करेली हत्याकांड: बहन निकहत की हत्या के बाद मिट्टी का तेल डालकर लगा दी थी आग, लगाए थे धार्मिक नारे
Kareli Massacre: संपत्ति के लालच में आरिफ ने अपने ही हाथों से अपने पूरे परिवार को तबाह कर दिया। उसने पहला वार मां अनीसा बेगम पर किया। पिता मो. कादिर उन्हें बचाने दौड़े तो उसने दूसरा वार पिता पर किया। बहन पर तो उसने एक दर्जन से अधिक वार किए थे। वहीं, बड़े भाई आजम ने बताया कि आरिफ हर वार के बाद धार्मिक नारे भी लगा रहा था।
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करेली के बारह मार्केट में बुधवार को मां और बहन की हत्या के साथ परिवार के अन्य सदस्यों को मारने का प्रयास करने वाले आरिफ ने हैवानियत की सारी हदें पार कर दी थीं। उसने अपनी बड़ी बहन निकहत जहां उर्फ नाहिदा की चापड़ से हत्या करने के बाद मिट्टी का तेल डालकर आग भी लगा दी थी। पुलिस को रसोई से निकहत का अधजला शव बरामद हुआ था।
संपत्ति के लालच में आरिफ ने अपने ही हाथों से अपने पूरे परिवार को तबाह कर दिया। उसने पहला वार मां अनीसा बेगम पर किया। पिता मो. कादिर उन्हें बचाने दौड़े तो उसने दूसरा वार पिता पर किया। बहन पर तो उसने एक दर्जन से अधिक वार किए थे। वहीं, बड़े भाई आजम ने बताया कि आरिफ हर वार के बाद धार्मिक नारे भी लगा रहा था।
आरिफ और उसके घरवालों के बीच विवाद की वजह उसका घर ही बन गया था। दरअसल, दो मंजिला घर के ऊपरी हिस्से में बड़ा भाई आजम अपने परिवार के साथ रहता था। निचले हिस्से में आरिफ और उसका परिवार और पीछे के हिस्से में मां-बाप और बहन अपने बेटे के साथ रहती थी। आरिफ को इस बात की खुन्नस थी कि आजम घर की पूरी ऊपरी मंजिल पर कब्जा किए है। निचली मंजिल पर उसे छोटा हिस्सा ही मिला है।
पिता पर घर बेचकर पैसा देने का बना रहा था दबाव
इस खुन्नस ने उसके मन में घर कर लिया था। वह अपने मां-बाप से झगड़ा करता था। कहता था कि घर बेचकर दोनों भाइयों को बराबर पैसा दिया जाए। तीन दिन पहले भी झगड़ा हुआ था। बुधवार की सुबह आरिफ ने मारकाट का प्लान बना लिया था। इसके लिए उसने कुल्हाड़ी, चापड़ और चाकू एकत्र कर लिए थे। वह चापड़ लेकर अपने कमरे से निकला और सबसे पहले बाहर के गेट पर अंदर से ताला लगा दिया। इसके बाद कमरों में ताला लगाने लगा।
उसके हाथों में चापड़ देखकर मां अनीसा बेगम को कुछ शक हुआ। वह दौड़ीं और उसके हाथ से चापड़ छीनने लगीं। इस पर आरिफ ने मां की गर्दन पर वार कर दिया। यह देखकर पिता मो. कादिर शोर मचाते हुए दौड़े तो उनपर भी चापड़ से प्रहार किया, जिससे वह गिर पड़े। इसके बाद आरिफ रसोई की ओर दौड़ा, जहां बहन निकहत काम कर रही थी। निकहत पर उसने चापड़ से वार करने शुरू किए तो वह रुका नहीं और एक के बाद एक कई वार करके अपनी बहन को मौत के घाट उतार दिया। इसके बाद मिट्टी का तेल डालकर आग भी लगा दी।
आरिफ की हैवानियत देखकर बड़ा भाई आजम अपनी पत्नी शबाना और छोटे बेटे अली के साथ कमरे में छिप गए। बड़ा बेटा हसनैन बाहर था। आरिफ ने उसे भी मारने की कोशिश की, लेकिन वह पड़ोसी के घर में कूद गया। आरिफ के सिर पर पूरी तरह से खून सवार था। वह भाई आजम और उसकी बीवी को मारने के लिए दरवाजा तोड़ने का प्रयास करने लगा। सफल नहीं हुआ तो उसने सिलिंडर में आग लगा दी।
मां-बेटी का हुआ पोस्टमार्टम
करेली में हुई सनसनीखेज वारदात में मारी गईं मां-बेटी के शवों का पोस्टमार्टम बृहस्पतिवार को दोपहर बाद दो डॉक्टरों के पैनल ने वीडियोग्राफी के बीच किया। मां अनीसा के गले में गहरे घाव के निशान मिले। वहीं, बेटी निकहत का आधे से ज्यादा शरीर जला हुआ था। इसके साथ ही उसके शरीर पर एक दर्जन से ज्यादा घाव मिले। कानूनी प्रक्रिया में देरी होने की वजह से परिजनों को दोनों के शव शाम पांच बजे के बाद सौंपे गए। दोनों के शव काला डांडा, करेली के कब्रिस्तान में दफनाए गए।