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Prayagraj : संपूर्ण क्रांति दल का अपना दल में हुआ विलय
Mon, 25 Oct 2021 11:34 PM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, प्रयागराज
अमर उजाला ब्यूरो, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Mon, 25 Oct 2021 11:34 PM IST
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कृष्णा पटेल
- फोटो : अमर उजाला
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संपूर्ण क्रांति दल का अपना दल (कमेरावादी) में विलय हो गया। इस बात की जानकारी सोमवार को दोनों पार्टियों के नेताओं ने संयुक्त रूप से प्रेसवार्ता कर दी। सिविल लाइंस में आयोजित प्रेसवार्ता में संपूर्ण क्रांति दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनय कुशवाहा ने कहा कि अब से उनकी पार्टी के सभी तीन हजार सदस्य अपना दल कृष्णा पटेल गुट के सदस्य माने जाएंगे।
अपना दल की राष्ट्रीय नेता डॉ. पल्लवी पटेल ने उनकी पार्टी की वाराणसी से निकली अधिकार यात्रा पर रोक लगाने पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की। आरोप लगाया कि उनकी अधिकार यात्रा सामाजिक न्याय, रोजगार एवं किसानों के सवाल पर निकलनी थी, लेकिन प्रदेश सरकार ने दमनकारी नीति अपनाते हुए पुलिस बल के सहारे उनकी यात्रा को रोक दिया। अधिकार यात्रा के प्रस्तावित जिलों के जिलाध्यक्षों, सैकड़ों नेताओं एवं कार्यकर्ताओं को नजरबंद कर दिया गया।
पार्टी की मुख्य कृष्णा पटेल को भी घर में ही नजरबंद कर दिया गया। डॉ. पल्लवी ने आरोप लगाया कि सत्ताधारी दलों के अलावा अन्य नेताओं एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं से अपराधियों जैसा बर्ताव किया जा रहा है। कहा कि ऐसा प्रतीत हो रहा है कि योगी सरकार पर केंद्र का कोई अंकुश नहीं है। उन्होंने पीएम से प्रदेश में हो रहे दमन का संज्ञान लेकर उपयुक्त कदम उठाने की मांग की। चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं तो पार्टी आंदोलन के लिए बाध्य होगी।
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अपना दल की राष्ट्रीय नेता डॉ. पल्लवी पटेल ने उनकी पार्टी की वाराणसी से निकली अधिकार यात्रा पर रोक लगाने पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की। आरोप लगाया कि उनकी अधिकार यात्रा सामाजिक न्याय, रोजगार एवं किसानों के सवाल पर निकलनी थी, लेकिन प्रदेश सरकार ने दमनकारी नीति अपनाते हुए पुलिस बल के सहारे उनकी यात्रा को रोक दिया। अधिकार यात्रा के प्रस्तावित जिलों के जिलाध्यक्षों, सैकड़ों नेताओं एवं कार्यकर्ताओं को नजरबंद कर दिया गया।
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पार्टी की मुख्य कृष्णा पटेल को भी घर में ही नजरबंद कर दिया गया। डॉ. पल्लवी ने आरोप लगाया कि सत्ताधारी दलों के अलावा अन्य नेताओं एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं से अपराधियों जैसा बर्ताव किया जा रहा है। कहा कि ऐसा प्रतीत हो रहा है कि योगी सरकार पर केंद्र का कोई अंकुश नहीं है। उन्होंने पीएम से प्रदेश में हो रहे दमन का संज्ञान लेकर उपयुक्त कदम उठाने की मांग की। चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं तो पार्टी आंदोलन के लिए बाध्य होगी।
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