Fraud Case : करोड़ों की ठगी में रेलवे डॉक्टर से पूछताछ, संदिग्ध रेलकर्मी का खाता नंबर लिया गया
जहां डॉक्टर भी उसकी पैरवी करता था। कारोबारियों से कहता था कि अजहर की रेलवे में बड़ी सेटिंग है। इसके बाद ही कारोबारी झांसे में आकर उसे मोटी रकम दे देते थे। आरोपी के इसी बयान के आधार पर शनिवार को पुलिस ने आरोपी डॉक्टर से पूछताछ की।
विस्तार
जार्जटाउन में 1.95 करोड़ की ठगी के मामले में शनिवार को रेलवे अस्पताल के एक डॉक्टर से पूछताछ हुई। उनसे पूछा गया कि ठगी में गिरफ्तार कर जेल भेजे गए अजहर अनीस उस्मानी से उसके क्या संबंध हैं। साथ ही उससे हुए लेनदेन के बाबत भी सवाल पूछे गए। फिलहाल डॉक्टर ने आरोपी को जानने की बात से इंकार किया है।
सूत्रों का कहना है कि आरोपी ने पूछताछ में पुलिस को कई चौंकाने वाली बातें बताई थीं। यह भी बताया कि वह लोगों से ली गई रकम रेलवे अस्पताल के एक डॉक्टर को देता था। कारोबारियों को झांसे में लेने के लिए वह उन्हें लेकर रेलवे अस्पताल जाकर डॉक्टर से मिलवाता था।
जहां डॉक्टर भी उसकी पैरवी करता था। कारोबारियों से कहता था कि अजहर की रेलवे में बड़ी सेटिंग है। इसके बाद ही कारोबारी झांसे में आकर उसे मोटी रकम दे देते थे। आरोपी के इसी बयान के आधार पर शनिवार को पुलिस ने आरोपी डॉक्टर से पूछताछ की।
फिलहाल डॉक्टर यही कहता रहा कि वह आरोपी को नहीं जानता। फंसाने के लिए साजिश के तहत उसका नाम लिया गया। उधर इस खेल में रेलवे के ही एक चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी का भी नाम सामने आया है। कहा जा रहा है कि यह कर्मचारी करोड़पति है। यह कर्मचारी भी पुलिस के रडार पर है। पुलिस ने उससे उसका खाता नंबर व अन्य विवरण लिया है। सोमवार को बैंक खुलने पर खाते की जांच कराई जाएगी। जार्जटाउन एसओ धीरेंद्र सिंह का कहना है कि जांच पड़ताल की जा रही है।
यह है मामला
अजहर को एक दिन पहले गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। आरोप है कि उसने डायरेक्टर, रेलवे बोर्ड का फर्जी आदेश दिखाकर रेलवे स्क्रैप के ठेका दिलाने के नाम पर बुलेट एजेंसी संचालक रजत केशरवानी से रुपये ऐंठे। रुपये वापस मांगने पर जान से मारने की धमकी दी।
महाठग ने 19 अन्य कारोबारियों को भी बनाया शिकार
जार्जटाउन में बुलेट एजेंसी संचालक 1.95 करोड़ की ठगी में गिरफ्तार अजहर अनीस उस्मानी ने 21 अन्य कारोबारियों को निशाना बनाया। इनमें शहर के साथ ही कानपुर के भी कई व्यापारी शामिल हैं। उसकी गिरफ्तारी की जानकारी पर पीड़ितों ने शनिवार को जार्जटाउन पुलिस से संपर्क भी किया।
फिलहाल उन्हें थाने आकर शिकायत दर्ज कराने को कहा गया है। इनमें कानपुर का ही एक बड़ा कबाड़ व्यवसायी शामिल है। इसी तरह मऊआइमा के एक प्रॉपर्टी डीलर को भी उसने शिकार बनाया। जार्जटाउन पुलिस से संपर्क कर शनिवार को प्रॉपर्टी डीलर ने बताया कि आरोपी ने उससे 80 लाख रुपये लिए थे।
जार्जटाउन थानाध्यक्ष धीरेंद्र सिंह ने बताया कि शनिवार को ऐसे कई लोगों ने फोन पर संपर्क कर अपने साथ हुई ठगी की जानकारी दी। फिलहाल उन्हेें थाने आकर लिखित शिकायत दर्ज कराने को कहा गया है।