले गए हैं।
राजकुमार और विजय ने साझेदारी में ट्रक खरीदा था। लगभग दो लाख रुपये विजय ने राजकुमार को दिया था। इसी को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ था। आरोपियों की तलाश में कौशांबी और फतेहपुर में दबिश दी गई। लेकिन वे नहीं मिले। उनकी तलाश में दो टीम लगी है।----आलोक मिश्र सीओ सिविल लाइंस।