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मुख्तार अंसारी के रिश्तेदारों की गैंगस्टर में गिरफ्तारी पर रोक
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highcourt orders to stop on arrest of mukhatar ansari's relatives
प्रयागराज। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने माफिया मुख्तार अंसारी के दो रिश्तेदारों को राहत देते हुए उनकी गैंगस्टर एक्ट के तहत दर्ज एफआईआर पर पुलिस रिपोर्ट पेश होने तक गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने याचियों को पुलिस विवेचना में सहयोग करने का निर्देश दिया है और विवेचना शीघ्र पूरी करने को भी कहा है। यह आदेश न्यायमूर्ति मनोज मिश्र तथा न्यायमूर्ति एसके पचौरी की खंडपीठ ने मुख्तार अंसारी के साले अनवर शहजाद व सरजील रजा की याचिका पर दिया है।
याचिका पर वरिष्ठ अधिवक्ता गोपाल स्वरूप चतुर्वेदी व अजय कुमार श्रीवास्तव ने बहस की। याचियों पर गिरोह बनाकर जमीन हथियाने और बेनामी खरीद से संपत्ति बनाने के आरोप में दो आपराधिक मामले दर्ज हैं। याचिका में गाजीपुर कोतवाली में दर्ज एफआईआर को रद्द करने की मांग की गई थी।
याचियों का कहना था कि शुरू में पुलिस ने संजय सिंह के खिलाफ चार्जशीट तैयार की और विवेचना के दौरान याचियों को पूरक चार्जशीट में शामिल कर लिया गया है। उन्हें झूठा फंसाया गया है। याचियों के साथ अफसा अंसारी को मिलाकर तीन लोगों का गिरोह बताया गया है और संजय सिंह को गैंग से बाहर कर दिया गया है। इसके आधार पर याचियों की जमानत हो चुकी है। एफआईआर में बेनामी संपत्ति का खुलासा नहीं किया गया है। मुख्तार अंसारी के साले रिश्तेदार होने के कारण उनको फंसाया जा रहा है। कोर्ट ने इस मामले में विवेचना शीघ्र पूरी करने का निर्देश दिया है।
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याचिका पर वरिष्ठ अधिवक्ता गोपाल स्वरूप चतुर्वेदी व अजय कुमार श्रीवास्तव ने बहस की। याचियों पर गिरोह बनाकर जमीन हथियाने और बेनामी खरीद से संपत्ति बनाने के आरोप में दो आपराधिक मामले दर्ज हैं। याचिका में गाजीपुर कोतवाली में दर्ज एफआईआर को रद्द करने की मांग की गई थी।
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याचियों का कहना था कि शुरू में पुलिस ने संजय सिंह के खिलाफ चार्जशीट तैयार की और विवेचना के दौरान याचियों को पूरक चार्जशीट में शामिल कर लिया गया है। उन्हें झूठा फंसाया गया है। याचियों के साथ अफसा अंसारी को मिलाकर तीन लोगों का गिरोह बताया गया है और संजय सिंह को गैंग से बाहर कर दिया गया है। इसके आधार पर याचियों की जमानत हो चुकी है। एफआईआर में बेनामी संपत्ति का खुलासा नहीं किया गया है। मुख्तार अंसारी के साले रिश्तेदार होने के कारण उनको फंसाया जा रहा है। कोर्ट ने इस मामले में विवेचना शीघ्र पूरी करने का निर्देश दिया है।
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