हाईकोर्ट : प्रधानाचार्या व अध्यापकों के खिलाफ मुकदमे की कार्यवाही पर रोक, सरकार से मांगा जवाब
याचीगण का कहना है कि शिकायतकर्ता की बेटी उनके स्कूल में पढ़ती है। 49 हजार रुपये फीस बकाया होने पर अभिभावकों को बुलाया गया। वे स्कूल में पहुंचे और हंगामा किया। पुलिस बुलानी पड़ी। जिसने शिकायतकर्ता की शिकायत दर्ज की।
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इलाहाबाद हाईकोर्ट ने चीफ मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट (सीएमएम) कानपुर नगर की अदालत में कुमारी उद्यान बालिका इंटर कॉलेज अशोक नगर, कानपुर नगर के प्रधानाचार्य व अध्यापकों के खिलाफ चल रहे आपराधिक मुकदमे की सुनवाई पर रोक लगा दी है और शिकायतकर्ता को नोटिस जारी कर राज्य सरकार व उससे चार हफ्ते में जवाब मांगा है। याचिका की अगली सुनवाई 28 अगस्त को होगी।
यह आदेश न्यायमूर्ति प्रशांत कुमार ने प्रधानाचार्या सर मारिया रिया व पांच अन्य अध्यापकों की याचिका पर दिया है। याचीगण का कहना है कि शिकायतकर्ता की बेटी उनके स्कूल में पढ़ती है। 49 हजार रुपये फीस बकाया होने पर अभिभावकों को बुलाया गया। वे स्कूल में पहुंचे और हंगामा किया। पुलिस बुलानी पड़ी। जिसने शिकायतकर्ता की शिकायत दर्ज की। प्रधानाचार्य, अध्यापकों व छात्र छात्राओं का बयान लिया। सीसीटीवी फुटेज देखे। याचियों के खिलाफ कुछ नहीं मिला।
शिकायतकर्ता ने फीस जमा करने का आश्वासन दिया, जिस पर उसकी बेटी परीक्षा में बैठी किंतु फीस जमा नहीं की और थाना स्वरूपनगर, कानपुर नगर में उसी घटना को लेकर एफआईआर दर्ज कराई। पुलिस ने फाइनल रिपोर्ट लगाई है और केस लंबित है। याचिका में विचाराधीन केस व पुलिस रिपोर्ट को रद्द करने की मांग की गई है। याची के अधिवक्ता का कहना है कि एक ही घटना की दूसरी एफआईआर दर्ज नहीं कराई जा सकती। इस आधार पर केस रद्द किया जाए।