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High Court : हाईकोर्ट ने अतीक के साढ़ू इमरान, भाई जीशान व मां की गिरफ्तारी पर लगाई रोक, पूर्व एसएचओ तलब

Thu, 24 Jul 2025 10:38 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Thu, 24 Jul 2025 10:38 PM IST
सार

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने माफिया अतीक अहमद के साढ़ू इमरान, उसके भाई जीशान और मां जाहिदा बेगम को बड़ी राहत देते हुए उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है। साथ ही करेली थाने में 25 जून 2025 को मुकदमा दर्ज कराने वाले पूर्व एसएचओ राजेश मौर्य को तलब किया है।

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High Court stays arrest of Atiq's brother-in-law Imran, brother Zeeshan and mother, summons former SHO
अतीक अहमद। फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने माफिया अतीक अहमद के साढ़ू इमरान, उसके भाई जीशान और मां जाहिदा बेगम को बड़ी राहत देते हुए उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है। साथ ही करेली थाने में 25 जून 2025 को मुकदमा दर्ज कराने वाले पूर्व एसएचओ राजेश मौर्य को तलब किया है। यह आदेश न्यायमूर्ति सिद्धार्थ वर्मा व न्यायमूर्ति अनिल कुमार की खंडपीठ ने दिया है।

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करेली के ऐनुद्दीनपुर में गैंगस्टर एक्ट में कुर्क की गई आठ अलग-अलग भूखंडों पर अवैध कब्जा कर निर्माण के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया है। इस मामले में इमरान, जीशान और उसकी मां जाहिदा बेगम के साथ ही मोहम्मद कामरान समेत कुल 12 लोगों को आरोपी बनाया गया है। पूर्व एसएचओ राजेश मौर्य ने धोखाधड़ी, जालसाजी, दस्तावेजों के साथ छेड़छाड़ व लोक संपत्ति क्षति निवारण अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज की थी।
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जीशान और अन्य की ओर से तथा जीशान की मां जाहिदा बेगम की ओर से दो अलग-अलग याचिकाएं हाईकोर्ट में दाखिल की गई थीं, जिनमें एफआईआर रद्द किए जाने की मांग की गई थी। अधिवक्ता इमरान उल्ला और विनीत विक्रम ने दलील दी कि एफआईआर के अनुसार गैंगस्टर के तहत कुछ जमीन कुर्क की गई थी। इस जमीन को कुछ व्यक्तियों ने बेची थी जिनका नाम एफाआईआर में है।

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याचियों की ओर संपत्ति बेचने का कोई उल्लेख एफआईआर में नहीं है। यह भी दलील दी कि अनधिकृत कब्जे से निपटने के लिए उप्र राजस्व संहिता 2006 के तहत संपूर्ण प्रावधान है। गैंगस्टर के तहत कुर्क जमीन का रिसीवर एसएचओ करेली थे ऐसे में मुकदमा इन पर दर्ज होना चाहिए कि इनके रहते जमीन पर कब्जा कैसे हो गया। अदालत ने पक्षों को सुनने के बाद इमरान, जीशान और जाहिदा बेगम की गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है। अब जीशान व अन्य की याचिका पर अगली सुनवाई 5 अगस्त को फ्रेश केस के तौर पर होगी, जबकि जाहिदा बेगम की याचिका पर सात अगस्त को सुनवाई निर्धारित की गई है।

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